{"_id":"5c7ae2bcbdec223c5d7e4740","slug":"new-plats-will-be-installed-three-sugar-mills-will-get-extention","type":"story","status":"publish","title_hn":"लगेंगे नए प्लांट, बंद पड़ी तीन सहकारी चीनी मिलों का भी होगा विस्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लगेंगे नए प्लांट, बंद पड़ी तीन सहकारी चीनी मिलों का भी होगा विस्तार
Sun, 03 Mar 2019 01:38 AM IST
Amulya Rastogi
न्यूज डेस्क, अमर उजाला लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला लखनऊ
Published by: Amulya Rastogi
Updated Sun, 03 Mar 2019 01:38 AM IST
विज्ञापन
cm yogi cabinet meeting
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बैठक में फैसला किया गया कि गोरखपुर की बंद पड़ी धुरियापार किसान सहकारी चीनी मिल्स लि. हरपुर-गजपुर की 50 एकड़ जमीन सैकेंड जनरेशन एथानाल प्लांट या फ्यूल प्लांट लगाने के लिए इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन को लीज पर दी जाएगी। इसपर करीब 800 करोड़ रुपये खर्च होंगे। प्लांट के लगने से आसपास के इलाकों में रोजगार के अवसर पैदा होंगे। लीज अवधि खत्म होने के बाद परियोजना जहां है जैसी है, उसी के आधार पर इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन द्वारा उप्र सहकारी चीनी मिल्स संघ को वापस कर दी जाएगी।
पीलीभीत की मझौला चीनी मिल भी चलेगी। कैबिनेट ने पीलीभीत की बंद पड़ी सहकारी चीनी मिल दि किसान को-आपरेटिव शुगर फैक्ट्री व मझोला डिस्टलरी एंड कैमिकल वर्क्स लि. मझोला को इंटीग्रेटेड शुगर काम्पलेक्स के रूप में विकसित करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दे दी। इस परियोजना पर करीब 400 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इससे करीब 8,500 रोजगार सृजित होंगे। साथ ही क्षेत्र के करीब 8000 गन्ना किसान लाभान्वित होंगे। प्रदेश सरकार को विभिन्न प्रकार के शुल्क व ड्रयूटी के रूप में राजस्व भी मिलेगा।
विज्ञापन
पीलीभीत की मझौला चीनी मिल भी चलेगी। कैबिनेट ने पीलीभीत की बंद पड़ी सहकारी चीनी मिल दि किसान को-आपरेटिव शुगर फैक्ट्री व मझोला डिस्टलरी एंड कैमिकल वर्क्स लि. मझोला को इंटीग्रेटेड शुगर काम्पलेक्स के रूप में विकसित करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दे दी। इस परियोजना पर करीब 400 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इससे करीब 8,500 रोजगार सृजित होंगे। साथ ही क्षेत्र के करीब 8000 गन्ना किसान लाभान्वित होंगे। प्रदेश सरकार को विभिन्न प्रकार के शुल्क व ड्रयूटी के रूप में राजस्व भी मिलेगा।
विज्ञापन