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Lucknow News: कारोबार और जमीन के नाम पर पांच लोगों से 79.97 लाख रुपये ठगे
Mon, 19 Oct 2026 01:35 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
Updated Mon, 19 Oct 2026 01:35 AM IST
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लखनऊ। कारोबार में साझेदारी और प्लॉट दिलाने का झांसा देकर पांच लोगों से 79.97 लाख रुपये हड़पने के आरोप में चिनहट, विभूतिखंड और पारा थानों में प्राथमिकी दर्ज कराई गई हैं। पीड़ितों ने आरोपियों पर रकम लेने के बाद कारोबार शुरू न करने और प्लॉट की रजिस्ट्री न कराने का आरोप लगाया है।
चिनहट के क्रिस्टल अपार्टमेंट निवासी निजी कंपनी के कर्मचारी विजय प्रताप सिंह के मुताबिक, संतकबीरनगर के कुशफेर निवासी देवेंद्र पासवान ने उन्हें कारोबार में साझेदार बनाने का झांसा दिया था। आरोप है कि निवेश के नाम पर उनसे 22.55 लाख रुपये लेने के बाद न कारोबार शुरू किया गया और न ही रकम लौटाई गई।
हुसैनगंज के उदयगंज निवासी मनोज कुमार साहू ने बताया कि उन्होंने 2003 में साहू हाउसिंग फाइनेंस कंपनी से चिनहट में टेल्को कंपनी के पास 60 हजार रुपये में प्लॉट बुक कराया था। आरोप है कि जुलाई 2026 में कंपनी के कर्मचारी मुलायम यादव ने उस प्लॉट पर कब्जा कर लिया। मनोज के मुताबिक, चिनहट पुलिस से शिकायत के बावजूद कार्रवाई नहीं हुई, जिसके बाद उन्होंने अदालत का रुख किया। चिनहट इंस्पेक्टर दिनेश चंद्र मिश्र ने बताया कि दोनों मामलों की जांच की जा रही है। साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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चिनहट निवासी राज कुमार के मुताबिक, वर्ष 2024 में प्लॉट खरीदने के लिए वह विभूतिखंड स्थित एमजी बिल्डर्स के कार्यालय गए थे। वहां कंपनी के कर्मचारी सुमिता मिश्रा, सौरभ, शशांक सिंह, भूपेंद्र और रिजवी से मुलाकात हुई। आरोप है कि उनके कहने पर 8.73 लाख रुपये में प्लॉट खरीदने का सौदा हुआ लेकिन उनके नाम रजिस्ट्री नहीं की गई। इसी तरह सरोजनीनगर की सैनिक सोसायटी निवासी चंद्र किशोर मिश्रा से भी प्लॉट के नाम पर 9.75 लाख रुपये लेने का आरोप है। दोनों मामलों में विभूतिखंड थाने में अलग-अलग प्राथमिकी दर्ज कराई गई हैं। इंस्पेक्टर उपेंद्र सिंह ने बताया कि पुलिस साक्ष्य जुटा रही है।
इसके अलावा पारा के मोहान रोड निवासी अब्बास अली ने आरोप लगाया कि उनके परिचित दानिश, इब्राहिम, सद्दाम और ज्ञान प्रकाश ने उन्हें कम कीमत पर प्लॉट दिलाने का झांसा दिया था। आरोपियों ने उन्हें प्लॉट दिखाकर 38.34 लाख रुपये में सौदा तय किया। रकम लेने के बाद भी रजिस्ट्री नहीं कराई गई। पारा इंस्पेक्टर सुरेश सिंह के मुताबिक, मामले की जांच की जा रही है।
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चिनहट के क्रिस्टल अपार्टमेंट निवासी निजी कंपनी के कर्मचारी विजय प्रताप सिंह के मुताबिक, संतकबीरनगर के कुशफेर निवासी देवेंद्र पासवान ने उन्हें कारोबार में साझेदार बनाने का झांसा दिया था। आरोप है कि निवेश के नाम पर उनसे 22.55 लाख रुपये लेने के बाद न कारोबार शुरू किया गया और न ही रकम लौटाई गई।
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हुसैनगंज के उदयगंज निवासी मनोज कुमार साहू ने बताया कि उन्होंने 2003 में साहू हाउसिंग फाइनेंस कंपनी से चिनहट में टेल्को कंपनी के पास 60 हजार रुपये में प्लॉट बुक कराया था। आरोप है कि जुलाई 2026 में कंपनी के कर्मचारी मुलायम यादव ने उस प्लॉट पर कब्जा कर लिया। मनोज के मुताबिक, चिनहट पुलिस से शिकायत के बावजूद कार्रवाई नहीं हुई, जिसके बाद उन्होंने अदालत का रुख किया। चिनहट इंस्पेक्टर दिनेश चंद्र मिश्र ने बताया कि दोनों मामलों की जांच की जा रही है। साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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चिनहट निवासी राज कुमार के मुताबिक, वर्ष 2024 में प्लॉट खरीदने के लिए वह विभूतिखंड स्थित एमजी बिल्डर्स के कार्यालय गए थे। वहां कंपनी के कर्मचारी सुमिता मिश्रा, सौरभ, शशांक सिंह, भूपेंद्र और रिजवी से मुलाकात हुई। आरोप है कि उनके कहने पर 8.73 लाख रुपये में प्लॉट खरीदने का सौदा हुआ लेकिन उनके नाम रजिस्ट्री नहीं की गई। इसी तरह सरोजनीनगर की सैनिक सोसायटी निवासी चंद्र किशोर मिश्रा से भी प्लॉट के नाम पर 9.75 लाख रुपये लेने का आरोप है। दोनों मामलों में विभूतिखंड थाने में अलग-अलग प्राथमिकी दर्ज कराई गई हैं। इंस्पेक्टर उपेंद्र सिंह ने बताया कि पुलिस साक्ष्य जुटा रही है।
इसके अलावा पारा के मोहान रोड निवासी अब्बास अली ने आरोप लगाया कि उनके परिचित दानिश, इब्राहिम, सद्दाम और ज्ञान प्रकाश ने उन्हें कम कीमत पर प्लॉट दिलाने का झांसा दिया था। आरोपियों ने उन्हें प्लॉट दिखाकर 38.34 लाख रुपये में सौदा तय किया। रकम लेने के बाद भी रजिस्ट्री नहीं कराई गई। पारा इंस्पेक्टर सुरेश सिंह के मुताबिक, मामले की जांच की जा रही है।