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एलयू ने रोक दी वेबसाइट अपडेट न करने वाले कॉलेजों की फाइल
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
Updated Thu, 24 Aug 2017 04:21 PM IST
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लखनऊ विश्वविद्यालय
- फोटो : amar ujala
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कॉलेजों द्वारा अपनी वेबसाइट अपडेट नहीं करने से लखनऊ विश्वविद्यालय ने बैचलर ऑफ एलीमेंट्री एजुकेशन (बीएलएड) की 28 से 30 अगस्त के बीच होने वाली काउंसलिंग स्थगित कर दी है।
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इससे पहले सोमवार को डीन सीडीसी ने 11 कॉलेजों की मान्यता की फाइल वेबसाइट अपडेट न होने की वजह से रोक दी।
इनमें से तीन कॉलेजों को कार्य परिषद से बीएलएड की मान्यता मिल चुकी थी लेकिन फाइल रुकने से इन्हें मान्यता प्रमाणपत्र नहीं मिला है।
सीडीसी ने इन्हें वेबसाइट अपडेट करने के लिए 30 अगस्त तक का समय दिया है। इसलिए अब 30 अगस्त के बाद ही काउंसलिंग के आसार है।
राजभवन और शासन के निर्देश का पालन करते हुए एलयू ने सभी कॉलेजों को उनकी वेबसाइट पर पूरी तरह से अपडेट करने का आदेश दिया है।
कॉलेजों को वेबसाइट पर प्रिंसिपल का नाम, प्रिंसिपल का मोबाइल नंबर, कॉलेज लोगो, शिक्षकों के नाम उनके मोबाइल नंबर और फोटोग्राफ, पाठ्यक्रम, पाठ्यक्रमों में सीट संख्या का विवरण देना अनिवार्य है।
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राजभवन ने निजी कॉलेजों में शिक्षकों के अनुमोदन और सीटों को लेकर होने वाले फर्जीवाड़े को देखते हुए यह आदेश जारी किया है। लविवि ने सभी सहयुक्त डिग्री कॉलेजों को वेबसाइट पर ब्यौरा अपलोड करने के लिए 30 जुलाई तक का समय दिया गया था।
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इस अवधि के बाद कॉलेज द्वारा भेजे गए किसी भी पत्र पर विचार नहीं करने की बात कही गई थी। कई कॉलेजों ने इस पर ध्यान नहीं दिया। ऐसे में विवि ने तीन कॉलेजों की फाइल रोक दी है।
इन कॉलेजों ने नए कोर्स के लिए आवेदन किया है। इनमें श्री दुर्गा शिक्षा निदेशक डिग्री कॉलेज गोमतीनगर, जीएसआरएम मेमोरियल कॉलेज, और श्री दुर्गा शिक्षा निकेतन पीजी कॉलेज का नाम भी शामिल है।
इन कॉलेजों को कार्य परिषद से बीएलएड की मान्यता मिल चुकी है। अब फाइल रुकने की वजह से इनका प्रमाण पत्र जारी नहीं हो पा रहा है।
पहली बार नजर आई सख्ती
एलयू में अभी तक वेबसाइट अपडेट करने के लिए केवल कागजी निर्देश ही जारी किए थे। पहली बार सख्ती का असर देखने को मिला है। कुलसचिव का आदेश होने की वजह से बिना वेबसाइट अपडेट किए कोई भी फाइल नहीं बढ़ेगी।
इस साल से राजधानी के 13 डिग्री कॉलेजों में 50 सीट के हिसाब से कुल 650 सीट हैं। तीन कॉलेजों की मान्यता प्रमाणपत्र पर स्थिति 30 अगस्त के बाद ही साफ हो सकती है। बाकी 10 कॉलेजों की काउंसलिंग के बाद दोबारा काउंसलिंग कराना काफी मुश्किल होगा।
इस साल से राजधानी के 13 डिग्री कॉलेजों में 50 सीट के हिसाब से कुल 650 सीट हैं। तीन कॉलेजों की मान्यता प्रमाणपत्र पर स्थिति 30 अगस्त के बाद ही साफ हो सकती है। बाकी 10 कॉलेजों की काउंसलिंग के बाद दोबारा काउंसलिंग कराना काफी मुश्किल होगा।
शिक्षकों की स्थिति में आएगा सुधार
डिग्री कॉलेज के विद्यार्थियों को एलयू की डिग्री के साथ ही अच्छी शिक्षा मिले इसलिए मान्यता के समय शिक्षकों का अनुमोदन किया जाता है। अनुमोदन न होने की सूरत में कॉलेज को मान्यता नहीं दी जाती है।
अनुमोदन के बाद शिकायतें मिल रही हैं कि कॉलेज उपयुक्त शिक्षकों का अनुमोदन करा लेते हैं, लेकिन बाद में कम वेतन पर अनुपयुक्त शिक्षकों से पढ़ाई करवाते हैं। ब्योरा ऑनलाइन न होने से स्टूडेंट्स को जानकारी नहीं होती। इसे रोकने लिए ब्यौरा ऑनलाइन करने के निर्देश दिए गए हैं।
अनुमोदन के बाद शिकायतें मिल रही हैं कि कॉलेज उपयुक्त शिक्षकों का अनुमोदन करा लेते हैं, लेकिन बाद में कम वेतन पर अनुपयुक्त शिक्षकों से पढ़ाई करवाते हैं। ब्योरा ऑनलाइन न होने से स्टूडेंट्स को जानकारी नहीं होती। इसे रोकने लिए ब्यौरा ऑनलाइन करने के निर्देश दिए गए हैं।