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Lucknow News: एक्सपायरी इंजेक्शन मामले में अफसर लीपापोती में जुटे
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लखनऊ। सरोजनीनगर स्थित कर्मचारी राज्य बीमा निगम अस्पताल में मरीजों के इलाज में हुई घोर लापरवाही मामले में शुक्रवार को अफसर कार्रवाई के बजाय लीपापोती में जुटे रहे। जिन मरीजों को एक्सपायर हो चुका इंजेक्शन चढ़ाया गया था, उन्हें अधूरा इलाज कर डिस्चार्ज किया जा रहा था। इसे लेकर तीमारदारों ने आपत्ति जताई, जिसके बाद डॉक्टरों ने मरीजों को भर्ती रखा।
कर्मचारी राज्य बीमा निगम अस्पताल के महिला वार्ड में बृहस्पतिवार को नर्स ने महिला मरीजों को एक्सपायरी इंजेक्शन सिप्रोफ्लॉक्सीन चढ़ा दिया था, जिसका बैच नंबर 0787 था। इसकी मैनुफैक्चरिंग डेट दिसंबर 2021 और एक्सपायरी डेट नवंबर 2024 दर्ज थी। एक तीमारदार ने इस लापरवाही को पकड़ लिया, जिसके बाद कई तीमारदारों ने स्टाफ से आपत्ति जताई, मगर स्टाफ अपनी घोर लापरवाही को मानने के बजाय तीमारदारों से भिड़ गए। इससे काफी देर तक वार्ड में हंगामा होता रहा।
मामला बढ़ता देख स्टाफ ने एक्सपायर इंजेक्शन हटा दिए थे। महिला मरीज तारा व रीता अवस्थी को एक्सपायर इंजेक्शन चढ़ाए जा चुके थे। शुक्रवार सुबह डॉक्टर मरीजों के बेड पर पहुंचकर उन्हें डिस्चार्ज करने लगे, ताकि लापरवाही पर पर्दा डाला जा सके। तीमारदारों ने एक्सपायर इंजेक्शन चढ़ने के बाद हालत बिगड़ने की बात कही, तब जाकर डॉक्टर भर्ती रखने को तैयार हुए।
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कर्मचारी राज्य बीमा निगम अस्पताल के महिला वार्ड में बृहस्पतिवार को नर्स ने महिला मरीजों को एक्सपायरी इंजेक्शन सिप्रोफ्लॉक्सीन चढ़ा दिया था, जिसका बैच नंबर 0787 था। इसकी मैनुफैक्चरिंग डेट दिसंबर 2021 और एक्सपायरी डेट नवंबर 2024 दर्ज थी। एक तीमारदार ने इस लापरवाही को पकड़ लिया, जिसके बाद कई तीमारदारों ने स्टाफ से आपत्ति जताई, मगर स्टाफ अपनी घोर लापरवाही को मानने के बजाय तीमारदारों से भिड़ गए। इससे काफी देर तक वार्ड में हंगामा होता रहा।
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मामला बढ़ता देख स्टाफ ने एक्सपायर इंजेक्शन हटा दिए थे। महिला मरीज तारा व रीता अवस्थी को एक्सपायर इंजेक्शन चढ़ाए जा चुके थे। शुक्रवार सुबह डॉक्टर मरीजों के बेड पर पहुंचकर उन्हें डिस्चार्ज करने लगे, ताकि लापरवाही पर पर्दा डाला जा सके। तीमारदारों ने एक्सपायर इंजेक्शन चढ़ने के बाद हालत बिगड़ने की बात कही, तब जाकर डॉक्टर भर्ती रखने को तैयार हुए।
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