{"_id":"61b7957d07c8ed5a7b689b79","slug":"underpass-will-not-construct-in-charbagh-station-lucknow-news-lko6087968167","type":"story","status":"publish","title_hn":"नहीं बनेगा अंडरपास, सिक्स लेन रोड से होगी चारबाग स्टेशन पर एंट्री","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नहीं बनेगा अंडरपास, सिक्स लेन रोड से होगी चारबाग स्टेशन पर एंट्री
विज्ञापन
मेट्रो और अन्य सुरक्षा कारणों के चलते चारबाग स्टेशन में नहीं बनेगा अंडरपास।
- फोटो : ??? ?????
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नीरज ‘अम्बुज’
चारबाग स्टेशन को अपग्रेड करने के मास्टरप्लान में बड़े फेरबदल किए गए हैं। ट्रैफिक, पार्किंग की समस्या दूर करने के लिए यहां अंडरपास बनाने का प्लान बदल दिया गया है।
अब सिक्स लेन रोड से स्टेशन पर एंट्री और जंक्शन व कैब-वे से निकासी होगी। इसके अलावा दो की जगह चार नए प्लेटफॉर्म, सेकेंड एंट्री के बगल में पांच मंजिला होटल व अन्य यात्री सुविधाओं को प्लान में शामिल किया गया है।
चारबाग व गोमतीनगर रेलवे स्टेशन को विश्वस्तरीय बनाने की योजना वर्ष 2017 में तैयार की गई। गोमतीनगर स्टेशन के अपग्रेडेशन का काम शुरू भी हो गया, लेकिन चारबाग के काम में अड़ंगे लगते रहे।
विज्ञापन
रेलवे लैंड डेवलपमेंट अथॉरिटी आरएलडीए व एनबीसीसी को जिम्मेदारी सौंपी गई। उस वक्त के प्लान में आरक्षण केंद्र के पास से अंडरपास बनाया जाना था, जिसे कैब-वे की ओर निकाला जाना था। साथ ही अंडरग्राउंड पार्किंग होनी थी, लेकिन योजना पर काम न हो सका।
अधिकारी बताते हैं कि पहले मॉडल बनाया कि रेलवे की खाली जमीनों के कॉमर्शियल इस्तेमाल की कमाई से स्टेशन का विकास होगा, पर यह मॉडल नहीं चला।
उधर, एनबीसीसी ने भी हाथ खींच लिए। डिजाइन, बिल्ट, ट्रांसफर मॉडल भी फेल रहा। फिर पीपीपी मॉडल पर काम करने की तैयारी की गई।
हालांकि, हर बार मॉडल बदलते रहे, पर काम नहीं शुरू हुआ। नए मास्टरप्लान के तहत ऊपर से ही सिक्स लेन रोड से ट्रैफिक निकाला जाएगा, जहां प्राइवेट टैक्सी सहित अन्य गाड़ियों के लिए लेन होंगी।
...इसलिए नहीं बनेगा अंडरपास
स्टेशन पर अंडरपास से वाहनों के गुजरने के साथ पार्किंग की भी व्यवस्था होनी थी। हालांकि, इस प्लान को आरएलडीए ने छोड़ दिया। इसका कारण था कि अंडरपास के लिए मेट्रो की वजह से खोदाई नहीं हो सकती थी। वहीं, टनल बोरिंग मशीन से खोदाई के लिए भी अतिरिक्त जगह की कमी थी। ऐतिहासिक बिल्डिंग होने से भी इसमें अड़ंगे लगने थे।
अब दो नहीं, चार नए प्लेटफॉर्म बनेंगे
चारबाग स्टेशन के अपग्रेडेशन में पहले दो आईलैंड प्लेटफॉर्म भविष्य की योजना के तहत जंक्शन के सामने बने पुराने मालगोदामों की ओर बनने थे। हालांकि, नए मास्टरप्लान के तहत सेकेंड एंट्री की ओर प्लेटफॉर्म नंबर दस व ग्यारह बनेंगे। सेकेंड एंट्री की ओर से यहां आना आसान होगा।
पांच मंजिला होटल बनेगा, जगह चिह्नित
जमा कराए गए मास्टरप्लान के तहत आलमबाग की ओर से बनी सेकेंड एंट्री के बगल में पांच मंजिला होटल बनाया जाएगा। इसमें बेसमेंट भी बनाया जाएगा, जिसमें यात्री रुक सकेंगे। साथ ही सेकेंड एंट्री की ओर खाली जगहों पर यात्री सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
और रेलवे कॉलोनियां कराई जाएंगी खाली
पहले मॉडल में आरएलडीए को देने के लिए दुर्गापुरी सहित चार रेलवे कॉलोनियां खाली करवाई गई थीं। अब नए मास्टरप्लान के तहत और रेलवे कॉलोनियां खाली करवाई जाएंगी। आशंका है कि सेकेंड एंट्री की ओर मौजूद कॉलोनियों से रेलकर्मियों को हटना पड़ेगा। यहां रेलवे विस्तार की योजनाओं को लागू करेगा।
...पर निकासी में होगी दिक्कतें, फंसेंगी गाड़ियां
पीआरएस की ओर से आने पर डिपार्चर गेट पड़ेगा, जहां से यात्री स्टेशन में प्रवेश करेंगे। स्टेशन से निकलने वालों के लिए अराइवल गेट सेकेंड क्लास बुकिंग हॉल रहेगा। यहां से निकलने वाले जंक्शन के रास्ते बाहर जाएंगे। हालांकि, पीआरएस से सिक्स लेन रोड आ रही है, जबकि जंक्शन की ओर बाहर जाने पर इनकी संख्या कम हो रही है, जिससे ट्रैफिक की दिक्कतें होंगी। हालांकि, रेलवे इस पर मंथन कर रहा है।
ये काम होंगे चारबाग स्टेशन पर...
-44 एस्केलेटर मुख्य बिल्डिंग व सेकेंड एंट्री तक लगाए जाएंगे।
-25 लिफ्ट यात्रियों की सुविधा के लिए प्लेटफॉर्मों पर होंगी।
-04 नए प्लेटफॉर्म चारबाग स्टेशन पर बनाए जाएंगे।
-04 पार्किंग होंगी, एक टू-व्हीलर व तीन चार पहिया के लिए।
-06 लेन रोड से चारबाग पर होगी एंट्री।
-180 मीटर चौड़े कॉन्कोर्स को और विस्तार दिया जाएगा।
-05 मंजिला होटल बनाया जाएगा सेकेंड एंट्री के पास।
चारबाग स्टेशन का नया मास्टरप्लान आरएलडीए ने बनाया है, जिसके लिए टेंडरिंग चल रही है। पानी निकलने, मेट्रो व ऐतिहासिक बिल्डिंग होने से खोदाई नहीं की जा सकती थी, लिहाजा अंडरपास की योजना को रद्द किया गया है। आगमन व प्रस्थान के रास्ते अलग-अलग होंगे। अब पीआरएस की ओर से एंट्री और जंक्शन व कैब-वे से निकासी की जाएगी। होटल सेकेंड एंट्री की ओर बनेगा।
- एसके सपरा, डीआरएम, उत्तर रेलवे लखनऊ मंडल
विज्ञापन
चारबाग स्टेशन को अपग्रेड करने के मास्टरप्लान में बड़े फेरबदल किए गए हैं। ट्रैफिक, पार्किंग की समस्या दूर करने के लिए यहां अंडरपास बनाने का प्लान बदल दिया गया है।
अब सिक्स लेन रोड से स्टेशन पर एंट्री और जंक्शन व कैब-वे से निकासी होगी। इसके अलावा दो की जगह चार नए प्लेटफॉर्म, सेकेंड एंट्री के बगल में पांच मंजिला होटल व अन्य यात्री सुविधाओं को प्लान में शामिल किया गया है।
विज्ञापन
चारबाग व गोमतीनगर रेलवे स्टेशन को विश्वस्तरीय बनाने की योजना वर्ष 2017 में तैयार की गई। गोमतीनगर स्टेशन के अपग्रेडेशन का काम शुरू भी हो गया, लेकिन चारबाग के काम में अड़ंगे लगते रहे।
विज्ञापन
रेलवे लैंड डेवलपमेंट अथॉरिटी आरएलडीए व एनबीसीसी को जिम्मेदारी सौंपी गई। उस वक्त के प्लान में आरक्षण केंद्र के पास से अंडरपास बनाया जाना था, जिसे कैब-वे की ओर निकाला जाना था। साथ ही अंडरग्राउंड पार्किंग होनी थी, लेकिन योजना पर काम न हो सका।
अधिकारी बताते हैं कि पहले मॉडल बनाया कि रेलवे की खाली जमीनों के कॉमर्शियल इस्तेमाल की कमाई से स्टेशन का विकास होगा, पर यह मॉडल नहीं चला।
उधर, एनबीसीसी ने भी हाथ खींच लिए। डिजाइन, बिल्ट, ट्रांसफर मॉडल भी फेल रहा। फिर पीपीपी मॉडल पर काम करने की तैयारी की गई।
हालांकि, हर बार मॉडल बदलते रहे, पर काम नहीं शुरू हुआ। नए मास्टरप्लान के तहत ऊपर से ही सिक्स लेन रोड से ट्रैफिक निकाला जाएगा, जहां प्राइवेट टैक्सी सहित अन्य गाड़ियों के लिए लेन होंगी।
...इसलिए नहीं बनेगा अंडरपास
स्टेशन पर अंडरपास से वाहनों के गुजरने के साथ पार्किंग की भी व्यवस्था होनी थी। हालांकि, इस प्लान को आरएलडीए ने छोड़ दिया। इसका कारण था कि अंडरपास के लिए मेट्रो की वजह से खोदाई नहीं हो सकती थी। वहीं, टनल बोरिंग मशीन से खोदाई के लिए भी अतिरिक्त जगह की कमी थी। ऐतिहासिक बिल्डिंग होने से भी इसमें अड़ंगे लगने थे।
अब दो नहीं, चार नए प्लेटफॉर्म बनेंगे
चारबाग स्टेशन के अपग्रेडेशन में पहले दो आईलैंड प्लेटफॉर्म भविष्य की योजना के तहत जंक्शन के सामने बने पुराने मालगोदामों की ओर बनने थे। हालांकि, नए मास्टरप्लान के तहत सेकेंड एंट्री की ओर प्लेटफॉर्म नंबर दस व ग्यारह बनेंगे। सेकेंड एंट्री की ओर से यहां आना आसान होगा।
पांच मंजिला होटल बनेगा, जगह चिह्नित
जमा कराए गए मास्टरप्लान के तहत आलमबाग की ओर से बनी सेकेंड एंट्री के बगल में पांच मंजिला होटल बनाया जाएगा। इसमें बेसमेंट भी बनाया जाएगा, जिसमें यात्री रुक सकेंगे। साथ ही सेकेंड एंट्री की ओर खाली जगहों पर यात्री सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
और रेलवे कॉलोनियां कराई जाएंगी खाली
पहले मॉडल में आरएलडीए को देने के लिए दुर्गापुरी सहित चार रेलवे कॉलोनियां खाली करवाई गई थीं। अब नए मास्टरप्लान के तहत और रेलवे कॉलोनियां खाली करवाई जाएंगी। आशंका है कि सेकेंड एंट्री की ओर मौजूद कॉलोनियों से रेलकर्मियों को हटना पड़ेगा। यहां रेलवे विस्तार की योजनाओं को लागू करेगा।
...पर निकासी में होगी दिक्कतें, फंसेंगी गाड़ियां
पीआरएस की ओर से आने पर डिपार्चर गेट पड़ेगा, जहां से यात्री स्टेशन में प्रवेश करेंगे। स्टेशन से निकलने वालों के लिए अराइवल गेट सेकेंड क्लास बुकिंग हॉल रहेगा। यहां से निकलने वाले जंक्शन के रास्ते बाहर जाएंगे। हालांकि, पीआरएस से सिक्स लेन रोड आ रही है, जबकि जंक्शन की ओर बाहर जाने पर इनकी संख्या कम हो रही है, जिससे ट्रैफिक की दिक्कतें होंगी। हालांकि, रेलवे इस पर मंथन कर रहा है।
ये काम होंगे चारबाग स्टेशन पर...
-44 एस्केलेटर मुख्य बिल्डिंग व सेकेंड एंट्री तक लगाए जाएंगे।
-25 लिफ्ट यात्रियों की सुविधा के लिए प्लेटफॉर्मों पर होंगी।
-04 नए प्लेटफॉर्म चारबाग स्टेशन पर बनाए जाएंगे।
-04 पार्किंग होंगी, एक टू-व्हीलर व तीन चार पहिया के लिए।
-06 लेन रोड से चारबाग पर होगी एंट्री।
-180 मीटर चौड़े कॉन्कोर्स को और विस्तार दिया जाएगा।
-05 मंजिला होटल बनाया जाएगा सेकेंड एंट्री के पास।
चारबाग स्टेशन का नया मास्टरप्लान आरएलडीए ने बनाया है, जिसके लिए टेंडरिंग चल रही है। पानी निकलने, मेट्रो व ऐतिहासिक बिल्डिंग होने से खोदाई नहीं की जा सकती थी, लिहाजा अंडरपास की योजना को रद्द किया गया है। आगमन व प्रस्थान के रास्ते अलग-अलग होंगे। अब पीआरएस की ओर से एंट्री और जंक्शन व कैब-वे से निकासी की जाएगी। होटल सेकेंड एंट्री की ओर बनेगा।
- एसके सपरा, डीआरएम, उत्तर रेलवे लखनऊ मंडल