{"_id":"667ea13231cbef7b7b0aa3a8","slug":"up-anupriya-patel-writes-letter-to-cm-yogi-adityanath-over-appointment-of-sc-st-and-obc-2024-06-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"UP: केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया ने सीएम योगी को लिखा पत्र, बोलीं- नौकरियों में ओबीसी की नियुक्ति में न हो भेदभाव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP: केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया ने सीएम योगी को लिखा पत्र, बोलीं- नौकरियों में ओबीसी की नियुक्ति में न हो भेदभाव
Fri, 28 Jun 2024 05:23 PM IST
ishwar ashish
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Fri, 28 Jun 2024 05:23 PM IST
सार
केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल ओबीसी की नियुक्तियों को लेकर योगी सरकार पर सवाल उठाते हुए पत्र लिखा है। उन्होंने कहा कि ओबीसी अभ्यर्थियों के साथ भेदभाव नहीं होना चाहिए।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल।
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
यूपी में ओबीसी समाज की नियुक्ति को लेकर एनडीए में ही सवाल उठने लगे हैं। केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर कहा कि ओबीसी अभ्यर्थियों की नियुक्ति को लेकर भेदभाव नहीं किया जाना चाहिए।
मुख्यमंत्री को लिखे अपने पत्र में उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार की साक्षात्कार वाली नियुक्तियों में ओबीसी, अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के अभ्यर्थियों को यह कहकर छांट दिया जाता है कि वह योग्य नहीं हैं और बाद में इन पदों को अनारक्षित घोषित कर दिया जाता है।
उन्होंने पत्र में लिखा कि आप भी सहमत होंगे कि अन्य पिछड़े वर्ग, अनुसूचित जाति और जनजाति से आने वाले अभ्यर्थी भी इन परीक्षाओं में न्यूनतम अर्हता की परीक्षा अपनी योग्यता के आधार पर ही पास करते हैं और अपनी योग्यता के आधार पर ही इन साक्षात्कार आधारित परीक्षाओें के लिए अर्ह पाए जाते हैं।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें - रामपथ पर गड्ढे... काम में जल्दबाजी और लचर इंजीनियरिंग का नतीजा; अमर उजाला ने PWD से समझीं खामियां
ये भी पढ़ें - पांच दिनों में पूरे प्रदेश में छाएगा मानसून, इन जिलों में भारी बरसात का अलर्ट, बिजली गिरने से 20 की मौत
उन्होंने कहा कि नियुक्ति प्रक्रिया भले ही कई बार में पूरी हो लेकिन हर हाल में सीटें उन्हीं वर्गों से भरी जाएं जिनके लिए आरक्षित की गई हों न कि योग्य नहीं होने की बात कहकर सीटों को अनारक्षित कर दिया जाए।
बता दें कि यह पहली बार है जब अनुप्रिया पटेल ने राज्य की भाजपा सरकार पर इस तरह के सवाल उठाए हैं। वह 2014 से ही केंद्र में मोदी सरकार की सहयोगी रही हैं। वहीं, राज्य में भी एनडीए में शामिल हैं।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री को लिखे अपने पत्र में उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार की साक्षात्कार वाली नियुक्तियों में ओबीसी, अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के अभ्यर्थियों को यह कहकर छांट दिया जाता है कि वह योग्य नहीं हैं और बाद में इन पदों को अनारक्षित घोषित कर दिया जाता है।
विज्ञापन
उन्होंने पत्र में लिखा कि आप भी सहमत होंगे कि अन्य पिछड़े वर्ग, अनुसूचित जाति और जनजाति से आने वाले अभ्यर्थी भी इन परीक्षाओं में न्यूनतम अर्हता की परीक्षा अपनी योग्यता के आधार पर ही पास करते हैं और अपनी योग्यता के आधार पर ही इन साक्षात्कार आधारित परीक्षाओें के लिए अर्ह पाए जाते हैं।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें - रामपथ पर गड्ढे... काम में जल्दबाजी और लचर इंजीनियरिंग का नतीजा; अमर उजाला ने PWD से समझीं खामियां
ये भी पढ़ें - पांच दिनों में पूरे प्रदेश में छाएगा मानसून, इन जिलों में भारी बरसात का अलर्ट, बिजली गिरने से 20 की मौत
उन्होंने कहा कि नियुक्ति प्रक्रिया भले ही कई बार में पूरी हो लेकिन हर हाल में सीटें उन्हीं वर्गों से भरी जाएं जिनके लिए आरक्षित की गई हों न कि योग्य नहीं होने की बात कहकर सीटों को अनारक्षित कर दिया जाए।
बता दें कि यह पहली बार है जब अनुप्रिया पटेल ने राज्य की भाजपा सरकार पर इस तरह के सवाल उठाए हैं। वह 2014 से ही केंद्र में मोदी सरकार की सहयोगी रही हैं। वहीं, राज्य में भी एनडीए में शामिल हैं।