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Lucknow News: मेडिकल कॉलेज में दाखिले के नाम पर 36.86 लाख ठगे
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मेडिकल कॉलेज में दाखिले के नाम पर 36.86 लाख ठगे
लखनऊ। बेटी को सरकारी मेडिकल कॉलेज में दाखिला दिलाने की चाह में गोमतीनगर विस्तार स्थित ग्रीनवुड अपार्टमेंट निवासी सुमन कटियार 36.86 लाख की ठगी का शिकार हो गईं। आरोपियों ने दाखिले का भरोसा दिलाने के लिए बंगलूरू मेडिकल कॉलेज एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट के फर्जी दस्तावेज और अलॉटमेंट लेटर भेजे। कॉलेज पहुंचने पर दस्तावेज फर्जी होने का पता चला। लखनऊ लौटकर 21 अक्तूबर को गोमतीनगर विस्तार थाने में चार लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई।
सुमन के मुताबिक, उनकी बेटी सरकारी मेडिकल कॉलेज में प्रवेश लेना चाहती थी। एक अक्तूबर को इंस्टाग्राम पर एडमिशन डेस्क नाम से एक विज्ञापन दिखा। उसने विजय कुमार, अभिषेक कुमार, तरुण कुमार और एक अज्ञात व्यक्ति के मोबाइल नंबर पर संपर्क किया। आरोपियों ने खुद को काउंसलर बताते हुए सरकारी मेडिकल कॉलेजों में डोनेशन के जरिये दाखिला दिलाने का दावा किया। भरोसा जीतने के लिए बंगलूरू मेडिकल कॉलेज एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट के आधिकारिक दस्तावेज व्हाट्सएप पर भेजे। दाखिले की पूरी प्रक्रिया में 30 लाख रुपये खर्च होने की बात कही। बेटी के नीट और अन्य शैक्षणिक दस्तावेज मांगे। दो अक्तूबर को सीट बुकिंग के नाम पर तीन लाख रुपये एडवांस ले लिए।
हवाला के जरिये मंगवाए 10 लाख रुपये
पीड़िता के अनुसार, सात अक्तूबर को आरोपियों ने अलॉटमेंट लेटर और फीस संबंधी दस्तावेज भेजे। तीन दिन बाद सुबह नौ बजे फोन कर 10 लाख रुपये नकद मांगे। सुमन ने नकदी दिल्ली पहुंचाने में असमर्थता जताई तो आरोपियों ने हवाला के जरिये रकम मंगवा ली। आरोप है कि 10 अक्तूबर तक विभिन्न शुल्कों के नाम पर उनसे कुल 36.86 लाख रुपये ले लिए गए। थाना प्रभारी गौरव बाजपेयी ने बताया कि जांच की जा रही है। पीड़िता से ठगी से संबंधित दस्तावेज मांगे गए हैं।
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सुमन के मुताबिक, उनकी बेटी सरकारी मेडिकल कॉलेज में प्रवेश लेना चाहती थी। एक अक्तूबर को इंस्टाग्राम पर एडमिशन डेस्क नाम से एक विज्ञापन दिखा। उसने विजय कुमार, अभिषेक कुमार, तरुण कुमार और एक अज्ञात व्यक्ति के मोबाइल नंबर पर संपर्क किया। आरोपियों ने खुद को काउंसलर बताते हुए सरकारी मेडिकल कॉलेजों में डोनेशन के जरिये दाखिला दिलाने का दावा किया। भरोसा जीतने के लिए बंगलूरू मेडिकल कॉलेज एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट के आधिकारिक दस्तावेज व्हाट्सएप पर भेजे। दाखिले की पूरी प्रक्रिया में 30 लाख रुपये खर्च होने की बात कही। बेटी के नीट और अन्य शैक्षणिक दस्तावेज मांगे। दो अक्तूबर को सीट बुकिंग के नाम पर तीन लाख रुपये एडवांस ले लिए।
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हवाला के जरिये मंगवाए 10 लाख रुपये
पीड़िता के अनुसार, सात अक्तूबर को आरोपियों ने अलॉटमेंट लेटर और फीस संबंधी दस्तावेज भेजे। तीन दिन बाद सुबह नौ बजे फोन कर 10 लाख रुपये नकद मांगे। सुमन ने नकदी दिल्ली पहुंचाने में असमर्थता जताई तो आरोपियों ने हवाला के जरिये रकम मंगवा ली। आरोप है कि 10 अक्तूबर तक विभिन्न शुल्कों के नाम पर उनसे कुल 36.86 लाख रुपये ले लिए गए। थाना प्रभारी गौरव बाजपेयी ने बताया कि जांच की जा रही है। पीड़िता से ठगी से संबंधित दस्तावेज मांगे गए हैं।
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