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Lucknow News: सही पहचान और उपचार से 80 प्रतिशत तक हराया जा सकता है बच्चों में कैंसर
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बाल कैंसर दिवस पर सम्मानित हुईं बच्चे।
लखनऊ। पीजीआई में रविवार को अंतरराष्ट्रीय बाल कैंसर दिवस के अवसर पर विशेष कार्यक्रम हुअबा। पीडियाट्रिक सर्जरी विभाग के अध्यक्ष डॉ. बसंत कुमार ने कहा कि सही समय पर पहचान और उपचार से बच्चों में कैंसर को 80 फीसदी तक हराया जा सकता है।
डॉ. बसंत कुमार ने बताया कि बच्चों में ऑपरेशन, कीमोथेरपी और रेडिएशन उपचार वयस्कों के मुकाबले अधिक असरदार होते हैं। उपचार के बाद बच्चों में दोबारा बीमारी उभरने का खतरा कम होता है। यही वजह है कि ऑपरेशन के 5 से 10 वर्ष बाद भी अधिकांश बच्चे सामान्य जीवन जी रहे हैं।
कार्यक्रम का उद्घाटन पीजीआई निदेशक डॉ. आरके धीमन ने किया। कालेज ऑफ नर्सिंग के छात्रों ने नाटक के माध्यम से बचपन के कैंसर के प्रति जागरूकता का संदेश दिया। पोस्टर प्रतियोगिता में प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया गया। सुबह डॉक्टरों, स्वास्थ्यकर्मियों और नर्सिंग छात्रों ने वॉकथान आयोजित कर लोगों को कैंसर के लक्षण और बचाव के उपाय भी बताए। संस्थान के सीएमएस डॉ. देवेंद्र गुप्ता और एमएस डॉ. हर्षवर्धन ने कैंसर से बचाव के तरीके समझाए।
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बच्चों की बहादुरी और निजी संगठनों का योगदान
कैंसर से लड़ रहे बच्चों ने अपनी सच्ची कहानी साझा की, जिससे उपस्थित लोगों को प्रेरणा मिली। कालेज ऑफ नर्सिंग की प्रिंसिपल डॉ. राधा ने गानों की पंक्तियों के माध्यम से बीमारी की पहचान और जागरूकता बढ़ाने का संदेश दिया। साथ ही निजी संगठनों ने अपने अनुभव और बच्चों की सहायता में किए गए योगदान को साझा किया।
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डॉ. बसंत कुमार ने बताया कि बच्चों में ऑपरेशन, कीमोथेरपी और रेडिएशन उपचार वयस्कों के मुकाबले अधिक असरदार होते हैं। उपचार के बाद बच्चों में दोबारा बीमारी उभरने का खतरा कम होता है। यही वजह है कि ऑपरेशन के 5 से 10 वर्ष बाद भी अधिकांश बच्चे सामान्य जीवन जी रहे हैं।
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कार्यक्रम का उद्घाटन पीजीआई निदेशक डॉ. आरके धीमन ने किया। कालेज ऑफ नर्सिंग के छात्रों ने नाटक के माध्यम से बचपन के कैंसर के प्रति जागरूकता का संदेश दिया। पोस्टर प्रतियोगिता में प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया गया। सुबह डॉक्टरों, स्वास्थ्यकर्मियों और नर्सिंग छात्रों ने वॉकथान आयोजित कर लोगों को कैंसर के लक्षण और बचाव के उपाय भी बताए। संस्थान के सीएमएस डॉ. देवेंद्र गुप्ता और एमएस डॉ. हर्षवर्धन ने कैंसर से बचाव के तरीके समझाए।
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बच्चों की बहादुरी और निजी संगठनों का योगदान
कैंसर से लड़ रहे बच्चों ने अपनी सच्ची कहानी साझा की, जिससे उपस्थित लोगों को प्रेरणा मिली। कालेज ऑफ नर्सिंग की प्रिंसिपल डॉ. राधा ने गानों की पंक्तियों के माध्यम से बीमारी की पहचान और जागरूकता बढ़ाने का संदेश दिया। साथ ही निजी संगठनों ने अपने अनुभव और बच्चों की सहायता में किए गए योगदान को साझा किया।