{"_id":"63fbc4c47e23dca45f010c79","slug":"ruckus-after-death-of-patients-lucknow-news-c-13-lko1018-105242-2023-02-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lucknow News: निजी अस्पताल में मरीज की मौत, लापरवाही का आरोप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lucknow News: निजी अस्पताल में मरीज की मौत, लापरवाही का आरोप
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ठाकुरगंज स्थित नोवा हॉस्पिटल में रविवार को इलाज के दौरान मरीज की मौत हो गई। गुस्साए परिजनों ने लापरवाही का आरोप लगाकर हंगामा किया। सूचना पर आई पुलिस ने परिजनों को कार्रवाई का आश्वासन देकर शांत कराया। वहीं अस्पताल प्रशासन का कहना है इलाज के दौरान मरीज को दिल का दौरा पड़ने से उसकी जान गई है। तीमारदारों के आरोप बेबुनियाद हैं।
ठाकुरगंज बालागंज निवासी दिनेश बाजपेई (72) हादसे में जख्मी हो गए थे। उनकी कमर में चोट आई थी। परिजनों ने पहले उन्हें नजदीकी निजी अस्पताल में भर्ती कराया। इलाज से फायदा न होने पर रविवार सुबह नोवा हॉस्पिटल में भर्ती कराया। यहां मरीज के रीढ़ की हड्डी का एक्सरे हुआ। डॉक्टरों ने मरीज को दवाएं चढ़ाना शुरू किया। इसी दौरान मरीज को दिल का दौरा पड़ गया। डॉक्टरों ने मरीज की जान बचाने के लिए उसे आईसीयू में शिफ्ट किया, मगर उसकी जान नहीं बच सकी।
मौत से गुस्साए परिजनों ने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाकर हंगामा शुरू किया। परिजनों ने गलत दवा चढ़ाने का आरोप लगाकर पुलिस बुला ली। वहीं नोवा हॉस्पिटल के डॉक्टर प्रशांत का कहना है कि इलाज में कोई भी कोताही नहीं हुई। मरीज को इलाज के दौरान दिल का दौरा पड़ गया। इससे उसकी जान चली गई। तीमारदार गलत आरोप लगा रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
ठाकुरगंज बालागंज निवासी दिनेश बाजपेई (72) हादसे में जख्मी हो गए थे। उनकी कमर में चोट आई थी। परिजनों ने पहले उन्हें नजदीकी निजी अस्पताल में भर्ती कराया। इलाज से फायदा न होने पर रविवार सुबह नोवा हॉस्पिटल में भर्ती कराया। यहां मरीज के रीढ़ की हड्डी का एक्सरे हुआ। डॉक्टरों ने मरीज को दवाएं चढ़ाना शुरू किया। इसी दौरान मरीज को दिल का दौरा पड़ गया। डॉक्टरों ने मरीज की जान बचाने के लिए उसे आईसीयू में शिफ्ट किया, मगर उसकी जान नहीं बच सकी।
विज्ञापन
मौत से गुस्साए परिजनों ने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाकर हंगामा शुरू किया। परिजनों ने गलत दवा चढ़ाने का आरोप लगाकर पुलिस बुला ली। वहीं नोवा हॉस्पिटल के डॉक्टर प्रशांत का कहना है कि इलाज में कोई भी कोताही नहीं हुई। मरीज को इलाज के दौरान दिल का दौरा पड़ गया। इससे उसकी जान चली गई। तीमारदार गलत आरोप लगा रहे हैं।
विज्ञापन