यूपी : महिला डेस्क की तर्ज पर थानों में अब लगेगी साइबर डेस्क, साइबर अपराध के शिकार लोगों की सुनवाई में होगी मदद
साइबर ठगी का शिकार हुए लोगों को पैसे वापस कराने के लिए हेल्पलाइन नंबर 155260 सेवा शुरू की गई है। लेकिन उसके अलावा होने वाले साइबर अपराध की रोकथाम के लिए रेंज मुख्यालय पर बने साइबर थानों में ही शिकायतें दर्ज होती हैं।
विस्तार
थानों में महिलाओं की मदद के लिए स्थापित की गई महिला डेस्क की तर्ज पर साइबर डेस्क भी स्थापित की जाएगी। डीजीपी मुकुल गोयल ने बताया कि मौजूदा दौर में साइबर अपराध एक बड़ी चुनौती है। उससे निपटने के हर संभव उपाय किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि प्रदेश के सभी रेंज मुख्यालय पर साइबर थाने खोले गए हैं। दूर दराज के लोग इन थानों पर अपनी शिकायत लेकर नहीं पहुंच पाते। इसलिए थाने स्तर पर ही उन्हें मदद उपलब्ध कराने के उद्देश्य से थानों में ही साइबर डेस्क स्थापित करने पर विचार किया जा रहा है। इससे पीड़ित की शिकायत जल्द से जल्द दर्ज हो सकेगी और साइबर अपराध की घटनाओं पर नियंत्रण पाया जा सकेगा। उन्होंने बताया कि साइबर अपराध के मामलों में जितनी जल्दी शिकायत मिलती है फ्राड की रकम को वापस पाने में उतनी ही आसानी होती है।
दरअसल, साइबर ठगी का शिकार हुए लोगों को पैसे वापस कराने के लिए हेल्पलाइन नंबर 155260 सेवा शुरू की गई है। लेकिन उसके अलावा होने वाले साइबर अपराध की रोकथाम के लिए रेंज मुख्यालय पर बने साइबर थानों में ही शिकायतें दर्ज होती हैं। इसमें कोई आईडी हैक कर लेना, लड़कियों को उल्टे सीधे मैसेज भेज कर तंग करना और कंप्यूटर हैक कर फिरौती मांगने जैसी शिकायतों की सुनवाई साइबर डेस्क के माध्यम से हो सकेगी। साइबर डेस्क को सीधे संबंधित रेंज के थानों से जोड़ा जाएगा।