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कोरोना के बढ़ते मामलों के बीच इंदौर में आईसीयू बेड का संकट, 85 फीसदी भरे
Sun, 06 Sep 2020 03:56 PM IST
गौरव पाण्डेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर
Published by: गौरव पाण्डेय
Updated Sun, 06 Sep 2020 03:56 PM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : पीटीआई (फाइल)
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इंदौर में केवल कोरोना वायरस संक्रमण बढ़ते मामले ही चिंता का विषय नहीं हैं। यहां के कोविड अस्पतालों में करीब 85 फीसदी आईसीयू बेड और 75 फीसदी सामान्य बेड भर चुके हैं। शनिवार को शहर में चार हजार के ज्यादा सक्रिय मामले सामने के बाद यहां स्थिति और गंभीर हो गई है। जिले में 36 कोविड अस्पताल हैं जिनमें 377 आईसीयू बेड हैं, इनमें से फिलहाल केवल 56 खाली हैं।
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जिला प्रशासन ने इस कमी को पूरा करने के लिए 15 निजी कोविड अस्पतालों से कहा है कि वह अपने यहां आईसीयू बेड की संख्या 78 से बढ़ाकर 194 करें। वहीं, सामान्य बेड की बात करें तो कोविड अस्पतालों में इनकी संख्या 4326 है। इनमें से 3233 बेड भरे हुए हैं, जो कि करीब 75 फीसदी है। निजी अस्पतालों से 30 फीसदी बेड कोविड-19 के मरीजों के लिए खाली रखने को कहा गया है।
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मुख्य चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. पूर्णिमा गडोरिया ने इस संबंध में कहा कि अगर जरूरत पड़ती है तो हमारे पास 400 बेड का एक सुपरस्पेशियलिटी अस्पताल है, जिसका इस्तेमाल मरीजों को भर्ती करने के लिए किया जाएगा। उन्होंने बताया कि जिले में शनिवार तक कोविड-19 के मरीजों के लिए निर्धारित किए गए 85 फीसदी आईसीयू और 75 फीसदी सामान्य बेड भर चुके थे।
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पांच निजी अस्पतालों को नोटिस
इसके अलावा सीएमएचओ ने शनिवार को पांच निजी अस्पतालों को कारण बताओ नोटिस जारी किया। इन अस्पतालों में कोरोना संक्रमण का एक भी मरीज भर्ती नहीं किया गया था। अस्पताल के अधिकारियों से पूछा गया है कि क्यों उनका रजिस्ट्रेशन रद्द न कर दिया जाए और डॉक्टरों के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई जाए। अस्पताल को नोटिस का जवाब देने के लिए तीन दिन का समय दिया गया है।
