फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   UP: Monsoon rains slow down in the state, heavy rains expected again from September 11; Floods affect these ar

UP: प्रदेश में मानसूनी बारिश में आई सुस्ती, 11 सितंबर से फिर से भारी बारिश के आसार; इन इलाकों में बाढ़ का असर

Sun, 07 Sep 2025 06:32 PM IST
रोहित मिश्र अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ Published by: रोहित मिश्र Updated Sun, 07 Sep 2025 06:32 PM IST
सार

Monsoon IN UP: यूपी में मानसूनी बारिश का असर जारी कम हो रहा है। मौसम विभाग के अनुसार 11 सितंबर तक भारी बारिश का अनुमान किसी भी जिले में नहीं है। 

विज्ञापन
UP: Monsoon rains slow down in the state, heavy rains expected again from September 11; Floods affect these ar
मानसून अलर्ट प्रतीकात्मक - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

उत्तर प्रदेश में मानसूनी बारिश में कमी आने के बाद, कहीं कहीं छिटपुट बूंदाबांदी को छोड़कर कहीं भी भारी बारिश नहीं हुई है। माैसम विभाग का कहना है कि चार दिन तक थोड़े ठहराव के बाद 11 सितंबर से प्रदेश के तराई इलाकों में दोबारा मानसूनी बारिश देखने को मिलेगी। पूर्वानुमान है कि दोबारा सक्रिय हुए मानसून के असर से कुशीनगर, सिद्धार्थनगर, महराजगंज आदि में मध्यम से भारी बारिश होगी।

विज्ञापन


इधर बारिश में कमी आते ही यूपी में उमस भरी गर्मी लोगों को परेशान करने लगी है। रविवार को यूपी के 10 से ज्यादा जिलों में अधिकतम पारा 35 डिग्री सेल्सियस के पार चला गया। आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र लखनऊ के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि बीते कुछ दिनों से मध्य भारत की ओर विकसित अवदाब राजस्थान की ओर शिफ्ट हुआ है। 11 सितंबर से मानसूनी ट्रफ रेखा हिमालय की तलहटी होते हुए उत्तर की ओर खिसकेगी और तराई में मध्यम से भारी बारिश होगी।

विज्ञापन

पर बाढ़ अभी भी बनी है मुसीबत 

उत्तर प्रदेश में गंगा, यमुना व अन्य नदियों का बढ़ा जलस्तर लोगों के लिए मुसीबत बन गया है। अलीगढ़, बरेली, हाथरस, मथुरा व अन्य कई जिलों में पानी आबादी में घुस गया है। प्रशासन लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने में मदद कर रहा है।

शाहजहांपुर में दिल्ली-लखनऊ हाईवे पर बरेली मोड़ ओवरब्रिज के नीचे से लेकर मौजमपुर गांव तक करीब डेढ़ किमी दूरी तक पानी करीब दो फुट और तेज बहाव से बह रहा है। इससे वाहनों के आवागमन में दिक्कत हो रही है। शाम को बहाव और तेज हो गया। इससे दो पहिया वाहन और हल्के वाहन ऑटो और टेंपो का संचालन बंद हो गया। इसकी वजह से राहगीरों को काफी परेशानी हुई। लोगों को पानी से पैदल निकलना पड़ा। 

प्रयागराज-वाराणसी में भी खतरा बढ़ा

UP: Monsoon rains slow down in the state, heavy rains expected again from September 11; Floods affect these ar
प्रयागराज के कई हिस्सों में आई बाढ़। - फोटो : अमर उजाला

प्रयागराज और वाराणसी में गंगा-यमुना का जलस्तर 82 मीटर को पार करने के साथ ही बाढ़ का पानी बस्तियों के करीब पहुंच गया है। अफसरों के अनुसार जलस्तर 84 मीटर तक पहुंच सकता है। यानी शहर का बड़ा इलाका एक बार फिर बाढ़ की चपेट में होगा। वहीं, वाराणसी में यमुना नदी में बाढ़ से सीजन में तीसरी बार गंगा का जलस्तर बढ़ा है। एक बार फिर दशाश्वमेध घाट स्थित जल पुलिस चौकी में बाढ़ का पानी घुस गया है। इसी तरह अस्सी घाट का सुबह ए बनारस मंच डूब गया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed