नहीं चेते तो दीपावली बाद विस्फोटक होगा प्रदूषण, कई दिनों से 400 के आसपास दर्ज हो रहा है एक्यूआई
हवा में घुलते जहर का सिलसिला यूं ही जारी रहा तो इस बार दीपावली बाद औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 500 के पार दर्ज हो सकता है। यानी कोरोना से जारी जंग के बीच जहरीली हवा हमारे फेफड़ों पर बेहद खराब असर डाल सकती है। फिक्र बढ़ाने वाली बात है कि इस बार अक्तूबर में हवा की सेहत खराब होने का जो सिलसिला शुरू हुआ वह अब भी जारी है। चालू माह में तो औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक 400 के आसपास दर्ज हो रहा है।
आसान शब्दों में समझें बढ़ते खतरे को
आर्द्र हवा ऊपर उठती है तो वह ठंडी होकर संघनित होती है जिससे जलवाष्प बनता है। पर, तापमान गिरने पर हवा बिना ऊपर उठे ही जलवाष्प बनने लगता है जिसे हम कोहरा कहते हैं। धुआं व धूल कणों के साथ मिलने से स्मॉग बन जाता है। जोकि सेहत के लिए बेहद नुकसानदायक है।
इस बार दीपावली 14 नवंबर को है। रविवार को न्यूनतम तापमान 12.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। यानी दीपावली तक तापमान में और गिरावट दर्ज हो सकती है। दो साल के आंकड़ों को देखें तो दीपावली के दूसरे दिन औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक में करीब सौ अंकों का इजाफा हुआ था। ऐसे में बढ़ते प्रदूषण के साथ दीपावली के बाद एक्यूआई 500 के पार जा सकता है।
2018 में भी दीपावली पर बिगड़ी थी हवा
2019 में दीपावली के दूसरे दिन तेजी से बढ़ा एक्यूआई
पिछले साल 27 अक्तूबर को दीपावली मनाई गई थी। इससे पहले हवा की गुणवत्ता सुधरी हुई थी। 26 अक्तूबर की बात करें तो उस दिन शाम चार बजे के आंकड़े के मुताबिक औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक 155 दर्ज हुआ था। दीपावली के दिन दोपहर तक औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक 186 था। दीपावली के अगले दिन यानी 28 अक्तूबर को एक्यूआई बढ़कर 305 हो गया।
कहीं इस बार 500 पार न चला जाए वायु गुणवत्ता सूचकांक
राजधानी में पिछले सालों की तुलना में वायु प्रदूषण पहले से बढ़ा हुआ है। दीपावली के आने से पहले ही एक्यूआई या तो 400 के नजदीक बना हुआ है। कई स्थानों पर तो 400 के ऊपर तक एक्यूआई मिल रहा है। तालकटोरा और लालबाग में लगातार यही हाल है। शुक्रवार को एक्यूआई 447 तक पहुंच गया था। इस दौरान तालकटोरा में एक्यूआई देर शाम 480 तक पहुंचा था। ऐसे में आशंका यह भी है कि दीपावली पर एक्यूआई रिकार्ड 500 पार जा सकता है।
एक्यूआई तो घटा, पर शहर की हवा अब भी बहुत खराब है
हवा की सेहत में रविवार को मामूली सुधार हुआ। रविवार को यह एक्यूआई 392 दर्ज हुआ। हालांकि शुक्रवार को 447 तो शनिवार को 395 दर्ज हुआ था। खतरनाक हवा के पैमाने 400 अंक के पास बने होने से खतरनाक स्तर पर दोबारा पहुंचने की संभावना काफी अधिक बनी हुई है।
तालकटोरा में रविवार को भी एक्यूआई रात को नौ बजे 434 रिकॉर्ड हुआ। शाम के बाद ही यहां एक्यूआई 400 के ऊपर पहुंच गया था। यह हवा का खतरनाक स्तर है। लालबाग में भी एक्यूआई 396 रिकॉर्ड हुआ है। वहीं गोमतीनगर में भी अब फिर से एक्यूआई बढ़ने लगा है। यहां एक्यूआई 346 रिकॉर्ड हुआ है।
प्रदूषण वाले पटाखों से बचें
यूपीपीसीबी के क्षेत्रीय अधिकारी डॉ. राम करन का कहना है कि दीपावली के समय पटाखों का उपयोग बड़ी मात्रा में होता है। ऐसे में वायु प्रदूषण भी पिछले सालों में बढ़ा हुआ मिला था। इसे कम करने का एक ही तरीका है कि वायु प्रदूषण नहीं करने वाले पटाखों का उपयोग किया जाए। यह खुशी और रोशनी का त्योहार है। वायु प्रदूषण को कम रखने में मदद कर इस खुशी को और अधिक बढ़ाया जा सकता है। वायु प्रदूषण को कम करने के लिए भी प्रयास लगातार किए जा रहे हैं