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कोरोना संक्रमण को देखते हुए अब अपने जिले में पॉलीटेक्निक प्रवेश परीक्षा दे सकेंगे छात्र
Wed, 29 Jul 2020 01:47 PM IST
ishwar ashish
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Wed, 29 Jul 2020 01:47 PM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : amar ujala
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कोरोना संक्रमण को देखते हुए छात्र अब अपने ही जिले में पॉलीटेक्निक प्रवेश परीक्षा दे सकेंगे। पहले जो परीक्षा केंद्र निर्धारित किए गए थे, उन्हें निरस्त कर दिया गया है। पॉलीटेक्निक संस्थानों में दाखिले के लिए 12 और 15 सितंबर को होने वाली संयुक्त प्रवेश परीक्षा के लिए 3,90,894 छात्रों ने पंजीकरण कराया है।
संयुक्त प्रवेश परीक्षा परिषद के सचिव एसके वैश्य ने बताया कि छात्रों को अब अपने जिले में ही प्रवेश परीक्षा देने की सुविधा दी जा रही है ताकि उन्हें दूरस्थ जगहों पर न भटकना पड़े। प्रवेश परीक्षा केंद्र बनाने की प्रक्रिया में राजकीय और सहायता प्राप्त पॉलीटेक्निक संस्थानों को प्राथमिकता दी जा रही है।
प्रदेश में 150 राजकीय और 19 अनुदानित पॉलीटेक्निक संस्थान हैं। सोशल डिस्टेंसिंग को ध्यान में रखते हुए इन केंद्रों पर काफी संख्या में छात्र प्रवेश परीक्षा में शामिल हो सकेंगे। उन्होंने बताया कि जिला स्तर पर गठित कमेटी परीक्षा केंद्रों और छात्रों की संख्या की समीक्षा कर रही है।
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यदि किसी जिले में छात्र ज्यादा होंगे तो दूसरे निजी कॉलेजों में परीक्षा केंद्र बनाया जाएगा। इसके लिए निजी कॉलेजों से भी अनुमति पत्र मांगा जा रहा है। जिन पाठ्यक्रमों के लिए ऑनलाइन परीक्षा होगी, उनके लिए कंप्यूटर सेंटरों को परीक्षा केंद्र बनाया जाएगा। परीक्षा केंद्र निर्धारित होते ही एडमिट कार्ड ऑनलाइन अपलोड कर दिए जाएंगे।
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संयुक्त प्रवेश परीक्षा परिषद के सचिव एसके वैश्य ने बताया कि छात्रों को अब अपने जिले में ही प्रवेश परीक्षा देने की सुविधा दी जा रही है ताकि उन्हें दूरस्थ जगहों पर न भटकना पड़े। प्रवेश परीक्षा केंद्र बनाने की प्रक्रिया में राजकीय और सहायता प्राप्त पॉलीटेक्निक संस्थानों को प्राथमिकता दी जा रही है।
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प्रदेश में 150 राजकीय और 19 अनुदानित पॉलीटेक्निक संस्थान हैं। सोशल डिस्टेंसिंग को ध्यान में रखते हुए इन केंद्रों पर काफी संख्या में छात्र प्रवेश परीक्षा में शामिल हो सकेंगे। उन्होंने बताया कि जिला स्तर पर गठित कमेटी परीक्षा केंद्रों और छात्रों की संख्या की समीक्षा कर रही है।
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यदि किसी जिले में छात्र ज्यादा होंगे तो दूसरे निजी कॉलेजों में परीक्षा केंद्र बनाया जाएगा। इसके लिए निजी कॉलेजों से भी अनुमति पत्र मांगा जा रहा है। जिन पाठ्यक्रमों के लिए ऑनलाइन परीक्षा होगी, उनके लिए कंप्यूटर सेंटरों को परीक्षा केंद्र बनाया जाएगा। परीक्षा केंद्र निर्धारित होते ही एडमिट कार्ड ऑनलाइन अपलोड कर दिए जाएंगे।