अखिलेश बोले, यूपी में सपा अकेले लड़ेगी 2017 का चुनाव
सपा के प्रदेश अध्यक्ष व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने यूपी विधानसभा चुनाव के लिए पार्टी नेताओं शिवपाल यादव और फरीद महफूज किदवई के उस बयान को खारिज किया है जिसमें महागठबंधन किए जाने की बात कही गई थी। रविवार को अखिलेश ने स्पष्ट किया कि यूपी में सपा अकेले ही चुनाव लड़ेगी। किसी दल से गठबंधन नहीं होगा।
जौनपुर और संतकबीरनगर में पत्रकार वार्ता ने दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि समाजवादी पार्टी ने पिछला चुनाव विकास के मुद्दे पर लड़ा था। जिसे जनता ने समर्थन दिया और पूर्ण बहुमत की सरकार बनवाई। सरकार ने अपने सारे चुनावी वादे पूरे किए हैं। अब उन्हीं विकास कार्यों के दम पर पार्टी अकेले चुनाव लड़ेगी और सत्ता में फिर लौटेगी।
अखिलेश ने यह भी कहा कि बिहार में महागठबंधन की जीत विकास के मु्द्दे पर हुई है। यूपी में हुए पंचायत चुनाव में भी जनता ने विकास को महत्व देते हुए सपा को अपार जनसमर्थन दिया है।
सपा विकास के एजेंडे पर ही विधानसभा चुनाव लड़ेगी। मुख्यमंत्री ने वाराणसी में रूसी युवती पर एसिड अटैक की घटना पर दुख व्यक्त करते हुए कहा कि उसके इलाज का सारा खर्च प्रदेश सरकार वहन करेगी।
महागठबंधन पर सपा नेताओं ने क्या कहा था-
महागठबंधन पर लोकनिर्माण मंत्री शिवपाल सिंह यादव ने कहा था कि बिहार की तर्ज पर 2017 में यूपी चुनाव में भी महागठबंधन संभव है। भाजपा को सत्ता में आने से रोकने के लिए सपा 2017 में महागठबंधन बना सकती है।
दुआ करूंगा महागठबंधन में आए बसपा
इसके पहले प्राविधिक शिक्षा राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार फरीद महफूज किदवई ने बयान दिया था कि बिहार की तरह यूपी में भी भाजपा के खिलाफ महागठबंधन बने तो अच्छा है। मैं दुआ करूंगा कि बसपा भी इस महागठबंधन में शामिल हो। वैसे बसपा सुप्रीमो के रुख को देखते हुए मुझे इसकी ज्यादा उम्मीद नहीं लगती।
महागठबंधन के संबंध में फैसला पार्टी नेतृत्व को लेना है। मेरी इच्छा है कि सपा ज्यादा से ज्यादा सीटों पर जीतें, प्रदेश में दुबारा अखिलेश यादव की अगुवाई में सरकार बने।