{"_id":"68f3534d13f5193be20366af","slug":"mp-aqi-state-s-air-quality-deteriorates-ahead-of-diwali-aqi-crosses-175-in-bhopal-and-gwalior-making-breath-2025-10-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"MP AQI: दीपावली से पहले बिगड़ने लगी प्रदेश की हवा, भोपाल-ग्वालियर में AQI 175 पार, सांस लेना हुआ मुश्किल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
MP AQI: दीपावली से पहले बिगड़ने लगी प्रदेश की हवा, भोपाल-ग्वालियर में AQI 175 पार, सांस लेना हुआ मुश्किल
Sat, 18 Oct 2025 02:18 PM IST
संदीप तिवारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: संदीप तिवारी
Updated Sat, 18 Oct 2025 02:18 PM IST
सार
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (MPPCB) से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, राजधानी भोपाल सहित इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर जैसे बड़े शहरों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) मध्यम से खराब श्रेणी तक पहुंच चुका है। कुछ स्थानों पर यह 175 के पार रिकॉर्ड किया गया है, जो सांस की बीमारियों के लिए खतरनाक साबित हो सकता है।
विज्ञापन
दिवाली से पहले मध्य प्रदेश की बिगड़ने लगी हवा
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
दीपावली से दो दिन पहले मध्यप्रदेश के प्रमुख शहरों में वायु प्रदूषण का स्तर लगातार बढ़ता जा रहा है। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (MPPCB) से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, राजधानी भोपाल सहित इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर जैसे बड़े शहरों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) मध्यम से खराब श्रेणी तक पहुंच चुका है। कुछ स्थानों पर यह 175 के पार रिकॉर्ड किया गया है, जो सांस की बीमारियों के लिए खतरनाक साबित हो सकता है।
क्या है मौजूदा स्थिति?
शहर AQI स्तर (अनुमानित) श्रेणी
भोपाल 170–180 खराब (Poor)
इंदौर 140–150 मध्यम–खराब
ग्वालियर 175–190 खराब
जबलपुर 130–140 मध्यम
उज्जैन 110–120 मध्यम
सूत्र: मध्यप्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ( MPPCB ), 18 अक्टूबर 2025 की रिपोर्ट
प्रदूषण क्यों बढ़ रहा है?
1. वाहनों की संख्या में बढ़ोतरी: धनतेरस और दीपावली को लेकर शहरों में ट्रैफिक अधिक है।
2. निर्माण और बाजारों की धूल: खुले स्थानों पर निर्माण कार्य और भारी आवाजाही से धूल के कण हवा में घुल रहे हैं।
3. फुटकर आतिशबाजी की शुरुआत: कई इलाकों में बच्चों द्वारा पहले ही पटाखे फोड़े जा रहे हैं।
4. मौसम की स्थिरता: हवा की गति कम होने के कारण प्रदूषक नीचे रुक रहे हैं।
स्वास्थ्य पर असर
- AQI 150 से ऊपर होने पर अस्थमा, एलर्जी, सांस फूलना, और सीने में जलन जैसी समस्याएं शुरू हो सकती हैं।
- बच्चे, बुजुर्ग और गर्भवती महिलाएं अधिक संवेदनशील मानी जाती हैं।
- खराब श्रेणी में लंबे समय तक रहना हृदय और फेफड़ों के लिए नुकसानदायक है।
यह भी पढ़ें-इंदौर संभाग में आज हल्की बारिश का अनुमान, बाकी जिलों में खिलेगी धूप, दिवाली तक स्थिर रहेगा मौसम
विज्ञापन
क्या रखे सावधानी
सुबह और शाम बाहर जाने से बचें।
घर से निकलते समय N-95 मास्क का उपयोग करें।
घर में खिड़कियां और दरवाज़े बंद रखें, ताकि धूल अंदर न आए।
इनडोर पौधे या एयर प्यूरीफायर का उपयोग करें।
पटाखों का सीमित उपयोग करें और दूसरों को भी जागरूक करें।
यह भी पढ़ें-भोपाल के बाजारों में धनतेरस की धूम, ऑटो, रियल एस्टेट और सराफा में कारोबार बढ़ने की उम्मीद
आने वाले दिनों में और बिगड़ेगा हाल
मौसम विभाग के अनुसार, त्योहार के दिन यानी 19-20 अक्टूबर को हवा और अधिक स्थिर हो सकती है, जिससे प्रदूषण का स्तर और तेजी से बढ़ेगा। यदि आतिशबाजी अधिक होती है, तो AQI 200 से ऊपर जाने की आशंका है, जो बहुत खराब की श्रेणी में आता है। विशेषज्ञों का कहना है कि दीपावली खुशियों का पर्व है, लेकिन साफ हवा भी जीवन के लिए जरूरी है। त्योहार मनाएं, लेकिन जिम्मेदारी के साथ।
विज्ञापन
विज्ञापन
क्या है मौजूदा स्थिति?
शहर AQI स्तर (अनुमानित) श्रेणी
भोपाल 170–180 खराब (Poor)
इंदौर 140–150 मध्यम–खराब
ग्वालियर 175–190 खराब
जबलपुर 130–140 मध्यम
उज्जैन 110–120 मध्यम
सूत्र: मध्यप्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ( MPPCB ), 18 अक्टूबर 2025 की रिपोर्ट
प्रदूषण क्यों बढ़ रहा है?
1. वाहनों की संख्या में बढ़ोतरी: धनतेरस और दीपावली को लेकर शहरों में ट्रैफिक अधिक है।
2. निर्माण और बाजारों की धूल: खुले स्थानों पर निर्माण कार्य और भारी आवाजाही से धूल के कण हवा में घुल रहे हैं।
3. फुटकर आतिशबाजी की शुरुआत: कई इलाकों में बच्चों द्वारा पहले ही पटाखे फोड़े जा रहे हैं।
4. मौसम की स्थिरता: हवा की गति कम होने के कारण प्रदूषक नीचे रुक रहे हैं।
स्वास्थ्य पर असर
- AQI 150 से ऊपर होने पर अस्थमा, एलर्जी, सांस फूलना, और सीने में जलन जैसी समस्याएं शुरू हो सकती हैं।
- बच्चे, बुजुर्ग और गर्भवती महिलाएं अधिक संवेदनशील मानी जाती हैं।
- खराब श्रेणी में लंबे समय तक रहना हृदय और फेफड़ों के लिए नुकसानदायक है।
यह भी पढ़ें-इंदौर संभाग में आज हल्की बारिश का अनुमान, बाकी जिलों में खिलेगी धूप, दिवाली तक स्थिर रहेगा मौसम
विज्ञापन
क्या रखे सावधानी
सुबह और शाम बाहर जाने से बचें।
घर से निकलते समय N-95 मास्क का उपयोग करें।
घर में खिड़कियां और दरवाज़े बंद रखें, ताकि धूल अंदर न आए।
इनडोर पौधे या एयर प्यूरीफायर का उपयोग करें।
पटाखों का सीमित उपयोग करें और दूसरों को भी जागरूक करें।
यह भी पढ़ें-भोपाल के बाजारों में धनतेरस की धूम, ऑटो, रियल एस्टेट और सराफा में कारोबार बढ़ने की उम्मीद
आने वाले दिनों में और बिगड़ेगा हाल
मौसम विभाग के अनुसार, त्योहार के दिन यानी 19-20 अक्टूबर को हवा और अधिक स्थिर हो सकती है, जिससे प्रदूषण का स्तर और तेजी से बढ़ेगा। यदि आतिशबाजी अधिक होती है, तो AQI 200 से ऊपर जाने की आशंका है, जो बहुत खराब की श्रेणी में आता है। विशेषज्ञों का कहना है कि दीपावली खुशियों का पर्व है, लेकिन साफ हवा भी जीवन के लिए जरूरी है। त्योहार मनाएं, लेकिन जिम्मेदारी के साथ।
