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Lucknow News: मन की सेहत अब पढ़ाई का हिस्सा, भाषा विवि में शुरू होंगी वेलनेस कक्षाएं
Sun, 22 Feb 2026 02:14 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
Updated Sun, 22 Feb 2026 02:14 AM IST
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मानसिक स्वास्थ्य संवर्धन के लिए भाषा विवि ने किए दो एमओयू। मौके पर मौजूद कुलपति प्रो. अजय तनेजा
लखनऊ। पढ़ाई के साथ अब विद्यार्थियों के मन और मानसिक संतुलन को भी प्राथमिकता दी जाएगी। राजधानी के ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय (केएमसीएलयू) में स्नातक और परास्नातक विद्यार्थियों के लिए निशुल्क मानसिक स्वास्थ्य संवर्धन कक्षाएं शुरू की जाएंगी। इस दिशा में विश्वविद्यालय ने मानसिक शक्ति फाउंडेशन तथा फ्रीडम फ्रॉम पॉवर्टी ट्रस्ट इंडिया व कनाडा के साथ समझौता ज्ञापन (एमओयू) किया है।
विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित कार्यशाला के माध्यम से इस पहल की शुरुआत हुई, जिसमें विशेषज्ञों, शिक्षकों और विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम में मानसिक स्वास्थ्य के महत्व, अवसाद की शुरुआती पहचान, आत्महत्या रोकथाम के उपाय और स्वस्थ कैंपस वातावरण तैयार करने पर विस्तार से चर्चा हुई। विद्यार्थियों ने खुलकर सवाल पूछे और विशेषज्ञों ने व्यवहारिक समाधान साझा किए।
कुलपति प्रो. अजय तनेजा ने बताया कि इस साझेदारी के माध्यम से परिसर और समाज दोनों स्तरों पर मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम चलाए जाएंगे। डिजिटल मानसिक स्वास्थ्य स्क्रीनिंग, जागरूकता अभियान, कार्यशालाएं, सेमिनार, शोध परियोजनाएं, छात्र इंटर्नशिप और कौशल विकास कार्यक्रम नियमित रूप से आयोजित किए जाएंगे।
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समझौते के तहत संयुक्त शोध, फील्ड सर्वे, डेटा विश्लेषण, थीसिस सहयोग और अकादमिक प्रकाशनों को भी बढ़ावा मिलेगा। साथ ही विद्यार्थियों के लिए परामर्श तंत्र, रेफरल प्रणाली और सतत कैंपस वेलनेस फ्रेमवर्क विकसित कर मानसिक रूप से स्वस्थ शैक्षणिक माहौल तैयार करने की दिशा में काम किया जाएगा।
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विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित कार्यशाला के माध्यम से इस पहल की शुरुआत हुई, जिसमें विशेषज्ञों, शिक्षकों और विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम में मानसिक स्वास्थ्य के महत्व, अवसाद की शुरुआती पहचान, आत्महत्या रोकथाम के उपाय और स्वस्थ कैंपस वातावरण तैयार करने पर विस्तार से चर्चा हुई। विद्यार्थियों ने खुलकर सवाल पूछे और विशेषज्ञों ने व्यवहारिक समाधान साझा किए।
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कुलपति प्रो. अजय तनेजा ने बताया कि इस साझेदारी के माध्यम से परिसर और समाज दोनों स्तरों पर मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम चलाए जाएंगे। डिजिटल मानसिक स्वास्थ्य स्क्रीनिंग, जागरूकता अभियान, कार्यशालाएं, सेमिनार, शोध परियोजनाएं, छात्र इंटर्नशिप और कौशल विकास कार्यक्रम नियमित रूप से आयोजित किए जाएंगे।
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समझौते के तहत संयुक्त शोध, फील्ड सर्वे, डेटा विश्लेषण, थीसिस सहयोग और अकादमिक प्रकाशनों को भी बढ़ावा मिलेगा। साथ ही विद्यार्थियों के लिए परामर्श तंत्र, रेफरल प्रणाली और सतत कैंपस वेलनेस फ्रेमवर्क विकसित कर मानसिक रूप से स्वस्थ शैक्षणिक माहौल तैयार करने की दिशा में काम किया जाएगा।