फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   'Cockroaches Are Born In Filth, Always Hide Behind Doors', Says Akhil Bharatiya Akhada Parishad Chief

Ujjain News: अभा अखाड़ा परिषद अध्यक्ष बोले- कॉकरोच हमेशा दरवाजे के पीछे होते हैं, झूठन में ही पैदा होते हैं

Wed, 27 May 2026 08:51 PM IST
उज्जैन ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन Published by: उज्जैन ब्यूरो Updated Wed, 27 May 2026 08:51 PM IST
सार

अखाड़ा परिषद अध्यक्ष रवींद्र पुरी महाराज ने सोशल मीडिया पर वायरल “कॉकरोच पार्टी” पर तंज कसते हुए कहा कि कॉकरोच गंदगी में पैदा होते हैं और सफाई व दवाइयों से खत्म हो जाते हैं। उन्होंने सिंहस्थ 2028 को दिव्य-भव्य बनाने की बात कही और बताया कि मां शिप्रा के शुद्धिकरण व 29 किमी घाट निर्माण पर काम चल रहा है।

विज्ञापन
'Cockroaches Are Born In Filth, Always Hide Behind Doors', Says Akhil Bharatiya Akhada Parishad Chief
अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद अध्यक्ष रवींद्र पुरी महाराज

विस्तार

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद अध्यक्ष रवींद्र पुरी महाराज ने सोशल मीडिया पर छाई हुई कॉकरोच पार्टी के बारे में बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि कॉकरोच हमेशा दरवाजे के पीछे होते हैं और यह झूठन में ही पैदा होते हैं। आप उनकी चिंता ना करें, कॉकरोच को भगाने के लिए झाड़ू को छिन्न भिन्न करना होता है।

विज्ञापन




रवींद्र पुरी महाराज ने कहा कि हमारे पास अब अनेक प्रकार की दवाइयां हैं, हिट है, कपूर है, जिससे कॉकरोच भाग जाते हैं। आने वाले समय में कहीं भी आपको कॉकरोच दिखाई नहीं देंगे। उन्होंने कहा कि कॉकरोच को भगाने के लिए हमें अपने घर को साफ रखना होगा और नियमित रूप से सफाई करनी होगी।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें- वंदे भारत ट्रेन पर पथराव, कई खिड़कियों के कांच टूटे; अब सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही आरपीएफ की टीम
विज्ञापन
विज्ञापन


दिव्य और भव्य होगा इस बार का सिंहस्थ
आखिल भारतीय अखाड़ा परिषद अध्यक्ष रवींद्र पुरी महाराज ने कहा कि आने वाला सिंहस्थ महाकुंभ कुछ ऐसा होगा कि जैसे अब तक किसी ने नहीं किया है। मेरी मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से बात हुई है, उनका कहना है सबसे पहले मां शिप्रा का शुद्धिकरण होगा और फिर मां शिप्रा में स्वच्छ जल आएगा। सिंहस्थ महाकुंभ ठीक तरीके से हो, इसीलिए मां शिप्रा के किनारे 29 किलोमीटर के घाट बनाए जा रहे हैं। सिंहस्थ में इन्हीं घाट पर भव्य स्नान होगा। समुद्र मंथन के दौरान मां शिप्रा के जल में अमृत गिरा था, इसीलिए सरकार का प्रयास है कि इस बार नर्मदा नहीं बल्कि मां शिप्रा के जल से सभी को स्नान करवाया जाए।

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed