फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Now shelter homes can be built for stray dogs in the city, city dwellers will get relief

Lucknow News: अब शहर में बन सकते हैं आवारा कुत्तों के लिए शेल्टर होम, मिलेगी शहरवासियों को राहत

Wed, 13 Aug 2025 01:48 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Wed, 13 Aug 2025 01:48 AM IST
विज्ञापन
Now shelter homes can be built for stray dogs in the city, city dwellers will get relief
लखनऊ। आवारा कुत्तों के काटने से आमजन को हो रही परेशान को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने एक मामले की सुनवाई की दौरान शेल्टर होम बनाने का आदेश दिया है। इसके बाद अब अपने शहर में भी नगर निगम शेल्टर होम बना सकता है, क्योंकि इस समय शहर में 1.20 लाख आवारा कुत्ते हैं, जो खतरनाक हैं।
विज्ञापन

नगर निगम के पशु कल्याण अधिकारी डाॅ. अभिनव वर्मा का कहना है कि शहर में इस समय कुत्तोंं की आबादी करीब 1.20 लाख है, जिनमें से साल 2019 से अब तक करीब 95,000 कुत्तोंं की नसंबदी की गई है। खास बात यह है कि जब कुत्तों की नसबंदी शुरू हुई थी, तब उनकी आबादी करीब 70 हजार थी। ऐसे में नसबंदी के बाद भी आबादी बढ़ी है, लेकिन यदि नसबंदी अभियान न चलता तो इस समय आवारा कुत्तोंं की आबादी करीब चार लाख होती है। एक मादा कुत्ता साल में दो बार बच्चे देती है और एक बार में कम से कम छह से 10 तक बच्चे होते हैं। जिसमें से आधे अलग-अलग वजहों से जीवित नहीं रहते हैं, मगर आधे जीवित रहते हैं।
विज्ञापन


इसलिए नहीं लग पा रही रोक

आवारा कुत्तों के काटने और दौड़ाने की घटनाओं में बच्चों और बड़ों दोनों के घायल होने के मामले अक्सर सामने आते हैं। इसके बाद भी इन पर रोक लग नहीं पा रही है, क्योंकि आवारा कुत्तों को पकड़ने पर कानूनी प्रतिबंध है। सिर्फ आबादी नियंत्रण के लिए उनका बंध्याकरण किया जा सकता है। अभी शहर में सिर्फ एक ही एबीसी सेंटर इंदिरानगर के जरहरा में है। यहां हर दिन करीब 50 से 60 कुत्तों की नसबंदी हो पाती है। इस औसत को देखें तो साल में जितनों की नसबंदी होती है, उससे अधिक कुत्ते पैदा होते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


महापौर ने दो महीने कही थी शेल्टर होम बनाने की बात

करीब दो महीने पहले महापौर सुषमा खर्कवाल ने आवारा कुत्तों के लिए शेल्टर होम बनाने जाने की बात कही थी, लेकिन यह भी कहा था उससे पहले पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के प्रावधान देखे जाएंगे। उसके बाद कार्यवाही की जाएगी।


कुत्तों को पकड़ने की बढ़ी मांग
मंगलवार को नगर निगम के कंट्रोल रूम में दोपहर तक अलग-अलग इलाकों से 30 शिकायतें आवारा कुत्तों को पकड़ने के लिए आईं। इस बारे में पशु कल्याण अधिकारी ने कहा कि अभी आवारा कुत्तों का बंध्याकरण किया जा रहा है। कोर्ट के आदेश को लेकर शासन का अभी आदेश नहीं आया है, जैसे ही आएगा, अमल किया जाएगा।

I
I

Iसुप्रीम कोर्ट के आदेश को लेकर शासन जो आदेश करेगा, उस पर अमल किया जाएगा। I

I- गौरव कुमार, नगर आयुक्तI
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article