लखनऊ। पुलिस महानिदेशक नागरिक सुरक्षा डीके ठाकुर ने कहा कि आपदा प्रबंधन, आपातकालीन परिस्थितियों तथा जन-सुरक्षा में प्रशिक्षित वार्डनों की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। लिहाजा सभी स्वयंसेवकों को अनुशासन, सेवा-भाव एवं निरंतर प्रशिक्षण के माध्यम से समाज सेवा के लिए हमेशा तत्पर रहना चाहिए। मौका था इंदिरागांधी प्रतिष्ठान स्थित मून हॉल में संचालित नागरिक सुरक्षा संगठन के वार्डन क्षमता निर्माण प्रशिक्षण कार्यक्रम के समापन का। सभी प्रशिक्षणार्थियों को प्रमाण-पत्र दिए गए। नागरिक सुरक्षा संगठन के चीफ वार्डन अमरनाथ मिश्र ने बताया कि चार सत्रों में हुए इस प्रशिक्षण के प्रत्येक सत्र की अवधि सात दिन रही। कुल 360 वार्डनों को प्रशिक्षण दिया गया। मौके पर स्टाफ ऑफिसर टू चीफ वार्डन ऋतुराज रस्तोगी, सुनील शुक्ला, नफीस अहमद, डॉ. दिनेश माथुर, सुनील तिवारी, अरविंद मिश्रा, माजिद अली, रामगोपाल एश्वर्य, ज्योति खरे आदि मौजूद रहे।