कारोबारी सहूलियत में उन्नाव और कौशांबी लगातार चौथी बार अव्वल, इन जिलों ने सुधारी रैंक
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
व्यवसाय में सहजता की रैंकिंग में ए श्रेणी में उन्नाव 178.12 अंक प्राप्त कर अव्वल रहा है। सिंगल विंडो पोर्टल, निवेश मित्र के माध्यम से दो हजार से अधिक आवेदन प्राप्त करने वाले जिलों में उन्नाव सबसे आगे रहा। दो हजार से कम आवेदन प्राप्त करने वाले जिलों में कौशांबी ने 185.74 अंक प्राप्त कर बी श्रेणी में पहला स्थान प्राप्त किया है।
अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव आलोक कुमार ने बताया कि प्रदेश सरकार ने मई 2020 से सभी 75 जिलों में जिला स्तरीय मासिक ईज ऑफ डूइंग बिजनेस की रैंकिंग शुरू की है। जिलों को व्यवसाय में सहजता के लिए उद्यमियों के आवेदनों की स्वीकृति, लाइसेंस के मासिक निस्तारण, शिकायतों के समाधान और उपयोगकर्ता की संतुष्टि के फीडबैक पर हर महीने रैंकिंग दी जाती है। मई से ही ए श्रेणी में उन्नाव और बी श्रेणी में कौशांबी अग्रणी रहे हैं।
64 जिलों ने सुधारी रैंक
आलोक ने बताया कि अगस्त में 75 में से 64 जिलों ने कारोबारी सहूलियत में अपनी रैंकिंग में सुधार किया है। कानपुर नगर, गोरखपुर, वाराणसी, मेरठ, ललितपुर और सीतापुर सहित 15 से अधिक जिलों ने जुलाई की तुलना में चार से अधिक स्थानों की प्रगति की है।
मासिक उपयोगकर्ता संतुष्टि फीडबैक और शिकायत निस्तारण में वृद्धि राज्य में जमीनी स्तर पर सकारात्मक परिवर्तन के स्पष्ट संकेत हैं। उन्होंने उम्मीद जताई है कि 2021 में बिजनेस रिफॉर्म एक्शन प्लान रैंकिंग में उत्तर प्रदेश उत्कृष्ट प्रदर्शन करेगा। इसमें जिला स्तरीय मासिक ईज ऑफ डूइंग बिजनेस रैंकिंग की विशेष भूमिका होगी।