मध्यप्रदेश: भाजपा अध्यक्ष नड्डा से मिलकर भोपाल लौटे सीएम शिवराज, 26 को गृहमंत्री शाह से मिलने फिर आ सकते हैं दिल्ली
अमर उजाला को मिली जानकारी के अनुसार, शिवराज सिंह चौहान 26 सितंबर को एक बार फिर दिल्ली आ सकते हैं। इस दौरान उनकी मुलाकात केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से हो सकती है। इसके साथ ही राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारी और गृह मंत्रालय के अधिकारियों के बीच मध्यप्रदेश सरकार के कुछ विषयों को लेकर बैठक भी होगी...
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मध्यप्रदेश में नेतृत्व परिवर्तन के कयासों के बीच मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का दिल्ली दौरा फिर चर्चाओं में बना हुआ है। चौहान बुधवार शाम को दिल्ली पहुंचे। इस दौरान वे भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा से मुलाकात करने उनके घर भी पहुंचे। दोनों नेताओं की मुलाकात करीब 20 मिनट चली।
सीएम ने ट्वीट कर कहा कि राज्य सरकार द्वारा किए जा रहे विकास कार्यों के बारे में उन्होंने भाजपा अध्यक्ष नड्डा को जानकारी दी। उन्होंने पार्टी अध्यक्ष को यह भी बताया कि दिसंबर तक मध्य प्रदेश में कोविड रोधी सौ फीसदी टीकाकरण हो जाएगा। अमर उजाला को मिली जानकारी के अनुसार, शिवराज सिंह चौहान 26 सितंबर को एक बार फिर दिल्ली आ सकते हैं। इस दौरान उनकी मुलाकात केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से हो सकती है। इसके साथ ही राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारी और गृह मंत्रालय के अधिकारियों के बीच मध्यप्रदेश सरकार के कुछ विषयों को लेकर बैठक भी होगी।
शनिवार को ही शाह से मिले थे सीएम शिवराज
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह शनिवार को मध्यप्रदेश के जबलपुर में गोंडवाना साम्राज्य के अमर शहीद शंकर शाह और रघुनाथ शाह के बलिदान दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में आए थे। इस दौरान सीएम चौहान समेत मध्यप्रदेश के सभी वरिष्ठ भाजपा नेता इस कार्यक्रम में मौजूद थे। गृहमंत्री शाह 18 सितंबर को जबलपुर पहुंचे थे। इसके एक दिन बाद ही शिवराज सिंह चौहान ने राज्यपाल मंगुभाई पटेल से मुलाकात की। इस मुलाकात को कांग्रेस नेताओं ने 'असामान्य' तक बता दिया। हालांकि, मुख्यमंत्री ने कहा कि यह बैठक राज्य में विकास संबंधी योजनाओं पर चर्चा के लिए की गई थी।
सीएम चौहान के सामने शाह ने की थी राकेश सिंह की तारिफ
हाल ही में जब गृहमंत्री शाह बलिदान दिवस के मौके पर आयोजित कार्यक्रम में भाग लेने जबलपुर आए थे। इस दौरान उन्होंने जबलपुर सांसद और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष राकेश सिंह की जमकर तारीफ की थी। आयोजक सिंह की तारीफ करते हुए उन्होंने कहा था कि, 'जिनके निमंत्रण पर मैं यहां आया हूं और जो सही मायने में नेतृत्व कर रहे हैं, हमारे राकेश सिंह जी।' शाह ने यह बयान दो अलग-अलग कार्यक्रमों में दिया, जिससे यह साफ था कि वह जबलपुर में सांसद राकेश सिंह के बुलावे पर ही यहां पहुंचे हैं। इस कार्यकम सीएम शिवराज समेत प्रदेश भाजपा के सभी बड़े पदाधिकारी और मंत्री शामिल थे।
दिल्ली दौर के दौरान केंद्रीय मंत्रियों से मिले सीएम
दिल्ली प्रवास के दौरान सीएम ने केंद्रीय ऊर्जा मंत्री आर के सिंह से मुलाकात की। चौहान ने संवाददाताओं से कहा कि केंद्रीय मंत्री आरके सिंह से प्रदेश के विद्यृत क्षेत्र में आधुनिकीकरण और नई टेक्नालॉजी के उपयोग के संबंध में विस्तृत चर्चा की है। आरडीएसएस के अंतर्गत नई तकनीक का इस्तेमाल कर ऊर्जा के क्षेत्र के आधुनिकीकरण करने का निर्णय लिया है। 60 फीसदी लागत केंद्र सरकार वहन करेगी और 40 फीसदी बिजली कंपनियों को देनी होगी। हम मध्यप्रदेश में पूरे बिजली के सिस्टम का आधुनिकीकरण करेंगे। पीएम का जोर ग्रीन एनर्जी पर है। हमारा राज्य तेजी से सोलर एनर्जी की ओर बढ़ रहा है, रीवा में 750 मेगावॉट का सोलर प्लांट संचालित है। वहीं ओंकारेश्वर में फ्लोटिंग सोलर पॉवर प्लांट स्थापित हो रहा है।
इसके बाद सीएम चौहान केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी से भी मिलने पहुंचे। इस दौरान उन्होंने गडकरी को मध्यप्रदेश के लिए अनेक परियोजनाओं की स्वीकृति देने के लिए धन्यवाद दिया। सीएम ने कहा कि सड़क केवल सड़क नहीं हैं, वे प्रगति का आधार हैं। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी से अटल प्रगति पथ को लेकर चर्चा कीं। शहरों में ऐसे रिंग रोड बनाए जाएं, जिनके आसपास औद्योगिक और व्यावसायिक गतिविधियां शुरू की जा सकें, जिससे आत्मनिर्भर मध्य प्रदेश का सपना साकार हो, इस पर भी चर्चा हुई।
