लखनऊ में 81 दिन से बाघ की दहशत: बेल की बाग में मिले पगचिह्न, आया और बचा मांस खाकर फुर्र, देखता रहा वन विभाग
लखनऊ में 81 दिन से बाघ की दहशत फैली है। बेल की बाग में ताजा पगचिह्न मिले। बाघ आया और बचा हुआ मांस खाकर निकल गया। वन विभाग की टीम देखती रह गई।
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राजधानी लखनऊ के रहमानखेड़ा में बेहता नाला किनारे बेल वाली बाग में बाघ ने दो दिन पहले पड़वे का शिकार किया था। सोमवार को वन विभाग की टीम शिकार स्थल पर बाघ के लौटने का इंतजार करती रही, लेकिन वह नजर नहीं आया। उधर, ग्रामीणों का दावा है कि बाघ शिकार स्थल के आसपास घूमकर पड़वे का बचा हुआ मांस खाकर जंगल की ओर लौट गया।
वन विभाग की टीम को बाग में बाघ के ताजा पगचिह्न मिले हैं। अब वन विभाग ने फिर से वहां नया पड़वा बांधा है। टीम का मानना है कि बाघ शिकार करने के बाद कहीं छुप गया है। वह पानी पीने के लिए बेहता नाले की तरफ आएगा।
उसी दौरान टीम ने बाघ को घेरने की रणनीति बनाई है। फिलहाल, लगातार 81 दिनों से रहमानखेड़ा इलाके में चहलकदमी कर रहा बाघ अब तक 23 शिकार कर चुका है। 60 गांव के लोग इससे परेशान हैं।