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उमेश पाल हत्याकांड: अशरफ से मुलाकात कराने के मामले में जेलर व उप जेलर सहित छह पुलिसकर्मी निलंबित
Mon, 13 Mar 2023 08:16 PM IST
ishwar ashish
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Mon, 13 Mar 2023 08:16 PM IST
सार
उमेश पाल हत्याकांड में आरोपी अशरफ से नियम विरुद्घ मुलाकात कराने के मामले में छह पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है।
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : फाइल फोटो
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विस्तार
माफिया अतीक अहमद के भाई अशरफ से बरेली जेल में गैरकानूननी तरीके से मुलाकात कराने के मामले में जेलर समेत छह जेलकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है। वहीं बरेली जेल के वरिष्ठ अधीक्षक राजीव कुमार शुक्ला, जेलर राजीव कुमार मिश्रा और डिप्टी जेलर कृष्ण मुरारी गुप्ता के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की संस्तुति की गयी है। इस प्रकरण में अब तक नौ जेल अधिकारी एवं कर्मचारी दोषी पाए जा चुके हैं।
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डीजी जेल आनंद कुमार के निर्देश पर डीआईजी जेल बरेली रेंज आरएन पांडेय ने इस प्रकरण की जांच की थी। जांच में सामने आया है कि गत 11 फरवरी समेत बीते कई दिनों में अशरफ से जेल में मिलने के लिए 35-40 लोग आते थे। जेलकर्मियों की मिलीभगत से सभी बिना पर्ची अशरफ से मिलते थे। डीआईजी आरएन पांडेय की रिपोर्ट पर डीजी जेल ने 11 फरवरी को अशरफ से गैरकानूनी तरीके से मुलाकात कराने के मामले में प्रथमदृष्टया दोषी पाए गए बंदियों की मुलाकात के पर्यवेक्षणीय अधिकारी जेलर राजीव कुमार मिश्रा और मुलाकात अधिकारी डिप्टी जेलर दुर्गेश प्रताप सिंह को निलंबित किया है। वहीं डीआईजी जेल आरएन पांडेय ने हेड जेल वार्डर ब्रजवीर सिंह, जेल वार्डर मनोज गौड़, दानिश मेंहदी और दलपत सिंह को निलंबित किया है। डीआईजी ने इससे पहले जेल वार्डर शिवहिर अवस्थी को भी निलंबित किया था जिसे यह मामला सामने आने के बाद बरेली पुलिस ने गिरफ्तार जेल भेजा था।
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दस्तावेजों में भी मिली गड़बड़ी
जांच में बरेली जेल के दस्तावेजों में भी बड़े पैमाने पर गड़बड़ी करने के प्रमाण मिले हैं। अशरफ से 11 फरवरी से पहले और बाद में कई दिनों तक 35 से 40 लोग मिलने आते थे। इनमें से कितने परिजन और गैंग के सदस्य थे, इसकी जांच बरेली और प्रयागराज पुलिस करेगी। इन सभी को जेल में बेरोकटोक आने-जाने दिया जाता था। मुलाकात रजिस्टर में केवल एक व्यक्ति का नाम दर्ज होता था। डीआईजी ने अपनी रिपोर्ट में इसका विस्तार से उल्लेख करते हुए दोषी जेलकर्मियों पर सख्त कार्रवाई करने की सिफारिश की है। साथ ही अशरफ की निगरानी बढ़ाने और जेल में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए कई सुझाव भी दिए है।
इनको किया गया निलंबित
1. जिला जेल बरेली के जेलर राजीव कुमार मिश्र (बंदियों की मुलाकात के पर्यवेक्षणीय अधिकारी )
2. दुर्गेश प्रताप सिंह उप जेलर ( मुलाकात अधिकारी )
3. ब्रिजवीर सिंह हेड जेल वार्डर
4. मनोज गौड़ जेल वार्डर
5. दानिश मेंहदी जेल वार्डर
6. दलपत सिंह जेल वार्डर