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Lucknow News: केजीएमयू के गैस्ट्रो गेस्ट्रोमेडिसिन विभाग में बेड की संख्या होगी दोगुनी
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केजीएमयू के गैस्ट्रो गेस्ट्रोमेडिसिन विभाग में बेड की संख्या होगी दोगुनी
- विभाग में अब 40 बेड पर होगी भर्ती, चार बेड का आईसीयू भी होगा शुरू, राहत
माई सिटी रिपोर्टर
लखनऊ। केजीएमयू के गैस्ट्रो मेडिसिन विभाग में अब मरीजाें को भर्ती के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा। विभाग में बेड की क्षमता अगले साल से दो गुनी हो
जाएगी। इसके अलावा आईसीयू भी संचालित होगा। अति गंभीर मरीजों को आईसीयू के लिए दूसरे विभाग नहीं जाना पड़ेगा।
केजीएमयू के शताब्दी भवन एक में छठे तल पर गैस्ट्रोमेडिसिन विभाग का संचालन हो रहा है। प्रदेश भर से पेट की गंभीर बीमारी लेकर मरीज आ रहे हैं। विभाग
में पांच डॉक्टर हैं। इसमें बॉड पर तैनात किए गए डॉक्टर भी शामिल हैं। विभाग में अभी 20 बेड पर मरीजों की भर्ती हो रही है। अधिकतर बेड भरे रहते हैं। इससे मरीजों को बेड के लिए इंतजार करना पड़ता था। गैस्ट्रो मेडिसिन
विभाग के अध्यक्ष डॉ. सुमित रुंगटा ने बताया कि मरीजों की सुविधा के लिए बेड की संख्या दोगुनी की जा रही है। नए साल पर विभाग में 40 बेड का संचालन
होगा। साथ ही चार बेड का आईसीयू भी शुरू होगा। जिसमें दो बेड वेंटिलेटर के होंगे ताकि जरूरत पड़ने पर गंभीर मरीजों का विभाग में पूरा इलाज मिल सके।
उन्होंने बताया कि विभाग में एंडोस्कोप, क्लोनोस्कोप समेत दूसरी जांच की सुविधा है। केजीएमयू प्रवक्ता डॉ. केके सिंह ने बताया कि अभी छठे तल पर स्पोर्टस मेडिसिन विभाग का संचालन हो रहा था। यह विभाग सुपर स्पेशियालिटी आर्थोपैडिक्स भवन में शिफ्ट हो गया है। ऐसे में शताब्दी भवन का छठवें तल का आधा हिस्सा खाली हो गया है। इसमें अब गैस्ट्रोमेडिसिन विभाग का विस्तार किया जाएगा।
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- विभाग में अब 40 बेड पर होगी भर्ती, चार बेड का आईसीयू भी होगा शुरू, राहत
माई सिटी रिपोर्टर
लखनऊ। केजीएमयू के गैस्ट्रो मेडिसिन विभाग में अब मरीजाें को भर्ती के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा। विभाग में बेड की क्षमता अगले साल से दो गुनी हो
जाएगी। इसके अलावा आईसीयू भी संचालित होगा। अति गंभीर मरीजों को आईसीयू के लिए दूसरे विभाग नहीं जाना पड़ेगा।
केजीएमयू के शताब्दी भवन एक में छठे तल पर गैस्ट्रोमेडिसिन विभाग का संचालन हो रहा है। प्रदेश भर से पेट की गंभीर बीमारी लेकर मरीज आ रहे हैं। विभाग
में पांच डॉक्टर हैं। इसमें बॉड पर तैनात किए गए डॉक्टर भी शामिल हैं। विभाग में अभी 20 बेड पर मरीजों की भर्ती हो रही है। अधिकतर बेड भरे रहते हैं। इससे मरीजों को बेड के लिए इंतजार करना पड़ता था। गैस्ट्रो मेडिसिन
विभाग के अध्यक्ष डॉ. सुमित रुंगटा ने बताया कि मरीजों की सुविधा के लिए बेड की संख्या दोगुनी की जा रही है। नए साल पर विभाग में 40 बेड का संचालन
होगा। साथ ही चार बेड का आईसीयू भी शुरू होगा। जिसमें दो बेड वेंटिलेटर के होंगे ताकि जरूरत पड़ने पर गंभीर मरीजों का विभाग में पूरा इलाज मिल सके।
उन्होंने बताया कि विभाग में एंडोस्कोप, क्लोनोस्कोप समेत दूसरी जांच की सुविधा है। केजीएमयू प्रवक्ता डॉ. केके सिंह ने बताया कि अभी छठे तल पर स्पोर्टस मेडिसिन विभाग का संचालन हो रहा था। यह विभाग सुपर स्पेशियालिटी आर्थोपैडिक्स भवन में शिफ्ट हो गया है। ऐसे में शताब्दी भवन का छठवें तल का आधा हिस्सा खाली हो गया है। इसमें अब गैस्ट्रोमेडिसिन विभाग का विस्तार किया जाएगा।
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