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युवक ने दीवारों पर सुसाइड नोट लिख लगाई फांसी, इन पर लगाए आरोप
Mon, 06 Jul 2020 05:32 PM IST
ishwar ashish
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Mon, 06 Jul 2020 05:32 PM IST
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- फोटो : amar ujala
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लखनऊ में कृष्णानगर थाना क्षेत्र के भोलाखेड़ा निवासी 30 वर्षीय संजय पाल ने फांसी लगाकर जान दे दी। संजय ने अपनी खुदकुशी के लिए तीन बहनों और भांजे को दोषी बताते हुए सभी के खिलाफ उसने घर की दीवारों और शृंगारदान के शीशे पर सुसाइड नोट लिख दिया। मृतक की पत्नी ने थाने में तहरीर दी। पुलिस जांच के बाद केस दर्ज करने की बात कह रही है।
- फोटो : amar ujala
प्रभारी निरीक्षक कृष्णानगर धीरेंद्र उपाध्याय के मुताबिक, भोला खेड़ा में रहने वाले गुरु प्रसाद पाल के बेटे संजय पाल का शव रविवार सुबह मकान के पहली मंजिल पर बने कमरे में दुपट्टे के फंदे के सहारे पंखे से लटकता मिला। मृतक ने मरने से पहले घर की दीवारों, शृंगारदान के आईने पर अपनी तीन बहनों व भांजों पर प्रताड़ना करने का आरोप लगाते हुए सुसाइड नोट लिखा।
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मृतक का भाई जितेंद्र व तीन बहनें मंजू, सुमन व सरिता हैं। मंजू अपने दो बेटों व पति संग भोला खेड़ा में पिता के मकान में रहती है, जबकि दो बहनों में सुमन भोपाल में रहती है। वहीं छोटी अविवाहित बहन सरिता अपने पिता संग भोपाल में रहती है।
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सुसाइड
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मृतक की पत्नी रेखा ने बताया, उसका पति भोपाल में होटल में नौकरी करता था। जनवरी में पति संग लखनऊ आई थी और लॉकडाउन में फंस गए थे। संजय की तीनों बहनें लखनऊ में मकान बनाने को ससुराल से पांच लाख रुपये मांगने का दबाव बना रही थीं।
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अब सहा नहीं जा रहा
संजय ने दीवारों पर सुसाइड नोट में लिखा कि मेरी मौत का जिम्मेदार मेरा परिवार है। परिवार के कई सदस्यों के नाम लिखे। उसके बाद लिखा कि इन सब का कॉल डिटेल निकाला जाए। मुझे बहुत परेशान किया गया। अब सहा नहीं जा रहा। थाना प्रभारी से मांग की कि मेरा शव मेरी बीवी को दे दें। मेरा परिवार पैसे का भूखा है। मैं तो मर रहा हूं, इनको सजा मिले।
संजय ने दीवारों पर सुसाइड नोट में लिखा कि मेरी मौत का जिम्मेदार मेरा परिवार है। परिवार के कई सदस्यों के नाम लिखे। उसके बाद लिखा कि इन सब का कॉल डिटेल निकाला जाए। मुझे बहुत परेशान किया गया। अब सहा नहीं जा रहा। थाना प्रभारी से मांग की कि मेरा शव मेरी बीवी को दे दें। मेरा परिवार पैसे का भूखा है। मैं तो मर रहा हूं, इनको सजा मिले।