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Bhopal News: क्रीसेंट वाटर पार्क में डूबने से 9 साल के मासूम की मौत, माता-पिता ने दान की बेटे की आंखें

Sun, 05 May 2024 10:22 PM IST
आनंद पवार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल Published by: आनंद पवार Updated Sun, 05 May 2024 10:22 PM IST
सार

आरुष साकेत नगर स्थित निजी स्कूल से तीसरी कक्षा की पढ़ाई कर रहा था। पानी में डूबने से हुई मौत पर माता-पिता ने क्रीसेंट वाटर पार्क के प्रबंधन पर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। उनका कहना था कि हादसे के समय मौके पर कोई लाइफ गार्ड नहीं था।

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Bhopal News: 9 year old innocent dies due to drowning in Crescent Water Park, parents donate son's eyes
आरुष अपने माता-पिता के साथ - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

भोपाल के एक कारोबारी अपने परिवार के साथ रविवार को छुट्टी मनाने के लिए सीहोर के क्रीसेंट वाटर पार्क गए थे। कारोबारी का नौ साल का बेटा आरुष वाटर पार्क में नहा रहा था, इसी दौरान वह डूब गया। परिजन उसे लेकर तुंरत अस्पताल पहुंचे, जहां डॉक्टर ने मासूम को मृत घोषित कर दिया। बच्चे की असामयिक मौत के बाद दुखी होने के बावजूद माता-पिता ने खुद को संभालते हुए अपने बेटे के नेत्रदान का फैसला किया। सीहोर कोतवाली थाना प्रभारी गिरीश दुबे ने बताया कि भोपाल के साकेत नगर में रहने वाले गौरव राजपूत का पेपर ट्रेडिंग का कारोबार करते हैं। वे रविवार सुबह पत्नी अर्चना, 9 साल के बेटे आरुष, 2 साल के बेटे आरव और अपनी भाभी के साथ क्रीसेंट गए थे। परिवार के सभी लोग वाटर पार्क में उतर नहाने लगे। इस दौरान आरुष  वाटर पार्क में डूब गया। गौरव ऊपरी हिस्से में था। खेलते-खेलते आरुष पानी में डूब गया। मां अर्चना का ध्यान गया तो उसे पानी से निकाला।  
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परिजनों ने लापरवाही के आरोप
आरुष साकेत नगर स्थित निजी स्कूल से तीसरी कक्षा की पढ़ाई कर रहा था। पानी में डूबने से हुई मौत पर माता-पिता ने क्रीसेंट वाटर पार्क के प्रबंधन पर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। उनका कहना था कि हादसे के समय मौके पर कोई लाइफ गार्ड नहीं था। मेरी पत्नी और वहां मौजूद लोगों ने किसी तरह से बच्चे को पानी से निकाला। इधर, वाटर पार्क प्रबंधन आरोपों से इंकार करते हुए कहा कि पार्क में हर स्वीमिंग पूल पर 5-6 गार्ड तैनात रहते हैं। हमारी स्वयं की ए बुलेंस है। उसी से बच्चे को अस्पताल पहुंचाया था। लापरवाही के आरोप झूठे हैं। फिलहाल, पुलिस मामले की जांच कर रही है।
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बड़ों की जगह स्लाइडिंग कर रहा था बच्चा
थाना प्रभारी गिरीश दुबे बताया कि मर्ग की जांच के दौरान वाटर पार्क में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज को देखा गया है। उसमें नजर आ रहा है कि आरुष वाटर पार्क के उस हिस्से में स्लाइडिंग कर रहा जहां पर पानी की गहराई साढ़े तीन फीट तक है, यहां पर केवल वयस्क ही स्लाइडिंग कर सकते हैं। जबकि बच्चों को डेढ़ फीट की गहराई वाले हिस्से में भेजा जाता है। दुबे के मुताबिक फुटेज में यह भी देखा गया कि गार्ड ने बच्चे को मना भी किया था लेकिन उसके पिता ने कह दिया कि हम बच्चे को देख लेंगे। बहरहाल पुलिस ने वाटर पार्क के दो गार्ड के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर लिया है।
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