फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   UP government will get full majority in both houses in UP assembly.

यूपी: तीन दशक बाद पहली बार सरकार के पास शुरू से हो सकता है दोनों सदनों में बहुमत

Tue, 08 Mar 2022 08:03 PM IST
ishwar ashish सचिन मुद्गल, अमर उजाला, लखनऊ
सचिन मुद्गल, अमर उजाला, लखनऊ Published by: ishwar ashish Updated Tue, 08 Mar 2022 08:03 PM IST
सार

अगले महीने होने वाला स्थानीय निकाय क्षेत्र सदस्य चुनाव निर्णायक होने जा रहा है। तीन दशकों में यह पहली बार होगा जब यूपी में सरकार के पास दोनों सदनों में पूर्ण बहुमत होगा।

विज्ञापन
UP government will get full majority in both houses in UP assembly.
यूपी विधानभवन। - फोटो : amar ujala

विस्तार

करीब तीन दशक बाद ऐसा होने जा रहा है कि जिस भी दल की सरकार बनेगी वह शुरुआत से ही विधानसभा के साथ विधान परिषद में भी बहुमत हासिल कर ले। अप्रैल में प्रस्तावित विधान परिषद की 36 सीटों पर होने वाले स्थानीय निकाय क्षेत्र सदस्य के चुनाव बहुमत में निर्णायक भूमिका अदा करेंगे।

विज्ञापन


सौ सदस्यों वाली विधान परिषद में अभी सपा के 47 सदस्य हैं, इनमें से सात सपा छोड़कर भाजपा में शामिल हो चुके हैं। भाजपा के 36, बसपा के 6, भाजपा के सहयोगी अपना दल और निषाद पार्टी का एक-एक, कांग्रेस के एक, शिक्षक दल के दो, निर्दल समूह के दो और एक निर्दलीय सदस्य है, जबकि दो पद रिक्त है। विधानसभा चुनाव का परिणाम आने के एक सप्ताह बाद ही परिषद की स्थानीय निकाय क्षेत्र की 35 सीटों पर चुनाव की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।
विज्ञापन


आमतौर पर अब तक के अनुभव के अनुसार प्रदेश में जिस भी दल की सरकार होती है, स्थानीय निकाय क्षेत्र में उसी दल के अधिकतर सदस्य जीतकर आते हैं। विधानसभा चुनाव में मुख्य मुकाबला भाजपा और सपा के बीच ही माना जा रहा है। अनुभव के आधार पर माना जा रहा है कि सपा या भाजपा में से जिस भी दल की सरकार बनेगी, स्थानीय निकाय क्षेत्र में उसी दल के अधिकतर सदस्य चुनकर आएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन


मनोनीत कोटे की तीन सीटें 28 अप्रैल और तीन सीटें 26 मई को खाली होंगी। ये सीटें भी सत्तारूढ़ दल के खाते में ही जाती हैं। 6 जुलाई को विधानसभा क्षेत्र कोटे की 13 सीटें रिक्त होंगी। इनमें से जिस भी दल के विधायक अधिक होंगे, उसी दल के सदस्य भी अधिक जीतकर आएंगे। ऐसे में प्रदेश में जिस भी दल की सरकार बनेगी, उसके पास अप्रैल से जुलाई के बीच उच्च सदन में भी बहुमत हासिल हो जाएगा।

विधेयक और प्रस्ताव पास कराने में होगी आसानी
सत्तारूढ़ दल विधानसभा में बहुमत होने के कारण वहां से प्रस्ताव या विधेयक आसानी से पारित कराने में सफल हो जाते हैं। लेकिन, विधान परिषद में बहुमत के अभाव में उन्हें पारित कराने में परेशानी का सामना करना पड़ता है। शुरुआती दौर से ही दोनों सदनों में बहुमत मिलने से सरकार को विधेयक व प्रस्ताव दोनों सदनों में पास कराने में आसानी रहेगी।

35 सदस्यों का कार्यकाल 7 मार्च को हुआ है खत्म

विधान परिषद में स्थानीय निकाय क्षेत्र के 35 सदस्यों का कार्यकाल 7 मार्च को समाप्त हो गया। 2016 में हुए स्थानीय निकाय क्षेत्र सदस्य चुनाव में अरविंद प्रताप यादव, अमित यादव, अक्षय प्रताप सिंह, आनंद भदौरिया, उदयवीर सिंह, जसवंत सिंह, घनश्याम सिंह लोधी, डॉ. दिलीप यादव, दिलीप यादव उर्फ कल्लू यादव, नरेंद्र सिंह भाटी, परवेज अली, पुष्पराज जैन उर्फ पम्मी जैन, महफुर्जरमान ऊर्फ महफूज खान, मोहम्मद इमलाक खान, सैयद मिस्बादुद्दीन, रमा निरंजन, हरिशंकर सिंह पप्पू, राकेश यादव, राकेश यादव उर्फ गुड्डू, रमेश मिश्रा, राजेश कुमार यादव, रामअवध यादव, रामलली मिश्रा, वासुदेव यादव, संतोष यादव सनी, सुनील कुमार सिंह साजन, सीपी चंद, शशांक यादव, शैलेंद्र प्रताप सिंह, हीरालाल यादव, बृजेश कुमार सिंह प्रिंसू, महमूद अली, दिनेश प्रताप सिंह, बृजेश कुमार सिंह और विशाल सिंह चंचल निर्वाचित हुए थे। 35 सीटों पर चुनाव के लिए 15 से 22 मार्च तक नामांकन दाखिल किए जाएंगे और 9 अप्रैल को मतदान होगा।

भाजपा के सहयोगी दल भी बना रहे दबाव
विधान परिषद की स्थानीय निकाय क्षेत्र की 35 सीटों पर होने वाले चुनाव में सीट बंटवारे को लेकर अपना दल (एस) और निषाद पार्टी ने भाजपा पर दबाव बनाना शुरू कर दिया है। सूत्रों के मुताबिक भाजपा के सहयोगी अपना दल और निषाद पार्टी पांच-पांच सीटों की मांग कर रहे हैं। मगर परिषद चुनाव में उनकी भूमिका का फैसला विधानसभा चुनाव में उन्हें गठबंधन में मिली सीटों के नतीजों पर पर निर्भर करेगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed