{"_id":"5e7c1d4b8ebc3e711a36c0ad","slug":"more-than-one-lakh-masks-made-in-10-days-in-jails-at-lucknow","type":"story","status":"publish","title_hn":"सूबे की जेलों में 10 दिन बने सवा लाख मास्क, अब सैनिटाइजर बनाने की तैयारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सूबे की जेलों में 10 दिन बने सवा लाख मास्क, अब सैनिटाइजर बनाने की तैयारी
Thu, 26 Mar 2020 08:41 AM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: शाहरुख खान
Updated Thu, 26 Mar 2020 08:41 AM IST
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pixabay
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोरोना वायरस से बचाव के लिए प्रदेश की जेलों में 10 दिनों में लगभग सवा लाख मास्क बनाए गए हैं। डीजी जेल आनंद कुमार ने बताया कि यूपी की 71 में से 63 जेलों में मास्क बनाए जाने का काम तेजी से चल रहा है।
जेल में बंद कैदियों और जेल कर्मियों के लिए मास्क बनाने का काम पूरा हो चुका है। अब इसे सरकारी व गैर सरकारी संगठनों को भी लागत के मूल्य पर उपलब्ध कराया जाएगा।डीजी जेल ने बताया कि यह एक रिकार्ड है कि जब मास्क की सबसे अधिक आवश्यकता है, उस समय जेल में बंद कैदियों ने बड़ी संख्या में मास्क बनाए हैं।
उन्होंने कहा कि इतने कम समय में सवा लाख से अधिक मास्क तैयार करना आसान काम नहीं है। परीक्षा की इस घड़ी में जो योगदान जेल के बंदियों ने दिया है, उसके लिए हम उन्हें सैल्यूट करते हैं।
विज्ञापन
बंदियों ने यह काम तब किया है जब उनके पास इसका कोई अनुभव नहीं था। उन्होंने बताया कि मास्क के अलावा अब सैनिटाइजर और कोरोना से बचाव के लिए उपयोग होने वाले दूसरे उत्पाद भी बनाए जाने पर भी जोर दिया जा रहा है।
विज्ञापन
जेल में बंद कैदियों और जेल कर्मियों के लिए मास्क बनाने का काम पूरा हो चुका है। अब इसे सरकारी व गैर सरकारी संगठनों को भी लागत के मूल्य पर उपलब्ध कराया जाएगा।डीजी जेल ने बताया कि यह एक रिकार्ड है कि जब मास्क की सबसे अधिक आवश्यकता है, उस समय जेल में बंद कैदियों ने बड़ी संख्या में मास्क बनाए हैं।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि इतने कम समय में सवा लाख से अधिक मास्क तैयार करना आसान काम नहीं है। परीक्षा की इस घड़ी में जो योगदान जेल के बंदियों ने दिया है, उसके लिए हम उन्हें सैल्यूट करते हैं।
विज्ञापन
बंदियों ने यह काम तब किया है जब उनके पास इसका कोई अनुभव नहीं था। उन्होंने बताया कि मास्क के अलावा अब सैनिटाइजर और कोरोना से बचाव के लिए उपयोग होने वाले दूसरे उत्पाद भी बनाए जाने पर भी जोर दिया जा रहा है।