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UP Nikay Chunav: कद बढ़ाने की कवायद में जुटे अखिलेश, खुद का वोटबैंक-दूसरे राज्यों के नेताओं की एकजुटता पर जोर
Tue, 25 Apr 2023 10:18 AM IST
शाहरुख खान
चंद्रभान यादव, अमर उजाला, लखनऊ
चंद्रभान यादव, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: शाहरुख खान
Updated Tue, 25 Apr 2023 10:18 AM IST
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सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव।
- फोटो : amar ujala
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निकाय चुनाव के बीच सपा लोकसभा 2024 का तानाबाना बुनने में जुटी है। पार्टी हर कदम लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखकर उठा रही है। खुद का वोटबैंक बढ़ाने के साथ ही दूसरे राज्यों के नेताओं की एकजुटता पर जोर दे रही है। पार्टी की कोशिश है कि किसी भी तरह से लोकसभा चुनाव में अपनी सीटें बढ़ाकर राष्ट्रीय राजनीति में छाप छोड़े।
यही वजह है कि सोमवार को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार लखनऊ पहुंचे और अखिलेश यादव के साथ मंत्रणा की। सपा लगातार जातीय जनगणना कराने की मांग रही है। बिहार सहित विभिन्न राज्यों के तमाम दल भी यही मांग कर रहे हैं। पार्टी संविधान और डॉ. आंबेडकर के सपनों की दुहाई देकर वोटबैंक बढ़ाने के अभियान में जुटी है।
पार्टी की कोशिश है कि प्रदेश में उसका वोटबैंक 40 फीसदी के आसपास पहुंच जाए। इसके लिए एमवाई (मुस्लिम-यादव) के बजाय सर्वसमाज पर फोकस किया जा रहा है। दलित वोटबैंक को रिझाने के लिए लगातार अभियान चला रही है। बसपा संस्थापक कांशीराम की मूर्ति अनावरण के साथ ही डॉ. आंबेडकर की जन्मस्थली पर जाकर सपा अध्यक्ष ने दलितों के बीच संदेश देने का प्रयास किया है।
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अखिलेश का हर कदम अब लोकसभा चुनाव को देखकर आगे बढ़ रहा है। इसी रणनीति के तहत वह तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव, तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के अलावा मध्य प्रदेश, गुजरात, हरियाणा, दिल्ली सहित अन्य राज्यों का दौरा कर चुके हैं। इन राज्यों के विभिन्न नेताओं से मुलाकात कर भविष्य की रणनीति बनाई है। यही वजह है कि सोमवार को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव खुद लखनऊ पहुंचे।
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यही वजह है कि सोमवार को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार लखनऊ पहुंचे और अखिलेश यादव के साथ मंत्रणा की। सपा लगातार जातीय जनगणना कराने की मांग रही है। बिहार सहित विभिन्न राज्यों के तमाम दल भी यही मांग कर रहे हैं। पार्टी संविधान और डॉ. आंबेडकर के सपनों की दुहाई देकर वोटबैंक बढ़ाने के अभियान में जुटी है।
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पार्टी की कोशिश है कि प्रदेश में उसका वोटबैंक 40 फीसदी के आसपास पहुंच जाए। इसके लिए एमवाई (मुस्लिम-यादव) के बजाय सर्वसमाज पर फोकस किया जा रहा है। दलित वोटबैंक को रिझाने के लिए लगातार अभियान चला रही है। बसपा संस्थापक कांशीराम की मूर्ति अनावरण के साथ ही डॉ. आंबेडकर की जन्मस्थली पर जाकर सपा अध्यक्ष ने दलितों के बीच संदेश देने का प्रयास किया है।
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अखिलेश का हर कदम अब लोकसभा चुनाव को देखकर आगे बढ़ रहा है। इसी रणनीति के तहत वह तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव, तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के अलावा मध्य प्रदेश, गुजरात, हरियाणा, दिल्ली सहित अन्य राज्यों का दौरा कर चुके हैं। इन राज्यों के विभिन्न नेताओं से मुलाकात कर भविष्य की रणनीति बनाई है। यही वजह है कि सोमवार को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उप मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव खुद लखनऊ पहुंचे।
सूत्रों का कहना है कि दोनों नेताओं ने अखिलेश यादव से विभिन्न राज्यों से मिले फीडबैक के बारे में भी जानकारी ली है। चूंकि नीतीश कुमार खुद पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से मिलकर आए थे। ऐसे में ममता की राय से भी ये नेता वाकिफ हैं। इस बात पर भी सहमति बनी है कि विपक्षी एकता में किसी तरह का रोड़ा सामने आता है तो आपसी बातचीत से हल करने का प्रयास किया जाएगा।
प्रदेश में घोषित कर चुके हैं लोकसभा प्रभारी
सपा की लोकसभा चुनाव को लेकर सक्रियता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि पार्टी ने ज्यादातर लोकसभा क्षेत्रों में प्रभारी उतार दिए हैं। हर लोकसभा क्षेत्र में तीन से चार वरिष्ठ नेताओं को जिम्मेदारी दी गई है। यह भी कोशिश है कि संबंधित लोकसभा क्षेत्र में जिस जाति की आबादी अधिक है, उसके नेता को ही वहां जिम्मेदारी सौंपी जाए।
सपा की लोकसभा चुनाव को लेकर सक्रियता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि पार्टी ने ज्यादातर लोकसभा क्षेत्रों में प्रभारी उतार दिए हैं। हर लोकसभा क्षेत्र में तीन से चार वरिष्ठ नेताओं को जिम्मेदारी दी गई है। यह भी कोशिश है कि संबंधित लोकसभा क्षेत्र में जिस जाति की आबादी अधिक है, उसके नेता को ही वहां जिम्मेदारी सौंपी जाए।
सूत्रों का कहना है कि पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ की ओर से जिलेवार कार्यकर्ता सम्मेलन किए जा रहे हैं तो बाबा साहब आंबेडकरवाहिनी संविधान बचाओ कार्यकर्ता शिविर चला रहा है। अब अन्य संगठन भी जिलेवार कार्यक्रम चलाएंगे।