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Lucknow News: लिवर में धंसा सरिया दूरबीन विधि से निकाला
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युवक के लिवर में धंसा सरिया निकालने वाली टीम।
लखनऊ। केजीएमयू में ट्रॉमा सर्जरी विभाग के डॉक्टरों ने बहराइच के युवक के लिवर में धंसे सरिया को निकालकर उसे नया जीवन दिया है। 31 वर्षीय संदीप सफाई करते समय लोहे के सरिया पर गिर गए थे। गंभीर हालत में उन्हें ट्रॉमा सेंटर लाया गया। यहां डॉक्टरों ने दूरबीन विधि से जटिल ऑपरेशन कर उनकी जान बचाई।
ट्रॉमा सर्जरी विभाग के अध्यक्ष डॉ. संदीप तिवारी और डॉ. समीर मिश्रा की देखरेख में डॉ. वैभव जायसवाल ने सर्जरी की। डॉ. जायसवाल ने बताया कि घायल होने के बाद घरवालों ने संदीप को स्थानीय निजी अस्पताल में प्राथमिक इलाज कराया। इसके बाद उन्हें लेकर ट्रॉमा सेंटर पहुंचे। यहां तुरंत ऑपरेशन करने का फैसला लिया गया। सीटी स्कैन में पता चला कि लोहे का सरिया पीठ को चीरकर छाती से होते हुए लिवर में धंस गया था। ऐसे में ओपन सर्जरी में खतरा ज्यादा था। इस कारण दूरबीन विधि से सर्जरी का फैसला किया गया।
इसके लिए डॉ. रमबीत द्विवेदी और डॉ. अर्चना ने तुरंत खून का इंतजाम किया। फिर छोटा चीरा लगाकर घायल के पेट में दूरबीन डाली गई। दूसरे चीरे से औजार के माध्यम से सरिया को सावधानीपूर्वक निकाला गया। ऑपरेशन के बाद घायल की हालत ठीक है।
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ऑपरेशन करने वाली टीम के सदस्य
प्रो. संदीप तिवारी, डॉ. समीर मिश्रा, डॉ. वैभव जायवाल, डॉ. रमबीत चंद्र द्विवेदी, डॉ. लोकेश कुमार, डॉ. अर्चना सिंह, डॉ. अर्जुन, डॉ. आशुतोष, डॉ. धैर्य, डॉ. अंकित, एनेस्थीसिया विशेषज्ञ-डॉ. नीलकमल, डॉ.नेहा महेश्वरी, डॉ. शैफाली दास, डॉ. शांभवी झा, डॉ. निशा, डॉ. शेरान, डॉ. महेश जायसवाल, डॉ. केविन।
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ट्रॉमा सर्जरी विभाग के अध्यक्ष डॉ. संदीप तिवारी और डॉ. समीर मिश्रा की देखरेख में डॉ. वैभव जायसवाल ने सर्जरी की। डॉ. जायसवाल ने बताया कि घायल होने के बाद घरवालों ने संदीप को स्थानीय निजी अस्पताल में प्राथमिक इलाज कराया। इसके बाद उन्हें लेकर ट्रॉमा सेंटर पहुंचे। यहां तुरंत ऑपरेशन करने का फैसला लिया गया। सीटी स्कैन में पता चला कि लोहे का सरिया पीठ को चीरकर छाती से होते हुए लिवर में धंस गया था। ऐसे में ओपन सर्जरी में खतरा ज्यादा था। इस कारण दूरबीन विधि से सर्जरी का फैसला किया गया।
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इसके लिए डॉ. रमबीत द्विवेदी और डॉ. अर्चना ने तुरंत खून का इंतजाम किया। फिर छोटा चीरा लगाकर घायल के पेट में दूरबीन डाली गई। दूसरे चीरे से औजार के माध्यम से सरिया को सावधानीपूर्वक निकाला गया। ऑपरेशन के बाद घायल की हालत ठीक है।
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ऑपरेशन करने वाली टीम के सदस्य
प्रो. संदीप तिवारी, डॉ. समीर मिश्रा, डॉ. वैभव जायवाल, डॉ. रमबीत चंद्र द्विवेदी, डॉ. लोकेश कुमार, डॉ. अर्चना सिंह, डॉ. अर्जुन, डॉ. आशुतोष, डॉ. धैर्य, डॉ. अंकित, एनेस्थीसिया विशेषज्ञ-डॉ. नीलकमल, डॉ.नेहा महेश्वरी, डॉ. शैफाली दास, डॉ. शांभवी झा, डॉ. निशा, डॉ. शेरान, डॉ. महेश जायसवाल, डॉ. केविन।