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Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Bhopal News ›   MP News: Saurabh Sharma arrested after 41 days, presented in court by Lokayukta, sent on remand for seven days

MP:काली कमाई का कुबैर सौरभ शर्मा गिरफ्तार, लोकायुक्त पुलिस ने कोर्ट में किया पेश, सात दिन की रिमांड पर सौंपा

Tue, 28 Jan 2025 10:48 PM IST
आनंद पवार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल Published by: आनंद पवार Updated Tue, 28 Jan 2025 10:48 PM IST
सार

आरटीओ का पूर्व कांस्टेबल सौरभ शर्मा को लोकायुक्त पुलिस ने मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया। साथ ही उसके सहयोगी चेतन सिंह गौर और शरद जायसवाल को भी हिरासत में लिया गया। कोर्ट में पेशी के बाद सौरभ शर्मा और उसके सहयोगी चेतन सिंह गौर को सात दिन की रिमांड पर भेज दिया। सौरभ से पूछताछ में कई बड़े खुलासे हो सकते हैं।  

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MP News: Saurabh Sharma arrested after 41 days, presented in court by Lokayukta, sent on remand for seven days
सौरभ शर्मा - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

लोकायुक्त पुलिस ने 41 दिन बाद काली कमाई के कुबेर और परिवहन विभाग के पूर्व आरक्षक सौरभ शर्मा को मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया। सोमवार को सौरभ के वकील राकेश पाराशर ने कोर्ट में उसके सरेंडर का आवेदन दिया था, जिसमें दावा किया गया कि सौरभ उनके साथ मौजूद था। कोर्ट ने मंगलवार को 11 बजे का समय तय किया था। कोर्ट में सरेंडर करने पहुंचने से पहले ही लोकायुक्त पुलिस ने सौरभ को कोर्ट के गेट से गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद उसे सीधे लोकायुक्त कार्यालय ले जाया गया। जहां पूछताछ के दौरान सौरभ के सहयोगी चेतन सिंह गौर को भी लोकायुक्त ने गिरफ्त में ले लिया। कुछ देर बाद एक अन्य सहयोगी शरद जायसवाल भी अपने वकील के साथ लोकायुक्त कार्यालय पहुंचा, जहां उसे भी पूछताछ के बाद हिरासत में ले लिया गया।
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सौरभ से पांच घंटे तक पूछताछ की गई, फिर सौरभ और चेतन सिंह गौर को लोकायुक्त की स्पेशल कोर्ट के सामने पेश किया गया। कोर्ट से लोकायुक्त पुलिस ने सौरभ की सात दिन की रिमांड की मांग, जिसका सौरभ के वकील राकेश पाराशर ने विरोध किया। उन्होंने कहा कि जो संपत्ति है, उसके दस्तावेज भी हैं। एजेंसियों ने बुलाया तो उनको सभी जानकारी दी गई। एजेंसी ने परिवार से बातचीत की है। उन्होंने कहा कि उनके क्लाइंट की छवि साफ सुथरी है, वह कोर्ट में सरेंडर करने आया। उसके बयान दर्ज कराए गए। उसने अब तक एजेंसियों को जांच में सहयोग किया है। इसमें रिमांड की जरूरत नहीं है। इसका लोकायुक्त की तरफ से पेश वकील ने विरोध किया। उन्होंने कहा कि यह गलत बोल रहे हैं। सौरभ शर्मा से बहुत से जब्तियां होनी हैं। यह गंभीर मामला है और उससे पूछताछ करनी है। सौरभ शर्मा, शरद जायवाल और चेतन सिंह गौर को आमने-सामने बैठा कर पूछताछ करनी है। दो घंटे की सुनवाई के बाद स्पेशल जज राम प्रताप मिश्रा ने सौरभ और चेतन सिंह को चार फरवरी तक रिमांड पर लोकायुक्त पुलिस को सौंप दिया।
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शरद को आज कोर्ट में पेश करेंगे
लोकायुक्त पुलिस ने अपने वकील के साथ पहुंचे सौरभ के दोस्त शरद जायसवाल को भी गिरफ्तार कर लिया है। लोकायुक्त पुलिस शरद जायसवाल को बुधवार को कोर्ट के सामने पेश करेगी।
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सौरभ के वकील ने गिरफ्तारी को बताया अवैधानिक
इससे पहले सुबह सौरभ शर्मा को लोकायुक्त के हिरासत में लेने के बाद उसके वकील राकेश पाराशर ने पूरी कार्रवाई को अवैधानिक बताया। उन्होंंने कहा कि सौरभ कोर्ट के आदेश पर आज 11 बजे सरेंडर करने वाला था, लेकिन उसे लोकायुक्त पुलिस ने गेट से गिरफ्तार कर लिया, जबकि सौरभ ने सोमवार को कोर्ट में खुद उपस्थित होने के आदेश दिए थे। इसको लेकर पाराशर ने कोर्ट में अपील भी लगाई, जिसमें उसकी सुरक्षा की मांग और पूछताछ की वीडियो रिकॉर्ड करने की अपील की। इसे कोर्ट ओर वकील को देने की मांग की। साथ ही गलत तरीके से सौरभ की गिरफ्तारी के खिलाफ लोकायुक्त पुलिस पर कड़ी कार्रवाई की मांग की।

लोकायुक्त डीजी बोले एजेंसियों से जान का खतरा नहीं
सौरभ को हिरासत में लेने के बाद लोकायुक्त के डीजी जयदीप प्रसाद ने मीडिया को बताया कि सौरभ और विवेचना में शामिल सभी लोगों से पूछताछ होगी। इसमें सौरभ कहां-कहां रहा यह पूछताछ में पता चलेगा। उन्होंने सौरभ की जान को खतरे के उनके वकील के आरोप पर कहा कि एजेंसियों से कोई जान का खतरा नहीं होगा। पूछताछ की वीडियोगाफी करने से इंकार किया।

किस पर क्या आरोप-
सौरभ शर्मा- सौरभ शर्मा पर आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का आरोप है। एजेंसियोंं से सौरभ शर्मा के ठिकानों पर छापेमारी की, जहां पर करोड़ों रुपये की चल और अचल संपत्ति के दस्तावेज जब्त किए गए।
चेतन सिंह गौर- चेतन सौरभ का सहयोगी है। मेंडोरी में 52 किलो सोना और 11 करोड़ रुपये नगद जिस कार में मिले, वह चेतन सिंह गौर के नाम पर ही रजिस्टर्ड है। इसके नाम पर सौरभ ने कई संपत्तियां खरीद रखी हैं।
शरद जायसवाल- सौरभ का सहयोगी है और उसके नाम पर भी कई कंपनियां और संपत्तियां खरीदी गई हैं।

कब क्या हुआ-
19 दिसंबर- लोकायुक्त पुलिस ने सौरभ शर्मा के भोपाल अरेरा कॉलोनी स्थित घर और ऑफिस पर छापेमारी की। दो दिन की सर्च में लोकायुक्त को 7 करोड़ 98 लाख रुपये की चल संपत्ति मिली। इसमें 234 किलो चांदी मिली।
19 दिसंबर की रात- भोपाल के मेंडोरी में लावारिस जगह पर एक इनोवा कार खड़ी मिली। इसमें आयकर विभाग की टीम को 52 किलो सोना और 11 करोड़ रुपये नगद मिले। यह कार चेतन सिंह गौर के नाम पर रजिस्टर्ड थी।
27 दिसंबर- सौरभ और उसके सहयोगियों के भोपाल-ग्वालियर-जबलपुर के ठिकानों पर ईडी ने रेड की। एजेंसी ने 6 करोड़ की एफडी, चार करोड़ बैंक खातों और 23 करोड़ रुपये की अचल संपत्ति से जुड़े दस्तावेज बरामद किए।

17 जनवरी - ईडी ने सौरभ शर्मा से जुड़े रिश्तेदारों और करीबियों भोपाल, ग्वालियर और पुणे के ठिकानों पर छोपमारी की। जहां से 12 लाख नकद, 9.9 किलो चांदी और डिजिटल डिवाइस बरामद किया।
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