Sehore News: इलेक्ट्रॉनिक तौल कांटा में चिप लगाकर कर रहे थे धोखाधड़ी, 17 लाख के माल के साथ पांच आरोपी गिरफ्तार
भैरूंदा पुलिस ने कृषि उपज मंडी में तौल कांटे में चिप लगाकर वजन में हेराफेरी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया। पांच आरोपी गिरफ्तार हुए, जो मोबाइल रिमोट से वजन कम-ज्यादा कर किसानों और व्यापारियों से धोखाधड़ी कर रहे थे। पुलिस ने 17 लाख का माल जब्त किया।
भैरूंदा पुलिस ने कृषि उपज मंडी में तौल कांटे में चिप लगाकर वजन में हेराफेरी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया। पांच आरोपी गिरफ्तार हुए, जो मोबाइल रिमोट से वजन कम-ज्यादा कर किसानों और व्यापारियों से धोखाधड़ी कर रहे थे। पुलिस ने 17 लाख का माल जब्त किया।
विस्तार
भैरूंदा पुलिस थाना ने कृषि उपज मंडी भैरूंदा में इलेक्ट्रॉनिक तौल कांटा में चिप लगाकर धोखाधड़ी करने वाली गैंग का भंडाभोड़ किया है। आरोपी वजन कम-ज्यादा कर धोखाधड़ी कर मुनाफा कमाते थे। पुलिस ने इस मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से आरएफ चिप, रिमोट सहित अन्य गैजेट जब्त किए हैं। पुलिस ने आरोपियों से कुल 17 लाख का माल जब्त किया है। पुलिस को आशंका है कि गिरोह द्वारा लंबे समय से इस तरह की करतूत को अंजाम दिया जा रहा था। इस संबंध में पुलिस के द्वारा पूछताछ भी की जा रही है।
एसडीओपी दीपक कपूर ने बताया कि बीते 1 मार्च को कृषि उपज मंडी के सचिव विलियम जॉर्ज द्वारा आवेदन पत्र के माध्यम से शिकायत की थी कि अनाज मंडी में स्थापित बड़े इलेक्ट्रॉनिक तौल कांटा में कुछ अज्ञात व्यक्तियों द्वारा रात्रि में घुसकर डिवाइस लगाकर इलेक्ट्रॉनिक तौल कांटे से छेड़छाड़ कर अनाज तौल में धोखाधड़ी की गई है। पुलिस ने अपराध पंजीबद्ध करते हुए जांच की थी और दो दिनों में ही पुलिस ने मामले की तह तक पहुंचकर इसका खुलासा किया और क्षेत्र के किसानों को धोखाधड़ी का शिकार होने से बचा लिया।
तीन किसानों व एक व्यापारियों को लगाया चूना
थाना प्रभारी घनश्याम दांगी ने बताया कि गिरोह के सदस्यों में पाटीदार कॉलोनी शुजालपुर मंडी जिला शाजापुर निवासी योगेन्द (24) पिता सतपाल चौहान, रंजित (29) पिता कमल सिंह राजपूत, राजेन्द्र(21) पिता सतपाल चौहान तथा सांवेर रोड धरमपुरी जिला इंदौर निवासी सूरज (24) पिता बबलू सोलंकी, किशोर (35) पिता लक्ष्मी नारायण माली धोखाधड़ी कर अनाज खरीदने के मामले में कृषि उपज मंडी में लगे हुए तौल कांटे में सेटिंग करने की नीयत से दाखिल हुए थे। आरोपी अपने मकसद में कामयाब भी हो गए थे और उन्होंने तीन किसानों की उपज भी अपनी योजना के तहत खरीद ली थी, लेकिन मंडी प्रशासन को जब इसकी भनक लगी तो उन्होंने पुलिस में तत्काल मामला दर्ज कराया। पुलिस ने जब मामले की तह तक पहुंचाने के लिए सीसीटीवी फुटेज खंगाले तो गिरोह के सदस्य करतूत करते हुए नजर आए। पुलिस ने बिना देर किए आरोपियों को अपनी गिरफ्त में लिया।
इस तरह कमाते थे मुनाफा
अपनी योजना को अंजाम देने के बाद आरोपियों द्वारा मंडी के बाहर नीलामी से अधिक दाम का लालच देकर तीन किसानों को अपने झांसे में ले लिया। इस दौरान दो किसानों से चना व एक किसान से सोयाबीन खरीद कर किराए के वेयरहाउस में खाली करा दिया। आरोपी धोखाधड़ी की बड़ी घटना को भी अंजाम दे सकते थे, लेकिन इसी बीच कृषि उपज मंडी में अवकाश होने से वह उपज खरीद नहीं पाए। मंडी सचिव द्वारा की गई शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों को अपनी गिरफ्त में ले लिया। पुलिस की गिरफ्तारी से पूर्व ही आरोपी चना मंडी में नीलमी के लिए लगा चुके थे। इस दौरान उन्होंने मंडी व्यापारी से 2 क्विंटल 60 किलो चना व किसान को तीन क्विंटल सोयाबीन की तौल में हेरा फेरी की। इससे किसान को लगभग 28 हजार रुपए से भी अधिक व व्यापारी को अनुमानित 14 हजार रुपए का चूना लगाया।
मोबाइल को बनाया रिमोट, तौल के समय कम-ज्यादा किया वजन
पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि कृषि उपज मंडी भैरूंदा में स्थापित बड़े इलेक्ट्रानिक तौल कांटे में योजनाबद्ध तरीके से चिप लगाई थी। चिप लगाने के बाद तीन किसानो से अनाज की बोली लगने के बाद अधिक दाम देने का लालच देकर अनाज खरीदा। तौल के दौरान मोबाइल को बनाए गए रिमोट कन्ट्रोल की मदद से वजन को कम किया। इसके बाद खरीदे हुए अनाज को किराये से लिए गए गोडाउन में ले जाकर खाली करा दिया। इसके बाद किसान से खरीदे गए चने को पिकअप वाहन की मदद से कृषि उपज मंडी में नीलम पर लाकर लगाया और तुलाई के दौरान रिमोट की मदद से बजन को बढ़ा दिया। पुलिस ने आरोपियों को बजरंगकुटी के पास से हिरासत मे लिया। इसके बाद मौके से घटना में प्रयुक्त 12 रिमोट कन्ट्रोल, एक मोबाइल (जिसे रिमोट बनाया गया) , 7 चिप, 1 आयरन सोल्डर मशीन, अनाज खरीदने- बेचने की पर्चियां, 80 हजार कीमत का 17 क्विंटल सोयाबीन, 5 मोबाइल फोन, कार एवं लोडिंग पिकअप अनुमानित 17 लाख रुपए का माल जब्त किया गया।
