फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Ram Mandir: No matter how much rain it rains, there will be no waterlogging in Navya Ayodhya, new design will

राम मंदिर: जितनी भी हो बारिश नव्य अयोध्या में अब नहीं होगा जलभराव, आईआईटी रुड़की में बनेगा नया डिजाइन

Sat, 31 Aug 2024 06:51 AM IST
रोहित मिश्र अमर उजाला संवाद, अयोध्या
अमर उजाला संवाद, अयोध्या Published by: रोहित मिश्र Updated Sat, 31 Aug 2024 06:51 AM IST
सार

Ayodhya Ram Temple: बारिश के दिनों में अयोध्या में जलभराव की खबरें आती रही हैं। अब नव्य अयोध्या में जलभराव नहीं होगा। इसके लिए आईआईटी रुड़की में नया प्लान तैयार हो रहा है। 

विज्ञापन
Ram Mandir: No matter how much rain it rains, there will be no waterlogging in Navya Ayodhya, new design will
रामपथ में इस तरह के दृश्य देखने को मिले थे। - फोटो : amar ujala

विस्तार

रामनगरी में 1893 एकड़ में प्रस्तावित नव्य अयोध्या को आकार देने का काम तेज हो गया है। नव्य अयोध्या की डिजाइन आईआईटी रुड़की तैयार कर रही है। अब तक सड़कों, ड्रेनेज व सीवर का डिजाइन फाइनल हो चुका है। सड़कों का काम चल रहा है, जबकि ड्रेनेज व सीवर का डीपीआर भेजा जा चुका है। नव्य अयोध्या का ड्रेनेज सिस्टम इस तरह बनाया जाएगा जिससे मूसलाधार बारिश में भी यहां जलभराव नहीं होगा।

विज्ञापन


मांझा बरहटा, शाहनेवाजपुर, तिहुरा मांझा में अब तक जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है। योजना के लिए 90 प्रतिशत जमीन अधिग्रहीत की जा चुकी है। नव्य अयोध्या को आकार देने का काम तीन चरणों में किया जाएगा। पहले चरण में ड्रेनेज, सड़क, सीवर, बाउंड्रीवाल निर्माण काम प्रगति पर है। 
विज्ञापन


रामायण की थीम पर आधुनिकता के समावेश के साथ विकसित होने वाली इस महत्वाकांक्षी परियोजना में जो निर्माण होंगे वे गुजरात के अहमदाबाद में बनी गिफ्ट सिटी के मानकों पर होंगे। पिछले दिनों आवास विकास विभाग के इंजीनियरों की एक टीम ने गिफ्ट सिटी का दौरा भी किया था। आवास विकास विभाग के अधीक्षण अभियंता पीके सिंह ने बताया कि नव्य अयोध्या का ड्रेनेज गिफ्ट सिटी के मानकों पर होगा। यहां बरसात में पानी नहीं भरेगा, जलभराव की त्वरित निकासी हो सकेगी। नव्य अयोध्या में अब तक सात राज्यों ने जमीन मांगी है। जबकि कई अन्य देशों ने भी नव्य अयोध्या में जमीन के लिए रुचि दिखाई गई।
विज्ञापन
विज्ञापन


इंडोनेशिया ने जमीन लेने की रुचि दिखाई
अधीक्षण अभियंता पीके सिंह ने बताया कि नव्य अयोध्या में अब सात राज्यों ने जमीन मांगी है। उत्तराखंड को 5253 वर्गमीटर जमीन आवंटित की जा चुकी है। गुजरात व महाराष्ट्र को जमीन आवंटित करने की प्रक्रिया चल रही है। इसके अलावा गोवा, मध्यप्रदेश व छत्तीसगढ़ को जमीन देने की कार्रवाई भी आगे बढ़ रही हैं। वहीं इंडोनेशिया व थाईलैंड ने भी नव्य अयोध्या में जमीन लेने की रुचि दिखाई है। श्रीलंका व नेपाल पहले ही जमीन लेने की रुचि दिखा चुके हैं। विदेशी नीति के तहत इन्हें जमीन देने की कार्रवाई आगे बढ़ रही है।


नव्य अयोध्या में भूखंडों की अलग-अलग दरें
नव्य अयोध्या में आवासीय प्लाटों की दर 35,870 रुपये प्रति वर्ग मीटर, व्यावसायिक भूखंडों की बेस दर 71,740 रुपये प्रति वर्ग मीटर और मठ-मंदिरों आदि की 53,805 रुपये प्रति वर्ग मीटर तय है। आवासीय 400 भूखंडों की बिक्री सबसे बाद में की जाएगी। व्यावसायिक भूखंडों की नीलामी करके बेचा जाएगा। सबसे पहले मठ-मंदिरों, धर्मशालाओं, होटल, माॅल, स्कूल, कॉलेज अंतरराष्ट्रीय भवनों, राज्यों के गेस्ट हाउस आदि के लिए जमीन दी जा रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed