बिजनौर में ब्लास्ट करने की योजना बना रहे थे सिमी आतंकी
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ओडिशा के राउरकेला से दबोचे गए सिमी आतंकियों से पूछताछ में कई अहम जानकारियां सामने आई हैं। आतंकियों ने अपने मददगारों के तौर पर कुछ लोगों के नाम भी बताए हैं। एनआईए इनसे अभी तक हासिल सूचना की जांच कर रही है।
ओडिशा के राउरकेला में बुधवार को दबोचे गए सिमी आतंकियों अमजद खान उर्फ दाऊद उर्फ पप्पू उर्फ उमर, जाकिर हुसैन उर्फ सादिक उर्फ विक्की डॉन उर्फ विनय कुमार, शेख महबूब उर्फ गुड्डू उर्फ समीर उर्फ रमेश, सालिक उर्फ सल्लू से जांच एजेंसियां लगातार पूछताछ कर रही हैं।
एनआईए की मोस्ट वांटेड लिस्ट में शामिल इन सभी आतंकियों की गिरफ्तारी पर दस-दस लाख रुपये का इनाम घोषित था।
एनआईए सूत्रों का कहना है कि अभी तक की पूछताछ में इन लोगों ने कई लूट और डकैतियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी है।
बम बनाते समय हो गया था धमाका
उन्होंने यह भी माना है कि बिजनौर में रहकर वे विस्फोट करने की योजना बना रहे थे, लेकिन बम बनाते समय धमाका हो गया।
एनआईए सूत्रों का कहना है कि अभी इन्होंने यह नहीं कबूला है कि बिजनौर में उनसे पास यह विस्फोटक कैसे पहुंचा और उनकी कहां वारदात करने की मंशा थी। इस बारे में वे अलग-अलग बयान दे रहे हैं।
इतना जरूर है कि आतंकियों ने विभिन्न राज्यों में उनके द्वारा बनाए गए करीब 17 सेफ हाउस में से कुछ की जानकारी दी है। जांच एजेंसी उनके इस बयान की जांच कर रही है।
सूत्रों के अनुसार पहले तो इन आतंकियों ने किसी भी तरह का सेफ हाउस बनाए जाने से सिरे इन्कार कर दिया था, पर बाद में कुछ के बारे में जानकारी दी है। इसके अलावा उन्होंने कुछ मददगारों के नाम बताए हैं, पर यह भी कहा है कि वे उनके संगठन से जुड़े लोग नहीं बल्कि उनके जानने वाले हैं।