{"_id":"6906bccac4008c6dea0cc6dc","slug":"mp-weather-today-light-rain-expected-for-three-days-in-madhya-pradesh-cold-to-intensify-from-the-second-week-2025-11-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"MP Weather Today: मध्यप्रदेश में तीन दिन तक हल्की बारिश के आसार, नवंबर के दूसरे हफ्ते से ठंड में आएगी तेजी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
MP Weather Today: मध्यप्रदेश में तीन दिन तक हल्की बारिश के आसार, नवंबर के दूसरे हफ्ते से ठंड में आएगी तेजी
Sun, 02 Nov 2025 07:38 AM IST
संदीप तिवारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: संदीप तिवारी
Updated Sun, 02 Nov 2025 07:38 AM IST
सार
रविवार को इंदौर, नर्मदापुरम और जबलपुर संभाग के 10 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है, जबकि भोपाल, ग्वालियर और उज्जैन में दिनभर बादल छाए रहने के आसार हैं। बीते तीन-चार दिनों से सक्रिय सिस्टम अब कमजोर पड़ने लगे हैं।
विज्ञापन
मौसम
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मध्यप्रदेश में नवंबर का पहला हफ्ता बारिश और ठंड दोनों लेकर आया है। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले तीन दिनों तक प्रदेश के कई हिस्सों में बादल छाए रहेंगे और हल्की बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। रविवार को इंदौर, नर्मदापुरम और जबलपुर संभाग के 10 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है, जबकि भोपाल, ग्वालियर और उज्जैन में दिनभर बादल छाए रहने के आसार हैं।
दो सिस्टम एक्टिव, लेकिन असर सीमित रहेगा
अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में बने दो निम्न दाब क्षेत्र (लो प्रेशर एरिया) फिलहाल एक्टिव हैं। हालांकि, वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन के मुताबिक, इनका सीधा प्रभाव मध्यप्रदेश में ज्यादा नहीं दिखेगा। उन्होंने बताया कि फिलहाल प्रदेश में हल्की फुहारें जारी रहेंगी, लेकिन भारी बारिश की संभावना नहीं है। बीते तीन-चार दिनों से सक्रिय सिस्टम अब कमजोर पड़ने लगे हैं। अगले 24 घंटों के दौरान झाबुआ, अलीराजपुर, धार, बड़वानी, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, बैतूल, छिंदवाड़ा और पांढुर्णा जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, भोपाल में शाम या रात के समय हल्की बारिश हो सकती है।
3 नवंबर से वेस्टर्न डिस्टरबेंस
मौसम विभाग ने बताया कि 3 नवंबर की रात से पश्चिमी हिमालय क्षेत्र में नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय होगा, जिसका असर 48 घंटे बाद मध्यप्रदेश में देखने को मिलेगा। इसके चलते ठंडी उत्तरी हवाएं चलेंगी और दिन के तापमान में भी गिरावट आने की संभावना है।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें-2000 ड्रोन ने दिखाई प्रदेश की गौरवगाथा, PM और CM के चित्र को भी रोशनी से प्रदर्शित किया
मानसून ने भी छोड़ी अच्छी यादें
इस बार मानसून सीजन भी बेहतर रहा। भोपाल और ग्वालियर सहित 30 जिलों में बहुत ज्यादा बारिश रिकॉर्ड की गई। पूरे प्रदेश में सबसे अधिक बारिश गुना जिले में 65.7 इंच रही, जबकि श्योपुर में यह सामान्य से 216% ज्यादा रही। विशेषज्ञों का कहना है कि भरपूर बारिश से जलाशयों और भू-जल स्तर में अच्छा सुधार हुआ है।
यह भी पढ़ें-एमपी के कई जिलों में हुई हल्की बारिश, तेज हवाओं के साथ गरज-चमक का दौर, तापमान में आई गिरावट
नवंबर में बढ़ेगी सर्दी
मौसम विभाग के अनुसार, नवंबर के दूसरे हफ्ते से ठंड में तेजी आएगी। खासतौर पर ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में जहां से ठंडी हवाएं प्रवेश करती हैं। ग्वालियर में 56 साल पहले नवंबर में रात का तापमान 3 डिग्री तक गिर चुका है, जबकि उज्जैन में 2.3 डिग्री का रिकॉर्ड है। इस बार भी नवंबर के पहले सप्ताह में बारिश और अगले हफ्तों में ठंड का असर बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।
विज्ञापन
दो सिस्टम एक्टिव, लेकिन असर सीमित रहेगा
अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में बने दो निम्न दाब क्षेत्र (लो प्रेशर एरिया) फिलहाल एक्टिव हैं। हालांकि, वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन के मुताबिक, इनका सीधा प्रभाव मध्यप्रदेश में ज्यादा नहीं दिखेगा। उन्होंने बताया कि फिलहाल प्रदेश में हल्की फुहारें जारी रहेंगी, लेकिन भारी बारिश की संभावना नहीं है। बीते तीन-चार दिनों से सक्रिय सिस्टम अब कमजोर पड़ने लगे हैं। अगले 24 घंटों के दौरान झाबुआ, अलीराजपुर, धार, बड़वानी, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, बैतूल, छिंदवाड़ा और पांढुर्णा जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, भोपाल में शाम या रात के समय हल्की बारिश हो सकती है।
विज्ञापन
3 नवंबर से वेस्टर्न डिस्टरबेंस
मौसम विभाग ने बताया कि 3 नवंबर की रात से पश्चिमी हिमालय क्षेत्र में नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय होगा, जिसका असर 48 घंटे बाद मध्यप्रदेश में देखने को मिलेगा। इसके चलते ठंडी उत्तरी हवाएं चलेंगी और दिन के तापमान में भी गिरावट आने की संभावना है।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें-2000 ड्रोन ने दिखाई प्रदेश की गौरवगाथा, PM और CM के चित्र को भी रोशनी से प्रदर्शित किया
मानसून ने भी छोड़ी अच्छी यादें
इस बार मानसून सीजन भी बेहतर रहा। भोपाल और ग्वालियर सहित 30 जिलों में बहुत ज्यादा बारिश रिकॉर्ड की गई। पूरे प्रदेश में सबसे अधिक बारिश गुना जिले में 65.7 इंच रही, जबकि श्योपुर में यह सामान्य से 216% ज्यादा रही। विशेषज्ञों का कहना है कि भरपूर बारिश से जलाशयों और भू-जल स्तर में अच्छा सुधार हुआ है।
यह भी पढ़ें-एमपी के कई जिलों में हुई हल्की बारिश, तेज हवाओं के साथ गरज-चमक का दौर, तापमान में आई गिरावट
नवंबर में बढ़ेगी सर्दी
मौसम विभाग के अनुसार, नवंबर के दूसरे हफ्ते से ठंड में तेजी आएगी। खासतौर पर ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में जहां से ठंडी हवाएं प्रवेश करती हैं। ग्वालियर में 56 साल पहले नवंबर में रात का तापमान 3 डिग्री तक गिर चुका है, जबकि उज्जैन में 2.3 डिग्री का रिकॉर्ड है। इस बार भी नवंबर के पहले सप्ताह में बारिश और अगले हफ्तों में ठंड का असर बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।
विज्ञापन
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
