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Lucknow News: नामित पार्षदों के लिए कोटे की घोषणा नहीं
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लखनऊ। शासन की ओर से 16 मार्च को मनोनीत 10 नामित पार्षदों को महापौर सुषमा खर्कवाल ने सोमवार को शपथ दिलाई और प्रमाणपत्र भी दिए। हालांकि, इन्हें निर्वाचित पार्षदों की तरह विकास कार्य के लिए कोटा दिए जाने की कोई घोषणा नहीं की गई।
नगर निगम मुख्यालय के त्रिलोकनाथ हॉल में आयोजित कार्यक्रम में शपथ लेने वाले नामित पार्षदों में गणेश वर्मा, दीपू जायसवाल, रूपचंद्र अग्रवाल, पंकज बोस, किशन पाल, नेहा सिंह, मधुबाला त्रिपाठी, पुरुषोत्तम पुरी, संतोष बलखंडी और अखिलेश गिरि शामिल रहे। ये सभी भाजपा संगठन से जुड़े हैं। इनमें पूर्व पार्षद संतोष बलखंडी और अखिलेश गिरि शामिल हैं।
प्रावधान के तहत उन्हें नामित पार्षद मनोनीत किया जाना चाहिए, जो नगर निगम अधिनियम के जानकार हों और समाज में जिनका बड़ा योगदान हो, पर ऐसा होता नहीं है। नामित पार्षद नगर निगम सदन में भाग तो ले सकते हैं, पर मतदान की स्थिति में मत नहीं दे सकते हैं। इसी तरह उन्हें विकास कार्य के लिए वार्ड विकास निधि भी आवंटित नहीं होती है। नगर निगम निर्वाचित पार्षदों को 2.10 करोड़ रुपये के विकास कार्य का कोटा आवंटित करता है। वार्ड में उनके सुझाव पर कार्य कराए जाते हैं, पर नामित पार्षदों के मामले में ऐसा नहीं है। कार्यक्रम में नगर आयुक्त गौरव कुमार भी मौजूद रहे।
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नगर निगम मुख्यालय के त्रिलोकनाथ हॉल में आयोजित कार्यक्रम में शपथ लेने वाले नामित पार्षदों में गणेश वर्मा, दीपू जायसवाल, रूपचंद्र अग्रवाल, पंकज बोस, किशन पाल, नेहा सिंह, मधुबाला त्रिपाठी, पुरुषोत्तम पुरी, संतोष बलखंडी और अखिलेश गिरि शामिल रहे। ये सभी भाजपा संगठन से जुड़े हैं। इनमें पूर्व पार्षद संतोष बलखंडी और अखिलेश गिरि शामिल हैं।
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प्रावधान के तहत उन्हें नामित पार्षद मनोनीत किया जाना चाहिए, जो नगर निगम अधिनियम के जानकार हों और समाज में जिनका बड़ा योगदान हो, पर ऐसा होता नहीं है। नामित पार्षद नगर निगम सदन में भाग तो ले सकते हैं, पर मतदान की स्थिति में मत नहीं दे सकते हैं। इसी तरह उन्हें विकास कार्य के लिए वार्ड विकास निधि भी आवंटित नहीं होती है। नगर निगम निर्वाचित पार्षदों को 2.10 करोड़ रुपये के विकास कार्य का कोटा आवंटित करता है। वार्ड में उनके सुझाव पर कार्य कराए जाते हैं, पर नामित पार्षदों के मामले में ऐसा नहीं है। कार्यक्रम में नगर आयुक्त गौरव कुमार भी मौजूद रहे।
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