Highest Weather Station: आजकल हमें आने वाले दिनों में मौसम कैसा रहने वाला है इस बात की जानकारी पहले से ही मिल जाती है। मौसम केंद्र की मदद से ही ऐसा मुमकिन हो पाता है। किसी एक स्थान के मौसम की जानकारी उसके पास के एक मौसम केंद्र से मिल सकती है। लेकिन एक मौसम केंद्र एक स्थान के बारे में पूरी जानकारी नहीं दे सकता है। यही वजह है कि सटीक जानकारी और पूर्वानुमान के लिए दूर-दूर तक मौसम केंद्र स्थापित किए जाते हैं, जिससे मौसम का मिजाज पहले से ही पता लगाया जा सके।
अजब-गजब: एवरेस्ट पर चीन ने क्यों स्थापित किया दुनिया का सबसे ऊंचा मौसम केंद्र? अमेरिका-ब्रिटेन को छोड़ा पीछे
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वैज्ञानिकों की एक टीम ने किया सफल परीक्षण
आपको जानकर हैरानी होगी कि सौर ऊर्जा से संचालित होने वाला ये स्टेशन खराब मौसम में भी दो साल तक काम कर सकता है। इसके साथ ही आंकड़ों के संचारण के लिए ये सैटेलाइट संचार तंत्र से भी लैस है।
इस स्टेशन को इस तरह से डिजाइन किया गया है कि ये हर 12 मिनट में एक कोड संदेश का प्रसारण भी कर सकता है। चीनी एजेंसी सिन्हुआ की मानें, तो इस नए स्टेशन ने अमेरिकी और ब्रिटिश वैज्ञानिकों का रिकॉर्ड भी तोड़ दिया है।
अमेरिका और ब्रिटेन को छोड़ा पीछे
अमेरिकी और ब्रिटिश वैज्ञानिकों द्वारा एवरेस्ट के दक्षिण में 8430 की ऊंचाई पर मौसम केंद्र किया गया था। जबकि, चीन ने 8830 मीटर की ऊंचाई पर ये मौसम केंद्र स्थापित किया है। इससे पहले भी एवरेस्ट के आस पास चीन ने ऊंचाई पर तीन मौसम केंद्र स्थापित किए थे।
अन्य ऊंचे मौसम केंद्र
एवरेस्ट के उत्तर में स्थापित ये स्टेशन 7,028 मीटर, 7,790 मीटर, और 8,300 मीटर की ऊंचाई पर स्थापित हैं। 5,200 मीटर से 8,300 की ऊंचाई पर बीजिंग के अब सात मौसम केंद्र काम कर रहे हैं।