किशनगंज जिले में बिजली विभाग की घोर लापरवाही ने एक परिवार की दुनिया उजाड़ दी। कोचाधामन थाना क्षेत्र के बगलबाड़ी पंचायत वार्ड-12 में शुक्रवार की सुबह उस समय कोहराम मच गया जब 11 हजार वोल्ट का हाई टेंशन तार टूटकर एक घर पर गिर गया। हादसे में 35 वर्षीय महिला अंजू देवी की मौके पर ही मौत हो गई, साथ ही घर के दो मवेशी भी झुलसकर मर गए। यह हादसा न केवल एक महिला की जान ले गया, बल्कि चार मासूम बच्चों से उनकी मां का साया भी छीन लिया।
Bihar News: बिजली विभाग की लापरवाही से महिला की मौत, हाई वोल्टेज तार गिरने से हादसा; दो मवेशियों की भी गई जान
Kishanganj News: बगलबाड़ी पंचायत के मुखिया ने बताया कि गांव के लगभग नौ घरों के ऊपर से 11 हजार वोल्ट की लाइन गुजर रही है। इस खतरनाक स्थिति के बारे में कई बार बिजली विभाग को लिखित रूप में आवेदन देकर सूचित किया गया, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।
चार बच्चों पर टूटा दुखों का पहाड़
अंजू देवी के पति शनिचर्य वर्तमान में विदेश में कार्यरत हैं। ऐसे में घर की जिम्मेदारी पूरी तरह उन्हीं के कंधों पर थी। उनकी असामयिक मृत्यु से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। सबसे अधिक पीड़ा उन मासूम बच्चों को है, जिनके सिर से मां का साया उठ गया। गांव में मातम का माहौल है और हर कोई इस दुखद हादसे से स्तब्ध है।
आक्रोशित परिजनों ने सड़क जाम कर किया विरोध प्रदर्शन
हादसे के बाद गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने मस्तान चौक के पास सड़क को जाम कर दिया और बिजली विभाग के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई और मृतक परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की। प्रदर्शन की सूचना मिलते ही जिला परिषद सदस्य नासिक नादिर और कोचाधामन थाना पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को समझा-बुझा कर शांत कराया।
पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया शव
थाना अध्यक्ष रंजय कुमार ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल किशनगंज भेज दिया गया है। उन्होंने बताया कि आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है और जांच की जा रही है कि लापरवाही किन स्तरों पर हुई है।
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वहीं, बगलबाड़ी पंचायत के मुखिया ने बताया कि गांव के लगभग नौ घरों के ऊपर से 11 हजार वोल्ट की लाइन गुजर रही है। इस खतरनाक स्थिति के बारे में कई बार बिजली विभाग को लिखित रूप में आवेदन देकर सूचित किया गया, लेकिन न तो कोई मुआयना हुआ और न ही तार हटाए गए। मुखिया ने जिलाधिकारी से इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच, दोषियों पर कठोर कार्रवाई और पीड़ित परिवार को शीघ्र मुआवजा देने की मांग की है।