फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Bhopal News ›   Relief from heavy rain in MP: New weather system to become active from September 11; state still records 6% le

एमपी में तेज बारिश से राहत: 11 सितंबर से नया मौसमी तंत्र होगा एक्टिव, प्रदेश में अब भी सामान्य से 6% कम बारिश

Wed, 09 Sep 2026 07:10 AM IST
Sandeep Kumar Tiwari न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल Published by: Sandeep Kumar Tiwari Updated Wed, 09 Sep 2026 07:10 AM IST
सार

एमपी में अगले तीन दिन तेज बारिश पर ब्रेक रहेगा। 11 सितंबर को बंगाल की खाड़ी में नया कम दबाव का क्षेत्र बनने के बाद 12 सितंबर से बारिश का दौर फिर तेज हो सकता है। छतरपुर, पन्ना, दमोह और कटनी में भारी बारिश के आसार हैं। प्रदेश में अब तक सामान्य से 6% कम बारिश हुई है।

विज्ञापन
Relief from heavy rain in MP: New weather system to become active from September 11; state still records 6% le
मौसम - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

मध्य प्रदेश में फिलहाल तेज बारिश का दौर थम गया है। अगले तीन दिनों तक प्रदेश में भारी या अति भारी बारिश की संभावना नहीं है। मौसम विभाग के अनुसार 9 से 11 सितंबर तक अधिकांश इलाकों में मौसम अपेक्षाकृत शांत रहेगा। इस दौरान कहीं-कहीं हल्की बारिश हो सकती है। स्थानीय स्तर पर नमी और परिस्थितियां अनुकूल रहीं तो कुछ जिलों में तेज बौछारें भी पड़ सकती हैं। 11 सितंबर को पश्चिम-मध्य और उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में नया कम दबाव का क्षेत्र बनने के संकेत हैं। इसके असर से 12 सितंबर से मध्य प्रदेश में बारिश की गतिविधियां फिर बढ़ सकती हैं।
विज्ञापन


धूप के बीच कई इलाकों में हल्की बारिश
मंगलवार को प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बादल छंट गए और धूप खिली। भोपाल सहित कई जिलों में दिनभर धूप रही। वहीं श्योपुर, उज्जैन, इंदौर, धार, खरगोन और बड़वानी में कहीं-कहीं हल्की बारिश के साथ बादल छाए रहे।
विज्ञापन


12 सितंबर से चार जिलों में भारी बारिश के आसार
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार 12 सितंबर को छतरपुर, पन्ना, दमोह और कटनी में भारी बारिश हो सकती है। नए मौसमी तंत्र के आगे बढ़ने के साथ प्रदेश के दूसरे हिस्सों में भी बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है।
विज्ञापन
विज्ञापन


पूर्वी हिस्से में बारिश की कमी हुई कम
पिछले सप्ताह पूर्वी मध्य प्रदेश में हुई अच्छी बारिश से वर्षा का आंकड़ा सुधरा है। जबलपुर, रीवा, सागर और शहडोल संभाग में अब बारिश की कमी काफी कम रह गई है। बालाघाट, छिंदवाड़ा, डिंडोरी, दमोह, जबलपुर, कटनी, नरसिंहपुर, पांढुर्णा, मंडला, रीवा, सागर, सिवनी समेत कई जिलों में सामान्य से 4 से 24 प्रतिशत तक कम बारिश दर्ज की गई है।

यह भी पढ़ें-जहरीली शराब: सपा का दावा अब तक 50 मौत, अध्यक्ष बोले- छह बार चेताया फिर भी प्रशासन ने नहीं रोका अवैध कारोबार

पश्चिमी हिस्से में अब भी बड़ा अंतर
पश्चिमी मध्य प्रदेश के कई जिले बारिश के मामले में पिछड़े हुए हैं। आलीराजपुर, अशोकनगर, बैतूल, देवास, धार, इंदौर, झाबुआ, खंडवा, मंदसौर, मुरैना, नर्मदापुरम, नीमच, बड़वानी, रायसेन, रतलाम, सीहोर, शाजापुर, उज्जैन और विदिशा समेत कई जिलों में सामान्य से 7 से 55 प्रतिशत तक कम बारिश हुई है।


23 जिलों में सामान्य से ज्यादा बारिश
प्रदेश के 23 जिलों में अब तक सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की गई है। इनमें अनूपपुर, छतरपुर, मैहर, मऊगंज, निवाड़ी, पन्ना, सतना, शहडोल, सीधी, सिंगरौली, टीकमगढ़, उमरिया, आगर-मालवा, भिंड, भोपाल, बुरहानपुर, दतिया, गुना, ग्वालियर, खरगोन, राजगढ़, श्योपुर और शिवपुरी शामिल हैं।

यह भी पढ़ें-भोपाल में सील दुकानें खुलीं: सुप्रीम कोर्ट पहुंची शिकायत, दूसरे दिन 60 से ज्यादा मामलों पर हाईकोर्ट में सुनवाई

जून की कमी अब तक पूरी नहीं हुई
जून में मध्य प्रदेश में सामान्य से 14 प्रतिशत कम बारिश हुई थी। इसके बाद जुलाई और अगस्त में अच्छी बारिश के कई दौर आए। आखिरी सप्ताह में भी मजबूत मौसमी तंत्र सक्रिय हुआ, जिससे वर्षा का आंकड़ा सुधरा। इसके बावजूद जून की कमी पूरी तरह खत्म नहीं हो सकी है। फिलहाल पूरे मानसून सत्र में प्रदेश में सामान्य से करीब 6 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। प्रदेश में सामान्य मानसूनी बारिश करीब 37.3 इंच मानी जाती है। भोपाल, इंदौर, जबलपुर और ग्वालियर में सामान्य बारिश करीब 38 से 39 इंच रहती है।
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed