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तोप के गोले से अधिक प्रेशर से हुआ ब्लास्ट, 140 डिग्री से ज्यादा गर्म थी भाप
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
Updated Thu, 02 Nov 2017 09:50 PM IST
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एनटीपीसी प्लांट की छठी इकाई में 500 मेगावाट की नई यूनिट शुरू हो तो गई थी लेकिन अभी लाइट अप यानी ग्रिड पर बिजली सप्लाई नहीं हो रही थी। सूत्रों के मुताबिक इसके बॉयलर में भाप बनाने की प्रक्रिया में व्यवधान आया।
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जांच में पता चला कि कोयला (चूरे के तौर पर) जलने के लिए अंदर जा नहीं पा रहा था। इससे 20 मीटर ऊंचा ढेर जैसा बन गया। ‘क्लिंकर फार्मेशन’ में करीब 150 मजदूर मरम्मत का काम कर रहे थे।
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मजदूर इस कोयले के ढेर को तोड़ते हैं ताकि चूरे का प्रवाह बॉयलर में बना रहे। इस प्रवाह में व्यवधान होने के चलते बॉयलर में विस्फोट हो गया।
बॉयलर में मौजूद स्टीम बहुत अधिक प्रेशर और तापक्रम के साथ बाहर निकली तो वहां काम करने वालों पर मौत बनकर गिरी।
एक इंजीनियर का कहना है कि विस्फोट के समय भाप का तापक्रम 140 डिग्री से अधिक था। वहीं प्रेशर भी 765 किग्रा प्रति मिमी. स्क्वायर था।
यह इतना अधिक होता है कि 100 मीटर दायरे में किसी के भी चीथड़े उड़ा दे। जब घटना हुई तो करीब 40 मजदूर और कुछ अधिकारी इसके बेहद करीब थे।
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