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Mahakaleshwar: महाकाल की लाइव भस्म आरती दिखेगी मप्र के इन रेलवे स्टेशन पर, रेलवे की नई सुविधा
Fri, 29 Dec 2023 04:14 PM IST
अर्जुन रिछारिया
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
Published by: अर्जुन रिछारिया
Updated Fri, 29 Dec 2023 04:14 PM IST
सार
महाकाल लोक बनने के बाद उज्जैन आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या में तेजी से इजाफा हुआ है। बड़ी संख्या में श्रद्धालु बाबा महाकाल की भस्म आरती के दर्शन से वंचित रह जाते हैं।
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mahakaleshwar jyotirlinga
- फोटो : अमर उजाला, इंदौर
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विस्तार
महाकालेश्वर मंदिर की आरती को अब लोग मप्र के दो रेलवे स्टेशन पर लाइव देख सकेंगे। रेलवे विभाग उज्जैन और इंदौर के रेलवे स्टेशन पर यह दर्शन सुविधा शुरू कर रहा है। वीआर तकनीक से इसे दिखाया जाएगा जिससे भक्तों को सीधे महाकाल मंदिर की भस्म आरती में शामिल होने का अनुभव मिलेगा। अधिकारियों के मुताबिक इसके शुरू होने के बाद मप्र के उज्जैन में स्थित विश्व प्रसिद्ध महाकालेश्वर मंदिर में प्रतिदिन सुबह होने वाली भस्म आरती में शामिल नहीं होने और बाबा महाकाल के दर्शन नहीं मिलने की कसक भक्तों को नहीं रहेगी।
पश्चिम रेलवे के रतलाम रेल मंडल के जनसंपर्क निरीक्षक मुकेश कुमार ने बताया कि रेलवे द्वारा कंपनी को उज्जैन और इंदौर स्टेशन पर 200 वर्ग फुट जगह दी जा रही है। इसमें कंपनी अपने खर्च से उपकरण लगाएगी और रेलवे को प्रतिवर्ष करीब 10 लाख रुपए भी अदा करेगी। वर्चुअल रियलिटी अर्थात वीआर तकनीक से भस्म आरती के दर्शन के लिए भोपाल की एक निजी कंपनी को रेलवे द्वारा काम सौंपा गया है। इस तकनीक का उपयोग महाकाल की भस्म आरती के दर्शन के अलावा बाबा महाकाल के लाइव दर्शन और अन्य ऐतिहासिक स्थलों को दिखाने में भी किया जाएगा। कंपनी अपने शुल्क तय कर श्रद्धालुओं को दर्शन की यह सुविधा देगी। पहले चरण में करीब दो वर्ष के लिए कंपनी को यह काम सौंपा जा रहा है।
भस्म आरती से वंचित रह जाते हैं कई श्रद्धालु
महाकाल लोक बनने के बाद उज्जैन में श्रद्धालुओं की संख्या तेजी से बढ़ी है। उज्जैन में बाबा महाकाल के दर्शन के लिए देशभर से लाखों श्रद्धालु आ रहे हैं। इनमें से अलसुबह होने वाली भस्म आरती में शामिल होने का मौका सबको नहीं मिल पाता है। श्रद्धालु इस आरती को लाइव देख भी नहीं देख पाते हैं। इस सुविधा के शुरू होने के बाद बड़ी संख्या में श्रद्धालु बाबा महाकार की भस्म आरती को लाइव देख सकेंगे।
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पश्चिम रेलवे के रतलाम रेल मंडल के जनसंपर्क निरीक्षक मुकेश कुमार ने बताया कि रेलवे द्वारा कंपनी को उज्जैन और इंदौर स्टेशन पर 200 वर्ग फुट जगह दी जा रही है। इसमें कंपनी अपने खर्च से उपकरण लगाएगी और रेलवे को प्रतिवर्ष करीब 10 लाख रुपए भी अदा करेगी। वर्चुअल रियलिटी अर्थात वीआर तकनीक से भस्म आरती के दर्शन के लिए भोपाल की एक निजी कंपनी को रेलवे द्वारा काम सौंपा गया है। इस तकनीक का उपयोग महाकाल की भस्म आरती के दर्शन के अलावा बाबा महाकाल के लाइव दर्शन और अन्य ऐतिहासिक स्थलों को दिखाने में भी किया जाएगा। कंपनी अपने शुल्क तय कर श्रद्धालुओं को दर्शन की यह सुविधा देगी। पहले चरण में करीब दो वर्ष के लिए कंपनी को यह काम सौंपा जा रहा है।
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भस्म आरती से वंचित रह जाते हैं कई श्रद्धालु
महाकाल लोक बनने के बाद उज्जैन में श्रद्धालुओं की संख्या तेजी से बढ़ी है। उज्जैन में बाबा महाकाल के दर्शन के लिए देशभर से लाखों श्रद्धालु आ रहे हैं। इनमें से अलसुबह होने वाली भस्म आरती में शामिल होने का मौका सबको नहीं मिल पाता है। श्रद्धालु इस आरती को लाइव देख भी नहीं देख पाते हैं। इस सुविधा के शुरू होने के बाद बड़ी संख्या में श्रद्धालु बाबा महाकार की भस्म आरती को लाइव देख सकेंगे।
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