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27 सेकेंड की कॉल का खुला राज : अंसारी ने मृत महिला के नाम पर पंजीकृत सिम से दी थी धमकी, 12 अप्रैल को कोर्ट में होगी पेशी

Wed, 07 Apr 2021 02:09 AM IST
ajay kumar अमित शर्मा, अमर उजाला, मोहाली (पंजाब)
अमित शर्मा, अमर उजाला, मोहाली (पंजाब) Published by: ajay kumar Updated Wed, 07 Apr 2021 02:09 AM IST
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Mukhtar Ansari to appear in Mohali court through video conferencing on April 12
मुख्तार अंसारी। - फोटो : फाइल

रोपड़ जेल में करीब दो साल बिताने वाले यूपी के बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी की सलाखों में पहुंचने की कहानी भी कम फिल्मी नहीं है। सात जनवरी 2019 को सेक्टर-70 निवासी रियल एस्टेट कारोबारी से मांगी गई रंगदारी की धमकी भरी कॉल ने उसे मुसीबत में डाल दिया। 27 सेकेंड की यह कॉल कारोबारी ने मोबाइल में रिकॉर्ड कर ली। पुलिस को शिकायत दी। मोहाली के मटौर थाने में केस दर्ज हुआ और फिर पंजाब पुलिस यूपी के बांदा जेल से अंसारी को प्रोडक्शन वारंट पर लेकर आई। तब से वह रोपड़ जेल में ही बंद था। पुलिस के मुताबिक, बाहुबली मुख्तार अंसारी ने रियल एस्टेट कारोबारी को फोन कर दस करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी। साथ ही धमकी दी कि यदि उसके आदमियों को रुपये नहीं दिए तो उसे परिवार समेत खत्म कर दिया जाएगा। इसके बाद कारोबारी ने उक्त रिकॉर्डिंग पुलिस अधिकारियों को दे दी। इसके बाद मटौर थाने में मुख्तार पर रंगदारी, जान से मारने की धमकी व सुबूत मिटाने का केस दर्ज हुआ था। 

Mukhtar Ansari to appear in Mohali court through video conferencing on April 12
मुख्तार अंसारी। - फोटो : फाइल

बाहुबली मुख्तार अंसारी के जेल जाने के बाद इस केस में ज्यादा कार्रवाई नहीं हुई। अंसारी की आवाज के नमूने लेकर जांच के लिए भेजे। करीब दो साल तक चालान ही पेश नहीं किया। इस दौरान बार-बार यूपी पुलिस मुख्तार को लेने के लिए वारंट लाती थी लेकिन हर बार उसे खाली हाथ लौटना पड़ा। हारकर यूपी सरकार ने सर्वोच्च न्यायालय की शरण ली। 

Mukhtar Ansari to appear in Mohali court through video conferencing on April 12
रोपड़ जेल से मुख्तार अंसारी को ले जाते वक्त की तस्वीर। - फोटो : अमर उजाला

दलील दी कि मुख्तार अंसारी दो साल से पंजाब की जेल में बंद है। इससे यूपी में उस पर दर्ज कई केस प्रभावित हो रहे हैं। जबकि मोहाली पुलिस रंगदारी मामले में चालान तक पेश नहीं कर रही है। इसके जवाब में पंजाब का तर्क था कि जांच चल रही है। इसके बाद ही चालान पेश किया जाएगा। 

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Mukhtar Ansari to appear in Mohali court through video conferencing on April 12
रोपड़ में तैनात पंजाब पुलिस के जवान। - फोटो : अमर उजाला

सुनवाई के बाद 26 मार्च को सर्वोच्च न्यायालय ने पंजाब सरकार को आदेश दिया कि दो सप्ताह में अंसारी को यूपी के हवाले किया जाए। पंजाब सरकार पर भी राजनीतिक दल अंसारी को बचाने का आरोप लगा रहे थे। इधर, लैब में भेजे गए आवाज के नमूनों से पुष्टि हो गई कि धमकी भरी कॉल अंसारी ने ही की थी। इसके बाद आरोपी के खिलाफ 18 मार्च को चालान पेश किया गया। चालान की प्रतियां लेने के लिए दो साल में पहली बार अंसारी को 31 मार्च को अदालत में लाया गया था। इस दौरान वह व्हीलचेयर पर चप्पल पहनकर पहुंचा था। 

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Mukhtar Ansari to appear in Mohali court through video conferencing on April 12
रोपड़ जेल। - फोटो : अमर उजाला

फर्जी दस्तावेजों के आधार मृतक महिला के नाम पर लिया था सिम
मोहाली पुलिस की जांच में यह बात साबित हो चुकी है कि जिस नंबर से अंसारी ने रंगदारी के लिए फोन किया था, वह वाराणसी की रहने वाले एक महिला उस्मान बेगम के नाम पर दर्ज था। जब पुलिस वाराणसी पहुंची तो पता चला महिला की मौत काफी समय पहले हो चुकी है। महिला के फर्जी दस्तावेज लगाकर सिम लिया गया था। इस बात को भी चालान का हिस्सा बनाया गया है।

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