{"_id":"63f73a8579b07d5e9804efa4","slug":"up-is-ahead-in-pradhanmantri-swamitva-yojna-2023-02-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"UP: पीएम स्वामित्व योजना में उत्तर प्रदेश सबसे आगे, आगामी जून-2023 तक पूरा हो जाएगा ड्रोन सर्वे का कार्य","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP: पीएम स्वामित्व योजना में उत्तर प्रदेश सबसे आगे, आगामी जून-2023 तक पूरा हो जाएगा ड्रोन सर्वे का कार्य
Thu, 23 Feb 2023 03:35 PM IST
ishwar ashish
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Thu, 23 Feb 2023 03:35 PM IST
सार
राजस्व विभाग की तरफ से दावा किया गया है कि प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना में उत्तर प्रदेश सबसे आगे है। आगामी जून-2023 तक ड्रोन सर्वे का कार्य पूरा कर लिया जाएगा। ग्रामीण इलाकों में लोगों को पैतृक आवास का प्रमाण पत्र दिया जा रहा है।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ।
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में केंद्र की योजनाओं को नागरिकों तक पहुंचाने के लिए पूरी तत्परता से काम किया जा रहा है। इसी क्रम में प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना को लागू करने में उत्तर प्रदेश सबसे आगे रहा है। हाल ही में मुख्यमंत्री ने राजस्व विभाग के आला अधिकारियों के साथ बैठक कर इस योजना के अंतर्गत ड्रोन सर्वे का कार्य जल्द पूरा करने का दिशा-निर्देश दिया है।
विज्ञापन
90,900 ग्रामों में ड्रोन सर्वे हुआ पूरा
राजस्व विभाग की आयुक्त एवं सचिव मनीषा त्रिघाटिया ने बताया कि स्वामित्व योजना का कार्य युद्धस्तर पर जारी है। उन्होंने बताया कि प्रदेश के लगभग समस्त जिलों के 90,900 ग्रामों में अब तक ड्रोन सर्वे का कार्य पूरा कर लिया गया है। साथ ही 34,193 ग्रामों की घरौनियां तैयार कर ली गई हैं। इस प्रकार अब तक कुल 50,58,229 घरौनियां तैयार हो चुकी हैं, जिनमें 25 जून 2022 तक 34,69,879 घरौनियों को वितरित कर दिया गया है। वहीं 25 जून के बाद अब तक 15,88,350 नई घरौनियां तैयार कर ली गई हैं। उन्होंने बताया कि आगामी जून तक सभी ग्रामों में ड्रोन सर्वे का कार्य पूर्ण कर लिया जाएगा।
विज्ञापन
क्या है प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना?
प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना की शुरुआत केंद्र सरकार की ओर से वर्ष 2020 अप्रैल में की गई थी। योजना का मकसद है कि ग्रामीण भारत को आर्थिक रूप से मजबूत और आत्मनिर्भर बनाया जा सके। इस योजना के जरिए सरकार तकनीक का इस्तेमाल करके ग्रामीण भारत को सशक्त और मजबूत बनाना चाहती है। ऐसे में ग्रामीण इलाकों में रहने वाले लोगों के लिए प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना किसी वरदान से कम नहीं है। इसके जरिए गांव के उन लोगों को अपनी जमीन का मालिकाना हक मिल रहा है जिनकी जमीन किसी सरकारी आंकड़े में दर्ज नहीं है।
विज्ञापन
कागज नहीं होने पर भी मिल रहे घरौनी के कागजात
ग्रामीण इलाकों में रहने वालों के लिए स्वामित्व योजना आने से ग्रामीणों को प्रॉपर्टी कार्ड के लिए योजना के तहत आवेदन नहीं करना पड़ेगा। सरकार जैसे-जैसे ग्रामीण भारत में सर्वे और मैपिंग का काम करती जाएगी, वैसे-वैसे लोगों को उनकी जमीन का प्रॉपर्टी कार्ड मिलता जाएगा। ध्यान रखने की बात यह है कि जिन लोगों के पास पहले से जमीन के कागजात मौजूद हैं उन लोगों को तुरंत अपने कागजात की फोटो कॉपी करके जमा करानी होगी। वहीं जिन लोगों के पास जमीन के कागज नहीं हैं उन्हें सरकार की तरफ से घरौनी नाम का डॉक्यूमेंट दिया जा रहा है।
लोगों को मिलेंगे यह फायदे
घरौनी मिलने से लोगों को कई फायदे होंगे। जमीन खुद के नाम होने पर गांव के लोग उसे आसानी से किसी को भी बेच या उसकी संपत्ति खरीद सकेंगे। इसके साथ ही वह बैंक से लोन आदि की सुविधा भी आसानी से उठा पाएंगे।