{"_id":"62475c946d4ba86a0831282f","slug":"now-online-system-will-decide-contractors-lucknow-news-lko6241761167","type":"story","status":"publish","title_hn":"इंजीनियर्स नहीं अब ऑनलाइन सिस्टम तय करेगा ठेकेदार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
इंजीनियर्स नहीं अब ऑनलाइन सिस्टम तय करेगा ठेकेदार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एलडीए में अब कामों के लिए होने वाले टेंडरों में मनमानी और भ्रष्टाचार नहीं चलेगा। इसे रोकने के लिए अब इंजीनियर नहीं बल्कि ऑनलाइन पोर्टल तकनीकी बिड की जांच कर योग्य ठेकेदारों का चुनाव करेगा। इसके बाद ही वित्तीय बिड खोली जाएगी। पीडब्ल्यूडी के मौजूदा प्रहरी पोर्टल से अलग एलडीए का पोर्टल केवल सड़क ही नहीं ग्रुप हाउसिंग, नाला निर्माण, बिजली के काम, पार्क विकास आदि में भी तकनीकी बिड की जांच करने में सक्षम है।
शुक्रवार को एलडीए में प्रजेंटेशन के बाद अब वीसी अक्षय त्रिपाठी ने चुनाव आचार संहिता खत्म होने के बाद इस नए पोर्टल को लागू करने का आदेश दिया है। वीसी ने बताया कि मानवीय हस्तक्षेप खत्म करने के लिए इस पोर्टल को यूपीडेस्को से तैयार कराया गया है। अब 16 अप्रेल तक डमी टेंडर अपलोड कर इसकी फाइनल टेस्टिंग की जाएगी। अभी पोर्टल का नामकरण किया जाना बाकी है। शुक्रवार को प्रजेंटेशन में सचिव पवन गंगवार, मुख्य अभियंता इंदुशेखर सिंह के अलावा अन्य अभियंता मौजूद रहे। एलडीए अधिकारियों का दावा है कि यूपी में पीडब्ल्यूडी के बाद इस तरह का पोर्टल विकसित करने वाला एलडीए दूसरा विभाग बन गया है।
विज्ञापन
शुक्रवार को एलडीए में प्रजेंटेशन के बाद अब वीसी अक्षय त्रिपाठी ने चुनाव आचार संहिता खत्म होने के बाद इस नए पोर्टल को लागू करने का आदेश दिया है। वीसी ने बताया कि मानवीय हस्तक्षेप खत्म करने के लिए इस पोर्टल को यूपीडेस्को से तैयार कराया गया है। अब 16 अप्रेल तक डमी टेंडर अपलोड कर इसकी फाइनल टेस्टिंग की जाएगी। अभी पोर्टल का नामकरण किया जाना बाकी है। शुक्रवार को प्रजेंटेशन में सचिव पवन गंगवार, मुख्य अभियंता इंदुशेखर सिंह के अलावा अन्य अभियंता मौजूद रहे। एलडीए अधिकारियों का दावा है कि यूपी में पीडब्ल्यूडी के बाद इस तरह का पोर्टल विकसित करने वाला एलडीए दूसरा विभाग बन गया है।
विज्ञापन