बेटे पर जब हमला हुआ तो पिता का फोन आ गया। ऑन करते ही बेटे की चीखें मोबाइल पर रिकार्ड हो गईं, लेकिन पिता उसे बचा न पाया। वारदात, चंडीगढ़ के मौलीजागरां के साथ लगते रेलवे यार्ड की है।
मृतक के पिता पित्तरदीन ने बताया कि रविवार को शाम साढ़े सात बजे संजय अपने घर से ऑटो में गैस भरवाने के लिए चंडीगढ़ के सेक्टर-38 आया था। उसे एक रिसेप्शन पार्टी में जाना था। घर बोलकर गया कि अभी आधे घंटे में ऑटो में गैस भरवाकर आता हूं। देर होने पर शाम करीब आठ से साढ़े आठ बजे के बीच मृतक के पिता पित्तरदीन ने उसे कॉल किया।
पित्तरदीन ने बताया कि कॉल पिक हुई, लेकिन काफी शोर सुनाई दे रहा था, कुछ ऑटो के भाड़े को लेकर बहस चल रही थी। यात्री सौ का नोट दे रहे थे, संजय उनसे पांच सौ रुपये मांग रहा था। इसी बीच फोन कट गया। उसके बाद से उसका मोबाइल स्विच ऑफ हो गया।
वहीं मामले में सब इंस्पेक्टर कश्मीर सिंह ने बताया कि दिन में बारह बजे पुलिस कंट्रोल रूम से सूचना मिली थी कि रेलवे यार्ड के पास शव पड़ा है। पुलिस कंट्रोल रूम को किसी राहगीर ने मामले की सूचना दी थी। उसके बाद पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची।
जांच के दौरान पुलिस को बॉडी से चंद कदम की दूरी पर खून से सना कंक्रीट का टूटा पिलर भी पुलिस को मिला है। इसका वजन करीब 30 किलो है। जहां कंक्रीट का टूटा पिलर मिला है उसके करीब 50 मीटर की दूरी पर शव था।