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RO/ARO पेपर लीक : परीक्षा शुरू होने से पहले अभ्यर्थियों को भेजे हल प्रश्नपत्र, बर्खास्त सिपाही को भेजा था पेपर
Sat, 16 Mar 2024 12:08 AM IST
पंकज श्रीवास्तव
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Sat, 16 Mar 2024 12:08 AM IST
सार
आरओ/एआरओ पेपर लीक मामले की परतें खुलना शुरू हो गई हैं। जांच में पता चला कि बर्खास्त सिपाही ने कई लोगों से पैसे लेकर हल प्रश्न पत्र भेजे थे।
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Amar Ujala
विस्तार
आरओ/एआरओ भर्ती परीक्षा के पेपर लीक मामले की जांच में लगी एसटीएफ को पता चला है कि प्रतापगढ़ निवासी बर्खास्त सिपाही अरुण कुमार सिंह ने कई लोगो को हल प्रश्न पत्र 11 फरवरी को परीक्षा शुरू होने के पूर्व भेजा था और इसके बदले पैसे लिए थे। उसको यह पेपर लखनऊ के पारा इलाके में स्थित गंगा देवी मेमोरियल स्कूल के मैनेजर सौरभ शुक्ला ने दिया था।
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एसटीएफ ने अरुण और सौरभ को बुलाकर पूछताछ की तो दोनों ने सच कुबूल दिया। सौरभ ने बताया कि पारा के स्कूल का प्रबंधन वहीं देखता है। अप्रैल 2023 में पॉलीटेक्निक प्रवेश परीक्षा के दौरान अजय शर्मा नामक व्यक्ति ने उससे कहा था कि यदि तुम परीक्षा (ऑनलाइन) में सेटिंग करो तो खूब पैसे दूंगा। उसने 500 कंप्यूटर की लैब स्थापित करने को कहा था, जिसका सारा पैसा वह खुद देने को तैयार था।
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उसके पूर्व परिचित अरुण सिंह ने फरवरी में आयोजित आरओ/एआरओ का पेपर लीक कराकर देने के लिए कहा। जिसके लिए अजय शर्मा भी तैयार हो गया। परीक्षा के दिन सुबह सात बजे अजय ने अपने व्हाट्सएप नंबर से सौरभ को पेपर का पीडीएफ भेज दिया। उसमें सामान्य अध्ययन और हिन्दी का प्रश्न पत्र था, जिसके सभी उत्तर पर टिक लगा था। सौरभ ने इसे अरुण सिंह को भेज दिया, जिसके बाद अरुण ने कई लोगों को पेपर भेजे थे। सौरभ को अजय शर्मा ने पेपर देने के बाद बताया था कि यह उसे प्रयागराज निवासी राजीव नयन मिश्रा ने भेजा है।
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पेपर खरीदने वालों में कई बड़े नाम
जब सौरभ ने अरुण का नाम अखबार में देखा तो दोनों डर गए। इसके बाद सौरभ ने अपना मोबाइल अवध चौराहे के पास नहर में फेंक दिया। बता दें कि अरुण 2011 में प्रदेश पुलिस में आरक्षी के पद पर भर्ती हुआ था। 2019 में शिक्षक भर्ती परीक्षा में नकल कराने के मामले में उसे एसटीएफ ने गिरफ्तार किया था, जिसके बाद वह बर्खास्त हो गया था। इसके बाद वह प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर आउट व नकल कराने लगा। उसने नवीन कुमार सिंह, योगेन्द्र विकल, नेहा दीक्षित, अंशुमान सिंह, अमित सिंह, नागेंद्र मिश्रा, झांसी में कोचिंग चलाने वाले सत्येंद्र, प्रयागराज की उदय एकेडमी के उदयभान मौर्या, प्रतापगढ़ में वीडीओ फरीद अंसारी समेत कई लोगों को पेपर व्हाट्सएप किया था। अरुण के पास बरामद प्रश्न पत्र बुकलेट जिस पर बारकोड व प्रश्न पत्र पुस्तिका क्रमांक अंकित है, के बारे में लोक सेवा आयोग से पता किया गया तो सामान्य अध्ययन की बुकलेट एमएलएमएल इंटर काॅलेज, रिकाबगंज, अयोध्या व सामान्य हिन्दी की बुकलेट शिव प्रताप सिंह इंटर काॅलेज, अमेठी के परीक्षा केंद्र की मिली।
कई पेपर लीक करा चुका है राजीव नयन
एसटीएफ के मुताबिक राजीव नयन ने 2021 में यूपी टीईटी का पेपर लीक कराया था। तब एसटीएफ ने उसे गिरफ्तार कर जेल भी भेजा था। इसके बाद उसने 2023 में संविदा स्टाफ नर्स भर्ती परीक्षा, मध्यप्रदेश का पेपर लीक कराया था, जिसमें उसे गिरफ्तार किया गया था। एमबीबीएस करने वाले रवि अत्री ने 2015 में एआईपीएमटी संविदा स्टाफ नर्स भर्ती परीक्षा व मध्यप्रदेश का पेपर लीक कराया था।