{"_id":"6680f7aa4a58263cd10440ac","slug":"mp-news-mansutra-session-of-assembly-from-tomorrow-ramnivas-rawat-removed-from-business-advisory-committee-2024-06-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"MP News: विधानसभा का मानसूत्र सत्र कल से, कार्य मंत्रणा समिति से रामनिवास रावत को हटाया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
MP News: विधानसभा का मानसूत्र सत्र कल से, कार्य मंत्रणा समिति से रामनिवास रावत को हटाया
Sun, 30 Jun 2024 11:45 AM IST
आनंद पवार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: आनंद पवार
Updated Sun, 30 Jun 2024 11:45 AM IST
सार
मध्य प्रदेश विधानसभा का मानसून सत्र से पहले कार्यमंत्रणा समिति से पूर्व मंत्री और विधायक रामनिवास रावत को हटा दिया है। रावत लोकसभा चुनाव के बीच कांग्रेस से भाजपा में शामिल हो गए। हालांकि उन्होंने अभी विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा नहीं दिया है।
विज्ञापन
विधायक रामनिवास रावत
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
मध्य प्रदेश विधानसभा का मानसून सत्र एक जुलाई से प्रारंभ हो रहा है। इससे कार्यमंत्रणा समिति से पूर्व मंत्री और विधायक रामनिवास रावत को हटा दिया है। विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर के निर्देश के बाद सचिवालय ने कार्य मंत्रणा समिति की बैठक से रावत को हटाया। उनकी जगह दतिया से विधायक राजेंद्र भारती को समिति में जगह दी गई है। बता दें लोकसभा चुनाव के बीच में अमरवाड़ा से विधायक कमलेश शाह, विजयपुर से विधायक रामनिवास रावत और बीना से विधायक निर्मला सप्रे ने ने कांग्रेस छोड़कर भाजपा ज्वाइन कर ली थी। कमलेश शाह ने भाजपा की सदस्यता के साथ ही विधानसभा से इस्तीफा दे दिया था। वहीं, रामनिवास रावत और निर्मला सप्रे ने अभी विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा नहीं दिया है।
विधायकों ने करीब 4187 सवाल पूछे
विधानसभा के मानसून सत्र में विधायकों ने करीब 4187 सवाल पूछे हैं। इसमें से 2386 ऑनलाइन माध्यम से आए हैं। वहीं, 1901 ऑफलाइन सवाल पूछे गए हैं। विधानसभा सचिवालय कार्यवाही को ज्यादा से ज्यादा ऑनलाइन करने पर जोर दे रहा है। ताकि कागज का कम से कम उपयोग हो।
विज्ञापन
विधायकों ने करीब 4187 सवाल पूछे
विधानसभा के मानसून सत्र में विधायकों ने करीब 4187 सवाल पूछे हैं। इसमें से 2386 ऑनलाइन माध्यम से आए हैं। वहीं, 1901 ऑफलाइन सवाल पूछे गए हैं। विधानसभा सचिवालय कार्यवाही को ज्यादा से ज्यादा ऑनलाइन करने पर जोर दे रहा है। ताकि कागज का कम से कम उपयोग हो।
विज्ञापन
