UPSSSC भर्ती: सपा राज में गलत तरीके से चुने गए 107 जेई चयन सूची से बाहर, नई लिस्ट जारी
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अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (यूपीएसएसएससी) ने सपा राज में गलत तरीके से चयनित 107 अवर अभियंताओं को चयन सूची से बाहर कर उनके स्थान पर नए अभ्यर्थियों का नाम घोषित कर दिया है। आयोग की चयन सूची से बाहर हुए अभ्यर्थियों को अब संबंधित विभागों की सेवा से बाहर कर, उनके स्थान पर नव चयनित कर्मियों को जॉइन कराने की कार्यवाही की जाएगी।
आयोग के सचिव डा. अरविंद कुमार चौरसिया की ओर से जारी संशोधित सूची के अनुसार पिछली सरकार में आयोग ने अवर अभियंताओं के चयन में जमकर मनमानी की थी। आयोग ने महिलाओं के लिए आरक्षित 151 पदों में से 76 पर पुरुष की भर्ती कर ली थी। दूसरे राज्य की 20 महिला इंजीनियरों को महिलाओं के लिए आरक्षित पदों पर चयनित कर दिया गया था। आउट ऑफ स्टेट होने की वजह से उन्हें महिलाओं के आरक्षण का लाभ नहीं मिल सकता है। इनकी वजह से प्रदेश की महिला इंजीनियर चयन से बाहर हो गई थीं। नई सूची में अन्याय का शिकार महिला इंजीनियरों को मौका मिल गया है।
इसके अलावा 82 ऐसे इंजीनियरों को चयनित किया गया जिनके नंबर कट ऑफ से भी कम थे। यही नहीं नि:शक्त श्रेणी के अवर अभियंताओं के पद पर चयन में भी मनमानी की गई। इस पद के लिए दोनों पैर से नि:शक्त इंजीनियर पात्रता में नहीं आते। लेकिन आयोग ने नि:शक्तों के लिए आरिक्षत चार पदों के स्थान पर पांच का चयन किया और सभी पदों पर दोनों पैर से नि:शक्त इंजीनियरों को ही चयनित कर दिया।
आयोग ने अपनी वेबसाइट पर संशोधित चयन सूची अपलोड कर दी है। इसमें पूर्व में चयनित उन 107 अभ्यर्थियों के नाम हैं जो जांच के बाद चयन सूची से बाहर हो गए हैं। साथ ही उन 107 नए अभ्यर्थियों के भी नाम हैं जिन्हें इनके बाहर किए जाने की वजह से मौका मिला है।
इन कारणों से बाहर किए गए 107 इंजीनियर
- 20 महिला इंजीनियर आउट ऑफ स्टेट की थीं। उन्हें महिलाओं के लिए आरक्षित पदों पर चयनित किया गया।
- 82 इंजीनियरों के नंबर रिजल्ट के घोषित कट ऑफ से कम थे।
- 05 इंजीनियर संबंधित पद के लिए गैर चिह्नित नि:शक्त श्रेणी से थे।
हाईकोर्ट के आदेश पर आयोग ने की कार्यवाही
आयोग के विज्ञापन संख्या-14-परी./2015 द्वारा सम्मिलित अवर अभियंता/अन्य तकनीकी पद प्रतियोगितात्मक परीक्षा के अंतर्गत विभिन्न विभागों के रिक्त 834 पद के लिए चयन कार्यवाही शुरू की थी। इसमें साक्षात्कार के आधार पर अवर अभियंता (सिविल) के 757 पदों सहित कुल 832 पदों के लिए अभ्यर्थी चयनित हुए थे। परिणाम 25 मई 2016 को घोषित किया गया था।
परिणाम के अंतर्गत अवर अभियंता सिविल के 757 पदों के सापेक्ष चयनित अभ्यर्थियों के चयन के विरुद्ध हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की गई थी। नैंसी गौतम बनाम यूपी राज्य व अन्य में हाईकोर्ट ने 19 दिसंबर 2017 को फैसला दिया। हाईकोर्ट के फैसले पर अमल करते हुए आयोग ने संशोधित चयन परिणाम जारी किए हैं।
नव चयनित इंजीनियरों को तैनाती जल्द
आयोग के चेयरमैन सीबी पालीवाल ने बताया कि संशोधित चयन सूची में देखा जाएगा कि 107 इंजीनियरों में किस विभाग से कितने अवर अभियंता बाहर हुए हैं और कितने उनके स्थान पर चयनित हुए हैं। जिस विभाग से जितने अवर अभियंता निकले होंगे, उनके स्थान पर नई सूची से उतने ही नाम भेजे जाएंगे। प्रशासकीय विभाग गलत तरीके से चयनित अवर अभियंताओं के स्थान पर संशोधित सूची से भेजे गए अवर अभियंताओं को सेवा में लेने की कार्यवाही करेंगे। पालीवाल ने बताया कि एक सप्ताह के अंदर संशोधित सूची के अनुसार सूचना संबंधित विभागों को भेज दी जाएगी।
ये किए गए सूची से बाहर-
इन्हें चयनित किया गया, जल्द मिलेगी तैनाती