घूस के लिए पूड़ीवाले को पीटने वाले चौकी इंचार्ज और सिपाही सस्पेंड
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लखनऊ के नरही क्षेत्र में पूड़ी वाले से हुए विवाद के मामले में जांच के बाद चौकी इंचार्ज अंकित त्रिपाठी और सिपाही नवीन कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया साथ ही सारे चौकी स्टाफ को लाइन हाजिर कर दिया गया है।
एसएसपी राजेश पांडेय ने इस मामले की जांच एसपी पूर्वी को सौंपी थी। प्रथम दृष्टया दोषी पाए जाने पर उनके खिलाफ ये एक्शन लिया गया।
बता दें कि टाइपिस्ट कृष्ण कुमार के साथ बदसुलूकी का कलंक झेल रही हजरतगंज पुलिस ने मंगलवार को पूड़ी का ठेला लगाने वाले रवि कश्यप से बर्बरता की थी। रवि कैसरबाग के घसियारी मंडी में रहता है और 15 दिन से मीराबाई मार्ग पर सेल्स टैक्स ऑफिस के पास पूड़ी का ठेला लगा रहा था।
उसका आरोप है कि पुलिस सड़क पर ठेला लगाने के बदले रोज 200 रुपये देने का दबाव डाल रही थी। रुपये न देने पर पुलिस ने बेरहमी से उसकी पिटाई की। उसकी पत्नी मंजू ने नरही चौकी इंचार्ज अंकित त्रिपाठी और सिपाही नवीन के खिलाफ केस दर्ज कराने के लिए हजरतगंज कोतवाली पुलिस को तहरीर दी है।
बेरहमी से पीटा था पूड़ी वाले को
बकौल रवि, मंगलवार सुबह करीब साढ़े दस बजे नरही चौकी इंचार्ज अंकित त्रिपाठी और सिपाही नवीन उसके पास आये और रुपये की मांग करने लगे। इन्कार करने पर उसे सड़क पर पीटना शुरू कर दिया। यहां मजमा लगने लगा तो पुलिसकर्मी रवि को घसीटते हुए नरही चौकी ले गए और वहां पीटा।
सिर पकड़कर शीशे के दरवाजे पर भिड़ा दिया। कांच टूट गया और टुकड़े रवि के सिर, चेहरे, हाथ व कमर में घुस गए। खून का फव्वारा फूट पड़ा। चौकी के बाहर लोगों की भीड़ लग गई। गुस्साये लोग हंगामा करने लगे।
घबराई पुलिस आनन-फानन रवि को सिविल अस्पताल ले गई। जानकारी पाकर नरही सब्जी मंडी के दुकानदार और कैसरबाग से रवि के परिवारीजन व परिचित अस्पताल आ गए और हंगामा व विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
इस दौरान पुलिसकर्मी रवि को छोड़कर भाग निकले। सीओ हजरतगंज अशोक कुमार वर्मा और इंस्पेक्टर विजयमल यादव फोर्स लेकर सिविल अस्पताल पहुंचे और कार्रवाई का आश्वासन देकर लोगों को शांत कराया।
चौकी में फैला खून धुलवाया, फर्नीचर-दरवाजे पोछे
रवि के शरीर से निकला खून नरही चौकी में चारों तरफ फैल गया। दरवाजे और फर्नीचर पर भी खून ही खून नजर आने लगा।
रवि को अस्पताल में भर्ती कराने के बाद पुलिसकर्मी चौकी पहुंचे और पास स्थित बिल्डिंग के सिक्योरिटी गार्ड्स की मदद से पानी से खून धुलवाया। चौकी और आसपास झाड़ू लगवाई गई। फर्नीचर व दरवाजे पर लगा खून कपड़े से पोछ दिया गया।
रवि को लहूलुहान करने के बाद हजरतगंज पुलिस ने सफाई भी दी थी। हजरतगंज इंस्पेक्टर ने बताया कि पूड़ीवाले ने सड़क पर कब्जा कर रखा था जिससे यातायात बाधित हो रहा था।
सोमवार को चौकी इंचार्ज अंकित उधर से गुजरा तो रवि को चेतावनी दी थी। मंगलवार को वह फिर मीराबाई मार्ग पर गश्त कर रहा था तो रवि का ठेला दिख गया। चौकी इंचार्ज ने उसे ठेला हटाने के लिए कहा तो वह भिड़ गया। पुलिस पर हमला कर दिया।
चौकी इंचार्ज का कॉलर पकड़कर हाथापाई की। भीड़ जुट गई तो चौकी इंचार्ज उसे पकड़कर नरही चौकी ले आए। यहां रवि ने हंगामा शुरू कर दिया और खुद ही अपना सिर शीशे के दरवाजे से भिड़ा दिया। शीशा टूटकर रवि के शरीर पर लगा जिससे वह घायल हो गया।